फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rafale fighter jet would be taking part in the Air Force Day parade for the first time on 8th October

आठ अक्तूबर को वायु सेना दिवस की परेड में पहली बार शामिल होगा राफेल लड़ाकू विमान

Sat, 03 Oct 2020 05:00 PM IST
देव कश्यप न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Sat, 03 Oct 2020 05:00 PM IST
विज्ञापन
Rafale fighter jet would be taking part in the Air Force Day parade for the first time on 8th October
राफेल एयरक्राफ्ट - फोटो : Amar Ujala

राफेल लड़ाकू विमान की गर्जना एक बार फिर देश के दुश्मनों की नींद उड़ाने वाली है। राफेल लड़ाकू विमान एक बार फिर उड़ान भरने वाले हैं। भारतीय वायुसेना आठ अक्तूबर, 2020 को अपनी 88वीं वर्षगांठ पूरे गर्व से मनाएगी।

विज्ञापन


इस अवसर पर हिंडन (गाजियाबाद) स्थित वायु सैनिक अड्डे पर वायुसेना दिवस परेड एवं अलंकरण समारोह का आयोजन किया जाएगा। इस दिन राफेल लड़ाकू विमान वायु सेना की परेड में हिस्सा लेंगे। पांच राफेल लड़ाकू विमानों को आधिकारिक रूप से 10 सितंबर को अंबाला (हरियाणा) में भारतीय वायु सेना में शामिल किया गया था।
विज्ञापन



भारतीय वायु सेना के मुताबिक, राफेल 4.5 पीढ़ी का लड़ाकू विमान है, ट्विन-इंजन ओम्नीरोल, एयर वर्चस्व, अंतर्विरोध, हवाई टोही, जमीनी समर्थन, गहराई में प्रहार, जहाज-रोधी और परमाणु निवारक लड़ाकू विमान, हथियारों की एक विस्तृत श्रृंखला से लैस है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

 

 


बता दें कि 29 जुलाई को फ्रांस से पांच राफेल विमान भारत आए थे। भारतीय वायुसेना में राफेल के शामिल होने से सबसे ज्यादा चिंता हमारे पड़ोसी देशों पाकिस्तान और चीन को ही हो रही है। दुनिया के सबसे बेहतरीन लड़ाकू विमानों में से एक राफेल भारतीय सेना की ताकत को मजबूत करेंगे।

चीन के साथ जारी तनाव के बीच राफेल का भारत आना महत्वपूर्ण है। यह बहुप्रतीक्षित विमान चीन और पाकिस्तान के लड़ाकू विमानों से हर स्तर पर बेहतर हैं। राफेल विमान पहले ही लद्दाख क्षेत्र में उड़ान भर चुके हैं और उन इलाकों से वाकिफ हो चुके हैं, जहां राफेल विमानों को उड़ाया जाना है। राफेल विमानों में तीन सिंगल सीटर और दो डबल सीटर की उपलब्धता है।

राफेल में हवा से हवा में मारक, हवा से जमीन स्काल्प (SCALP) और हैमर मिसाइल जैसी सुविधाएं हैं। फ्रांस से भारत में 36 राफेल विमान आएंगे, जिनकी कीमत 60,000 करोड़ रुपये है। इसे अब तक की सबसे बड़ा रक्षा सौदा माना जा रहा है, इस सौदे का ज्यादातर भुगतान किया जा चुका है।



इस रक्षा सौदे पर सितंबर 2016 में हस्ताक्षर किए गए थे, उस समय मनोहर परिकर देश के रक्षा मंत्री थे। साल 2018-19 में विपक्षी पार्टियों की ओर से इस डील को लेकर मोदी सरकार पर कई तरह के भ्रष्टाचार के आरोप लगे। उस समय राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और तत्कालीन रक्षा मंत्री निर्मला सीतारामण ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed