फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Petition filed in sc by youth for equality against 124th constitutional amendment bill

सामान्य वर्ग को 10 फीसदी आरक्षण के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल

Thu, 10 Jan 2019 03:16 PM IST
Shani Mishra न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Shani Mishra Updated Thu, 10 Jan 2019 03:16 PM IST
सार

  • हर धर्म के सामान्य वर्ग के लोग इस आरक्षण के दायरे में शामिल हैं।
  • लोकसभा में 323 वोट और राज्यसभा में 165 वोट के साथ हुआ था पारित।
  • यूथ फॉर इक्वलिटी संगठन ने विधेयक को दी सुप्रीम कोर्ट में चुनौती।

विज्ञापन
Petition filed in sc by youth for equality against 124th constitutional amendment bill
supreme court - फोटो : PTI

विस्तार

सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को 10 फीसदी आरक्षण के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की गई है। सुप्रीम कोर्ट में 124वें संविधान संसोधन को चुनौती दी गई है। यह याचिका यूथ फॉर इक्वॉलिटी और वकील कौशलकांत मिश्रा की ओर से दाखिल की गई है। इनके मुताबिक आरक्षण का आधार आर्थिक नहीं हो सकता। याचिका के मुताबिक विधयेक संविधान के आरक्षण देने के मूल सिद्धांत के खिलाफ है, यह सामान्य वर्ग को 10% आरक्षण देने के साथ-साथ 50% के सीमा का भी उल्लंघन करता है। गौरतलब है कि यह विधेयक सरकारी नौकरी और शिक्षण संस्थानों में सवर्णों को 10 फीसदी आरक्षण देता है।
विज्ञापन

गैर सरकारी संगठन यूथ फॉर इक्वेलिटी और कौशल कांत मिश्रा ने याचिका में इस विधेयक को निरस्त करने का अनुरोध करते हुये कहा है कि एकमात्र आर्थिक आधार पर आरक्षण नहीं दिया जा सकता। याचिका में कहा गया है कि इस विधेयक से संविधान के बुनियादी ढांचे का उल्लंघन होता है क्योंकि सिर्फ सामान्य वर्ग तक ही आर्थिक आधार पर आरक्षण सीमित नहीं किया जा सकता है और 50 फीसदी आरक्षण की सीमा लांघी नहीं जा सकती।
विज्ञापन
विज्ञापन


आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिये आरक्षण का यह प्रावधान अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़े वर्गो को मिलने वाले 50 फीसदी आरक्षण से अलग है। सरकार ने पहले ही दावा किया था कि संविधान संशोधन होने के बाद यह विधेयक न्यायिक समीक्षा की अग्निपरीक्षा में भी खरा उतरेगा। 

लोकसभा-राज्यसभा में हो चुका है पास

बता दें कि मोदी सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर तबकों को आरक्षण देने के लिए विधेयक पेश किया था। जिसे कुछ पार्टियों को छोड़कर कांग्रेस सहित तमाम विपक्ष ने समर्थन दिया था। इस विधेयक को लोकसभा ने मंगलवार को तीन के मुकाबले 323 वोट से जबकि बुधवार को देर रात राज्यसभा ने सात के मुकाबले 165 वोट से पारित किया था। राज्य सभा ने बुधवार को 124वें संविधान संशोधन विधेयक को सात के मुकाबले 165 मतों से पारित किया था। सदन ने विपक्षी सदस्यों के पांच संशोधनों को अस्वीकार कर दिया। इससे पहले, मंगलवार को लोक सभा ने इसे पारित किया था।


8 लाख रुपये से कम आय पर लागू

सामान्य वर्ग के उन लोगों को इस आरक्षण का लाभ मिलना है, जिसके परिवार की वार्षिक आय 8 लाख रुपये से कम और जिनके पास खेती की जमीन 5 एकड़ से कम होगी। इसमें हर धर्म के सामान्य वर्ग के लोग शामिल है। ऐसे लोगों को नौकरी और शिक्षा दोनों क्षेत्रों में इसका लाभ मिलेगा। 
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed