फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rajiv Gandhi assassination Files of all convicts on release sent to President in January 2021 AG tells Madras High Court

राजीव गांधी की हत्या: महाधिवक्ता ने हाईकोर्ट को बताया, 2021 में राष्ट्रपति को भेज दी गई थीं सभी दोषियों की फाइलें

Thu, 21 Apr 2022 06:49 PM IST
गौरव पाण्डेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई Published by: गौरव पाण्डेय Updated Thu, 21 Apr 2022 06:49 PM IST
सार

राजीव गांधी की मई 1991 में श्रीपेरुंबदूर में एक आत्मघाती बम हमले में मौत हो गई थी। इस मामले में उम्र कैद की सजा काट रहे सात दोषी मुरुगन, संतन, एजी पेररिवलन, जयकुमार, रॉबर्ट पायस, रविचंद्रन और नलिनी हैं।

विज्ञापन
Rajiv Gandhi assassination Files of all convicts on release sent to President in January 2021 AG tells Madras High Court
मद्रास हाईकोर्ट - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के मामले में समय पूर्व रिहाई की मांग कर रहे सभी सातों दोषियों की फाइलें तमिलनाडु के राज्यपाल ने 27 जनवरी 2021 को राष्ट्रपति के पास भेज दी थीं। यह जानकारी महाधिवक्ता आर शनमुगसुंदरम ने गुरुवार को मद्रास हाईकोर्ट को दी। महाधिवक्ता ने यह बात तब कही जब सात आरोपियों में से एक नलिनी श्रीहरन की ओर से रिहाई की मांग करने वाली एक रिट याचिका राज्यपाल की अनुमति के बिना आगे की सुनवाई के लिए आई। 

विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश एमएन भंडारी और न्यायाधीश डी भारत चक्रवर्ती की पीठ मामले की सुनवाई कर रही है। महाधिवक्ता की ओर से यह जानकारी पीठ की ओर से पिछले सप्ताह उठाए गए एक सवाल पर दी। नलिनी इस समय वेल्लोर में महिलाओं के लिए विशेष कारावास में उम्र कैद की सजा काट रही हैं।
विज्ञापन


वर्तमान में वह राज्य सरकार की ओर से पेश की गई एक महीने की पैरोल पर बाहर हैं। पीठ ने मामले की सुनवाई की अगली तारीख 25 अप्रैल तय कर दी और महाधिवक्ता को यह तय करने का निर्देश दिया कि क्या नलिनी को टाडा अधिनियम के तहत सजा दी गई है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


सितंबर 2018 में अन्नाद्रमुक कैबिनेट ने एक प्रस्ताव पारित किया था और सिफारिशों के लिए तत्कालीन राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित के पास भेजा था। इसमें संविधान की धारा 161 के तहत सभी सातों दोषियों की समय पूर्व रिहाई का प्रावधान किया गया था। राज्यपाल की ओर से कोई प्रतिक्रिया न मिलने पर नलिनी और अन्य ने अपनी याचिकाओं पर विचार करने के अनुरोध के साथ हाईकोर्ट में कई आवेदन दायर किए थे। लेकिन हाईकोर्ट ने इन सबको खारिज कर दिया था।


इसके बाद नलिनी ने वर्तमान रिट याचिका दाखिल की है जिसमें अदालत ने अनुरोध किया गया है कि उन्हें बिना राज्यपाल की अनुमति के जेल से रिहा किया जाए। इस मामले में उम्र कैद की सजा काट रहे सात दोषी मुरुगन, संतन, एजी पेररिवलन, जयकुमार, रॉबर्ट पायस, रविचंद्रन और नलिनी हैं। राजीव गांधी की मई 1991 में श्रीपेरुंबदूर में एक आत्मघाती बम हमले में मौत हो गई थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed