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राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने किया सुप्रीम कोर्ट के नए अतिरिक्त भवन का उद्घाटन
Thu, 18 Jul 2019 05:00 AM IST
Nilesh Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Nilesh Kumar
Updated Thu, 18 Jul 2019 05:00 AM IST
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राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद(File Photo)
- फोटो : amar ujala
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राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट के नए अतिरिक्त भवन का उद्घाटन किया। 12.19 एकड़ में फैले इस नए अतिरिक्त भवन के निर्माण में करीब सात वर्ष का वक्त लगा है। उद्घाटन के मौके पर चीफ जस्टिस रंजन गोगई, कानू मंत्री व सुप्रीम कोर्ट केअन्य जज भी मौजूद थे।
राष्ट्रपति ने इस मौके पर कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले अब अंग्रेजी के साथ नौ क्षेत्रीय भाषाओं में भी उपलब्ध होंगे। ये फैसले सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर उपलब्ध होंगे। राष्ट्रपति ने कहा कि क्षेत्रीय भाषाओं में फैसला उपलब्ध होने से आम लोगों को बहुत फायदा होगा। वे आसानी से फैसलों को समझ सकेंगे।
सुप्रीम कोर्ट के दूसरे वरिष्ठतम जज जस्टिस एसए बोबडे ने इस मौके पर क्षेत्रीय भाषा में अनुवाद की गई फैसले की प्रति राष्ट्रपति को सौंपी। जानकारी के मुताबिक, अब तक करीब 100 फैसलों का अनुवाद क्षेत्रीय भाषाओं में हो चुका है।
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इस मौके पर कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि निचली अदालतों में जजों की नियुक्ति केलिए अखिल भारतीय न्यायिक सेवा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार इस पर विचार कर रही है।
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राष्ट्रपति ने इस मौके पर कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले अब अंग्रेजी के साथ नौ क्षेत्रीय भाषाओं में भी उपलब्ध होंगे। ये फैसले सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर उपलब्ध होंगे। राष्ट्रपति ने कहा कि क्षेत्रीय भाषाओं में फैसला उपलब्ध होने से आम लोगों को बहुत फायदा होगा। वे आसानी से फैसलों को समझ सकेंगे।
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सुप्रीम कोर्ट के दूसरे वरिष्ठतम जज जस्टिस एसए बोबडे ने इस मौके पर क्षेत्रीय भाषा में अनुवाद की गई फैसले की प्रति राष्ट्रपति को सौंपी। जानकारी के मुताबिक, अब तक करीब 100 फैसलों का अनुवाद क्षेत्रीय भाषाओं में हो चुका है।
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इस मौके पर कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि निचली अदालतों में जजों की नियुक्ति केलिए अखिल भारतीय न्यायिक सेवा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार इस पर विचार कर रही है।