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Prashant Bhushan Case: प्रशांत भूषण ने जमा की जुर्माने की राशि, फैसले को लेकर दायर की पुनर्विचार याचिका

Mon, 14 Sep 2020 04:23 PM IST
Tanuja Yadav न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Tanuja Yadav Updated Mon, 14 Sep 2020 04:23 PM IST
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Prashant Bhushan Penalty News: Prashant bhushan deposit one rupees as punishment and file review petition in supreme court
प्रशांत भूषण - फोटो : फाइल

सुप्रीम कोर्ट और मुख्य न्यायाधीश को लेकर किए ट्वीट और अवमानना के मामले में दोषी पाए गए वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने आज अपनी जुर्माने की राशि जमा कर दी है। साथ ही प्रशांत भूषण ने अदालत का फैसला स्वीकार नहीं करते हुए इसके खिलाफ कोर्ट में समीक्षा याचिका दायर कर दी है। 

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प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट के बाहर जुर्माने की राशि जमा करने के बाद मीडियाकर्मियों से कहा था कि वह अदालत के फैसले से संतुष्ट नहीं हैं और वह इसके खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर करेंगे। इससे पहले भूषण ने शनिवार को एक याचिका दायर की थी, जिसमें मूल आपराधिक अवमानना मामलों के खिलाफ अपील करने का अधिकार था। इस याचिका में उन्होंने मांग की है उनकी याचिका पर सुप्रीम कोर्ट की अलग और बड़ी बेंच सुनवाई करे।
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प्रशांत भूषण की यह याचिका कामिनी जायसवाल के माध्यम से दायर की गई और इसमें प्रशांत भूषण ने आपराधिक अवमानना मामलों में मनमाना, तामसिक और उच्च-स्तरीय निर्णय की संभावना को कम करने के लिए प्रक्रियात्मक परिवर्तन का सुझाव दिया है। 

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट की एक बेंच ने अपने फैसले में प्रशांत भूषण को दोषी करार दिया था। प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट और मुख्य न्यायधीश एस ए बोबडे की आलोचना करते हुए दो ट्वीट किए। सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाते हुए 31 अगस्त को सजा के रुप में एक रुपये का जुर्माने लगाया था।


इसके लिए कोर्ट ने प्रशांत भूषण को 15 सितंबर तक का समय दिया था और कहा था कि अगर 15 सितंबर तक जुर्माने की राशि नहीं जमा की तो उन्हें सजा के तौर पर तीन महीने की जेल हो सकती है या फिर तीन साल तक कानूनी व्यवहार के विचलन से गुजरना होगा।

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