{"_id":"5f58a6e573263c3d58103c53","slug":"sharad-pawar-says-importance-being-given-to-kangana-ranaut-statement-without-reason","type":"story","status":"publish","title_hn":"कंगना के दफ्तर में तोड़फोड़ पर बोले पवार, बिना वजह उनके बयान को दिया जा रहा महत्व","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
कंगना के दफ्तर में तोड़फोड़ पर बोले पवार, बिना वजह उनके बयान को दिया जा रहा महत्व
Wed, 09 Sep 2020 03:28 PM IST
अनवर अंसारी
पीटीआई, मुंबई
पीटीआई, मुंबई
Published by: अनवर अंसारी
Updated Wed, 09 Sep 2020 03:28 PM IST
विज्ञापन
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ बीएमसी की कार्रवाई को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) ने गैर जरूरी बताया है। एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने बुधवार को अभिनेत्री कंगना रनौत का नाम लिए बिना कहा कि उनके बयानों को अनुचित महत्व दिया जा रहा है। पवार ने कहा कि लोग उनकी टिप्पणियों को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि इस सप्ताह के शुरू में मिली धमकी को वह गंभीरता से नहीं लेते हैं।
विज्ञापन
पवार ने संवाददाताओं से कहा, हम ऐसे बयान देने वालों को अनुचित महत्व दे रहे हैं। हमें देखना होगा कि लोगों पर इस तरह के बयानों का क्या प्रभाव पड़ता है। उन्होंने कहा, मेरी राय में, लोग (ऐसे बयानों को) गंभीरता से नहीं लेते हैं।
विज्ञापन
पवार ने कहा कि महाराष्ट्र और मुंबई के लोगों को राज्य और नगर की पुलिस के काम के संबंध में वर्षों का अनुभव है। उन्होंने कहा, वे (लोग) पुलिस के काम को जानते हैं। इसलिए हमें इस पर ध्यान देने की जरूरत नहीं है कि कोई क्या कहता है।
विज्ञापन
हाल ही में मिली धमकी के बारे में पूछे जाने पर पवार ने कहा, मुझे अभी-अभी धमकी भरे कॉल का रिकॉर्ड दिया गया है और कॉल कहां से किए गए थे। विगत में भी मुझे कॉल आए हैं। हम इसे गंभीरता से नहीं लेते हैं।
एनसीपी से पहले भाजपा भी कंगना के खिलाफ कार्रवाई को गैर जरूरी करार दे चुकी है। गौरतलब है कि महाराष्ट्र में शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस की गठबंधन सरकार है। वहीं, बीएमसी पर शिवसेना का कब्जा है।
कंगना रनौत के वकील रिजवान सिद्दीकी ने कहा कि बीएमसी द्वारा दिया गया नोटिस अवैध है और वे अवैध रूप से परिसर में दाखिल हुए। परिसर में कोई काम नहीं चल रहा था। कंगना के वकील ने कहा कि बीएमसी इमारत को उनके जवाब को अस्वीकर करने से पहले ही तोड़ने के लिए तैयार थी।