कुपोषण, एनीमिया पर PM मोदी चिंतित, नीति आयोग के अधिकारियों के साथ ली हाई लेवल मीटिंग
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज (25 नवंबर) को बच्चों में पोषण की कमी को लेकर हाई लेवल मीटिंग की जिसमें प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ), नीति आयोग के साथ बाकी मंत्रालयों के अधिकारी भी शामिल थे। मीटिंग में पीएम ने अल्प पोषण, जन्म के वक्त बच्चों में वजन कम होना और खून की कमी जैसी समस्या पर बात की और कहा कि इनको खत्म करने के लिए काम करने की जरूरत है।
बता दें कि इसी महीने 'द ग्लोबल न्यूट्रिशन रिपोर्ट, 2017' आई थी जिसमें चेतावनी दी गई थी कि मां बनने में सक्षम देश की आधी से ज्यादा महिलाएं खून की कमी की बीमारी एनीमिया की मरीज हैं। भारत समेत 140 देशों पर जारी उस रिपोर्ट में कुपोषण के तीन प्रकारों को खंगाला गया था।
यह भी पढ़ें: 140 देशों पर जारी रिपोर्ट में दावा, भारत की 51 फीसदी महिलाओं में खून की कमी
पहला बचपन में वृद्धि का रुक जाना, दूसरा मां बनने में सक्षम महिलाओं में खून की कमी और तीसरा वयस्क महिलाओं का मोटापा। हालिया आंकड़ों के मुताबिक पांच साल से कम उम्र के 38 फीसदी बच्चे कुपोषण के शिकार हैं। इससे उम्र की तुलना में उनकी लंबाई कम होती है और मस्तिष्क की क्षमता पर भी प्रतिकूल असर पड़ता है।
रिपोर्ट में बताया गया कि पांच साल से कम उम्र के 21 फीसदी बच्चों का वजन उनकी लंबाई के अनुपात में कम है। वहीं मां बनने में सक्षम 51 फीसदी महिलाएं एनीमिया की मरीज हैं। इस बीमारी में मां और बच्चे की सेहत पर बुरा असर पड़ता है। रिपोर्ट के मुताबिक 22 फीसदी वयस्क महिलाएं ज्यादा वजन की शिकार हैं।
Delhi: PM Modi chairs high level review meet on under-nutrition & related problems, attended by officials from PMO, NITI Aayog and other Ministries. PM stressed on need to work towards concrete objectives to reduce stunting, under-nutrition, low birth weight, & anemia. pic.twitter.com/guL4iwg7F2
— ANI (@ANI) November 25, 2017