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Railways: आईएएस-आईपीएस की तर्ज पर अधीनस्थों की राय पर होगा रेलवे अफसरों का प्रमोशन, इसी साल से होगा लागू
Sun, 21 Aug 2022 05:49 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Sun, 21 Aug 2022 05:49 AM IST
सार
रेलवे बोर्ड ने 18 अगस्त को जारी एक पत्र में कहा है कि वार्षिक प्रदर्शन मूल्यांकन रिपोर्ट (एपीएआर) तैयार करते समय अधिकारियों का मल्टीसोर्स फीडबैक लेने का निर्णय किया है।
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रेलवे
- फोटो : pti
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विस्तार
आईएएस, आईपीएस अधिकारियों की मूल्यांकन प्रणाली की तर्ज पर अब रेलवे भी ऐसी प्रक्रिया शुरू करने जा रहा है। इस प्रक्रिया के तहत रिपोर्टिंग अधिकारियों का मूल्यांकन उनके साथी और अधीनस्थ अधिकारी कर सकेंगे। इस पूरी प्रक्रिया को गोपनीय रखा जाएगा। यह व्यवस्था 2022-23 से ही लागू होगी।
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रेलवे बोर्ड ने 18 अगस्त को जारी एक पत्र में कहा है कि वार्षिक प्रदर्शन मूल्यांकन रिपोर्ट (एपीएआर) तैयार करते समय अधिकारियों का मल्टीसोर्स फीडबैक लेने का निर्णय किया है। इस फीडबैक का डाटाबेस बनाने के लिए रेलवे ने अपने सिस्टम में एक ऑनलाइन लिंक बनाया है। पत्र में बताया कि प्रत्येक अधिकारी के लिए हर साल उसके रिपोर्टिंग अफसर और अधीनस्थों को एक लिंक भेजा जाएगा।
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फीडबैक को अधिकारी के डाटाबेस में गुप्त रूप से दर्ज किया जाएगा। अधिकारी के बारे में किसने क्या फीडबैक दिया यह पता करने का कोई तरीका नहीं होगा। आदेश में सभी अधिकारियों से बिना किसी पूर्वाग्रह के निष्पक्ष टिप्पणी एवं ग्रेडिंग देने का अनुरोध किया गया है।
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प्रोन्नति की इस नई प्रक्रिया के बारे में रेलवे अधिकारियों के एक समूह ने कहा कि इससे भारतीय रेलवे की कार्य संस्कृति में न सिर्फ फर्क पड़ेगा बल्कि कुछ अधिकारियों की स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (वीआरएस) का रास्ता भी तैयार होगा। एक अधिकारी ने कहा कि इस एपीएआर के लिए करीब 20,000 अधिकारी निगरानी के दायरे में आएंगे।