फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   PM Modi on Independence Day: Will Rajasthan respect Modi's turban?

PM Modi: क्या मोदी की पगड़ी की इज्जत रखेगा राजस्थान, परिवार को एक रखने की है कड़ी चुनौती

Tue, 15 Aug 2023 11:44 AM IST
Amit Sharma Digital अमित शर्मा
Updated Tue, 15 Aug 2023 11:44 AM IST
विज्ञापन
सार
पीएम मोदी अब तक अपने संबोधन में जनता को 'मेरे प्यारे देशवासियों' कहकर संबोधित करते आए हैं। लेकिन इस बार उन्होंने जनता से अपने भावनात्मक संबंधों को एक नई ऊंचाई देते हुए जनता के लिए 'मेरे परिवारजनों' शब्द का उपयोग किया। 
loader
PM Modi on Independence Day: Will Rajasthan respect Modi's turban?
राजघाट में पीएम मोदी। - फोटो : Twitter

विस्तार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस पर लालकिले की प्राचीर से लगातार 10वीं बार देश को संबोधित किया। स्वतंत्रता दिवस पर अपने संबोधन और अपनी पगड़ी के माध्यम से वे लगातार राजनीतिक संदेश देते रहे हैं। इस वर्ष भी संबोधन के समय प्रधानमंत्री ने अपने सिर पर राजस्थानी 'बंधनी' पगड़ी पहन रखी थी जो आज चर्चा का विषय बन गई है। राजस्थान के लोग इसे किसी भी शुभ अवसर पर पहनते हैं और इसे अपने मान-सम्मान से जोड़कर देखते हैं। उनकी बंधनी पगड़ी को राजस्थान में इसी साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनावों से जोड़कर देखा जा रहा है। क्या राजस्थान का उनका परिवार उनकी 'पगड़ी' की 'लाज' रखेगा?

पीएम मोदी अब तक अपने संबोधन में जनता को 'मेरे प्यारे देशवासियों' कहकर संबोधित करते आए हैं। लेकिन इस बार उन्होंने जनता से अपने भावनात्मक संबंधों को एक नई ऊंचाई देते हुए जनता के लिए 'मेरे परिवारजनों' शब्द का उपयोग किया। इसे लोकसभा चुनावों से जोड़कर देखा जा रहा है। लेकिन उनके इन शब्दों पर जनता ने कितना भरोसा किया, इसका पहला लिटमस टेस्ट राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में होने वाले चुनावों में ही दिखाई पड़ सकता है। अपने संबोधन में उन्होंने जनता से 2047 में देश को एक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए उनका योगदान मांगा है। 

मिलकर चुनाव लड़ने का दिया है मंत्र

राजस्थान भाजपा सूत्रों के अनुसार, पीएम ने राज्य में अपनी  पिछली जनसभा के बाद भी कुछ नेताओं से मुलाकात किया था। उन्होंने सभी नेताओं से आपस में एकजुट होकर चुनाव लड़ने का सुझाव दिया था। पीएम ने 31 जुलाई से 10 अगस्त तक लगातार विभिन्न प्रदेशों के सांसदों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को समझने के साथ-साथ उन्हें जीत का मंत्र देने की कोशिश की थी। इस दौरान उन्होंने  राजस्थान के सांसदों से भी मुलाकात की थी और उन्हें आपसी गुटबाजी से अलग हटकर राज्य के विकास के लिए एकजुट होकर चुनाव में उतरने का सुझाव दिया था।   

दरअसल, पीएम का सुझाव इस मायने में बेहद महत्त्वपूर्ण हो जाता है कि राजस्थान में भाजपा आपसी अंतर्विरोध और आपसी गुटबाजी से जूझ रही है। वसुंधरा राजे सिंधिया स्वयं को मुख्यमंत्री उम्मीदवार घोषित किये जाने का दबाव बना रही हैं। इसके बिना वे पार्टी को कितना सहयोग करेंगी, इस पर संशय बरकरार है। वहीं, राजस्थान भाजपा के पूर्व अध्यक्ष सतीश पूनिया उनके धुर विरोधी माने जाते हैं। वे राज्य में जनता को साथ लेकर चुनाव में उतरने की वकालत करते रहे हैं। दोनों नेताओं के बीच आपसी तालमेल बेहतर न हो पाने से गलत संदेश जा रहा है। 

पार्टी नेता सीपी जोशी भी इस समय अलग गुट में चलते हुए बताए जा रहे हैं। पार्टी कार्यकर्ताओं पर कमजोर पकड़ और राज्य के वरिष्ठ नेताओं के साथ उनकी कमजोर तालमेल से भाजपा की राजस्थान में चाल कमजोर पड़ रही है। कई और नेता भी अपनी अलग-अलग राह पकड़े हुए हैं। भाजपा नेता भी मानते हैं कि इस गुटबाजी से अशोक गहलोत सरकार से चुनौती आसान नहीं होगी।  

सीएम चेहरा नहीं घोषित करेगी भाजपा

नेताओं की आपसी गुटबाजी से किसी एक को चेहरा घोषित करना भी मुश्किल पड़ रहा है। पार्टी ने इन चुनावों में बिना मुख्यमंत्री चेहरा घोषित किए केवल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चेहरे पर चुनाव लड़ने का निर्णय किया है। पार्टी को लगता है कि इससे वह स्थानीय नेताओं की आपसी गुटबाजी को कमजोर कर सकेगी और चुनावों में जीत हासिल कर सकेगी।।  

जीतेंगे विधानसभा चुनाव

राजस्थान भाजपा नेता महेश जोशी ने अमर उजाला से कहा कि राज्य में विकास का काम ठहर गया है। हर काम में भ्रष्टाचार हो रहा है। स्वयं सरकार के मंत्री कह रहे हैं कि वे अपने राज्य में लोगों को न्याय सुरक्षा देने में असफल साबित हुए हैं। अशोक गहलोत सरकार केवल एक वर्ग विशेष के तुष्टीकरण को ही अपना विकास कह रही है। इससे जनता में भारी निराशा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चेहरे पर वे चुनाव लड़ेंगे और भारी बहुमत से जीत हासिल करेंगे।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

Followed