फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Professor K Vijayaraghavan said If strong measures are taken then the third wave of corona can be stopped

कोरोना: स्थान, समय और संक्रमण का ज्ञान लगाएगा ब्रेक, एक्सपर्ट ने बताया तीसरी लहर रोकने का तरीका

Sat, 08 May 2021 03:18 PM IST
प्रियंका तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्रियंका तिवारी Updated Sat, 08 May 2021 03:18 PM IST
सार

सरकार के प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार प्रोफेसर के. विजयराघवन का बयान आया है। उन्होंने कहा है कि अगर मजबूत उपाय करें तो कोरोना की तीसरी लहर को रोका जा सकता है।

विज्ञापन
Professor K Vijayaraghavan said If strong measures are taken then the third wave of corona can be stopped
कोरोना जांच के लिए सैंपल लेता स्वास्थ्य कर्मी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पूरा देश कोरोना वायरस की दूसरी लहर के प्रकोप से जूझ कर रहा है। अस्पतालों में बेड नहीं है, इलाज व मेडिकल ऑक्सीजन के अभाव में लोग दम तोड़ रहे हैं। श्मशानों व कब्रिस्तानों में भी अंतिम संस्कार के लिए जगह की कमी पड़ने लगी है। हर तरफ मचे हाहाकार से लोग पूरी तरह से त्रस्त हो चुके हैं। साथ ही उन्हें कोरोना की तीसरी लहर के आने का डर भी सता रहा है। इस बीच सरकार के प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार प्रोफेसर के. विजयराघवन का बयान आया है। उन्होंने कहा है कि अगर मजबूत उपाय करें तो कोरोना की तीसरी लहर को रोका जा सकता है।

विज्ञापन


मजबूत उपाय से रोकी जा सकती है कोरोना की तीसरी लहर
उन्होंने कहा कि लहरों और उनकी संख्या के बजाय स्थान, समय और संक्रमण की तीव्रता के बारे में बात करना, हमारे लिए कोरोना की तीसरी लहर को रोकने में उपयोगी साबित हो सकता है। अगर हम मजबूत उपाय करते हैं, तो तीसरी लहर सभी जगहों पर या वास्तव में कहीं भी नहीं हो सकती है। उन्होंने आगे कहा कि यह सब इस बात पर निर्भर करता है कि बताए गए मार्गदर्शन व निर्देश स्थानीय स्तर के अलावा राज्यों, जिलों और शहरों में कितने प्रभावी ढंग से लागू कराए जाते हैं। यह मार्गदर्शन व निर्देश सावधानी, निगरानी, नियंत्रण, उपचार और परीक्षण के बारे में हो सकते हैं।
विज्ञापन

प्रोफेसर के. विजयराघवन ने जोर देकर कहा कि अगर हम मार्गदर्शन का पालन करते हैं तो बिना लक्षण वाले कोरोना संक्रमित लोगों से भी इसके प्रसार को रोका जा सकता है। उन्होंने कहा कि यह काम सुनने में काफी मुश्किल लग सकता है, लेकिन ऐसा संभव है। बता दें, बुधवार (5 मई) को प्रोफेसर के. विजयराघवन बयान दिया था कि कोरोना वायरस की तीसरी लहर का आना तय है। उन्होंने आगाह करते हुए कहा था कि सार्स-सीओवी 2 और उत्परिवर्तित हो रहा है इसलिए हमें नई लहरों के लिए तैयार रहना चाहिए। उन्होंने कहा था कि देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर की तीव्रता का पूर्वानुमान नहीं लगाया गया था। 

विज्ञापन
विज्ञापन


वायरस लोगों को संक्रमित करने के नए तरीके ढूंढेगा
इसके अलावाा देश के शीर्ष वैज्ञानिक ने कहा कि कम ऐहतियाती उपाय, पहली लहर से आबादी में कम प्रतिरक्षा के चलते दूसरी लहर अधिक तीव्र हो गई और इससे अभी तक देशभर में हजारों लोगों को जान गंवानी पड़ी है और लाखों लोग संक्रमित हुए हैं। के. विजयराघवन के अनुसार जब वैक्सिनेशन बढ़ेगी तो वायरस लोगों को संक्रमित करने के नए तरीके ढूंढेगा, जिसके लिए हमें तैयार रहना होगा। उन्होंने कहा कि वायरस अपना रूप बदलता रहता है इसलिए हमें वैक्सीन और दूसरे पहलुओं पर रणनीति बदलती रहनी होगी।


विजयराघवन ने कहा कि दूसरी लहर आने के लिए कई फैक्टर जिम्मेदार हैं, जिसमें कोरोना के नए वेरिएंट भी शामिल हैं। दूसरी लहर इसलिए भी बढ़ी क्योंकि लोगों में जो इम्युनिटी बनी थी वह इतनी नहीं थी की संक्रमण को रोक सके। कोरोना की पहली लहर दो वजह से कम हुई थी, जिन लोगों को इंफेक्शन हुआ उनमें इम्युनिटी आई और मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग सहित बचाव के जो भी कदम उठाए गए उससे संक्रमण फैलना कम हुआ, लेकिन बचाव के कदमों में ढिलाई बरती गई तो संक्रमण फिर से फैलने लगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed