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Operation Abhyaas: कर्नाटक उच्च न्यायालय में हुई मॉक ड्रिल, बम विस्फोट के हालात से निपटने की हुई तैयारी
Sat, 17 May 2025 09:53 AM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कलबुर्गी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कलबुर्गी
Published by: नितिन गौतम
Updated Sat, 17 May 2025 09:53 AM IST
सार
मॉक ड्रिल के दौरान बम विस्फोट के हालात से निपटने की ट्रेनिंग हुई, जिसमें आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य करने और लोगों को प्रभावित स्थल से सुरक्षित निकालने पर फोकस किया गया। मॉक ड्रिल में आम जनता और उच्च न्यायालय के स्टाफ ने भी सहयोग किया।
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मॉक ड्रिल की तस्वीर
- फोटो : एएनआई
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विस्तार
आपात स्थिति से निपटने के लिए कर्नाटक में ऑपरेशन अभ्यास के तहत मॉक ड्रिल का आयोजन किया जा रहा है। इसी के तहत शनिवार को कर्नाटक उच्च न्यायालय की कलबुर्गी पीठ में मॉक ड्रिल की गई। जिलाधिकारी फौजिया तरन्नुम ने बताया कि आपात स्थिति में विभिन्न विभागों के बीच समन्वय बनाने और और उसे बेहतर करने के उद्देश्य से मॉक ड्रिल की गई।
विभिन्न विभागों ने मॉक ड्रिल में लिया हिस्सा
जिलाधिकारी ने बताया कि ऑपरेशन अभ्यास के तहत सभी जिला प्रशासन ने अपने-अपने जिलों में मॉक ड्रिल की। कलबुर्गी में एयरपोर्ट पर पहले ही मॉक ड्रिल आयोजित हो चुकी है। आज कर्नाटक उच्च न्यायालय की कलबुर्गी पीठ में मॉक ड्रिल की गई, जिसमें जस्टिस इंद्रेश ने भी हिस्सा लिया। मॉक ड्रिल में बार एसोसिएशन, पुलिस, राजस्व विभाग, केएसआईएसएफ, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग और अन्य कई अहम विभागों ने हिस्सा लिया। इस मॉक ड्रिल में गैर सरकारी संगठन रेड क्रॉस और एनएसएस और एनसीसी को भी शामिल किया गया।
मॉक ड्रिल के दौरान बम विस्फोट के हालात से निपटने की ट्रेनिंग हुई, जिसमें आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य करने और लोगों को प्रभावित स्थल से सुरक्षित निकालने पर फोकस किया गया। मॉक ड्रिल में आम जनता और उच्च न्यायालय के स्टाफ ने भी सहयोग किया।
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ये भी पढ़ें- West Bengal: बिकाश भवन पर शिक्षकों का विरोध प्रदर्शन; ‘बंधक जैसी’ स्थिति के बाद पुलिस ने किया लाठीचार्ज
अगरतला एयरपोर्ट पर भी की गई मॉक ड्रिल
अगरतला के एयरपोर्ट बीर बिक्रम पर भी मॉक ड्रिल की गई। यह मॉक ड्रिल शुक्रवार शाम 5 बजे से लेकर 6 बजे तक की गई। इस बारे में सिविल एविएशन सिक्योरिटी ने दिशा-निर्देश जारी कर दिए थे। मॉक ड्रिल में एयरपोर्ट पर आतंकी हमले की स्थिति से निपटने की ट्रेनिंग दी गई। इसमें सीआईएसएफ, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया, एयरपोर्ट अथॉरिटी अग्निशमन विभाग, भारतीय सेना, असम राइफल्स, सीआरपीएफ, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के लोग शामिल हुए। इस मॉक ड्रिल में 186 लोग शामिल हुए। इसमें विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय, रेस्पॉन्स टाइम और आपात प्रोटोकॉल की प्रभावशीलता की जांच की गई।
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विभिन्न विभागों ने मॉक ड्रिल में लिया हिस्सा
जिलाधिकारी ने बताया कि ऑपरेशन अभ्यास के तहत सभी जिला प्रशासन ने अपने-अपने जिलों में मॉक ड्रिल की। कलबुर्गी में एयरपोर्ट पर पहले ही मॉक ड्रिल आयोजित हो चुकी है। आज कर्नाटक उच्च न्यायालय की कलबुर्गी पीठ में मॉक ड्रिल की गई, जिसमें जस्टिस इंद्रेश ने भी हिस्सा लिया। मॉक ड्रिल में बार एसोसिएशन, पुलिस, राजस्व विभाग, केएसआईएसएफ, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग और अन्य कई अहम विभागों ने हिस्सा लिया। इस मॉक ड्रिल में गैर सरकारी संगठन रेड क्रॉस और एनएसएस और एनसीसी को भी शामिल किया गया।
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मॉक ड्रिल के दौरान बम विस्फोट के हालात से निपटने की ट्रेनिंग हुई, जिसमें आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य करने और लोगों को प्रभावित स्थल से सुरक्षित निकालने पर फोकस किया गया। मॉक ड्रिल में आम जनता और उच्च न्यायालय के स्टाफ ने भी सहयोग किया।
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अगरतला एयरपोर्ट पर भी की गई मॉक ड्रिल
अगरतला के एयरपोर्ट बीर बिक्रम पर भी मॉक ड्रिल की गई। यह मॉक ड्रिल शुक्रवार शाम 5 बजे से लेकर 6 बजे तक की गई। इस बारे में सिविल एविएशन सिक्योरिटी ने दिशा-निर्देश जारी कर दिए थे। मॉक ड्रिल में एयरपोर्ट पर आतंकी हमले की स्थिति से निपटने की ट्रेनिंग दी गई। इसमें सीआईएसएफ, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया, एयरपोर्ट अथॉरिटी अग्निशमन विभाग, भारतीय सेना, असम राइफल्स, सीआरपीएफ, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के लोग शामिल हुए। इस मॉक ड्रिल में 186 लोग शामिल हुए। इसमें विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय, रेस्पॉन्स टाइम और आपात प्रोटोकॉल की प्रभावशीलता की जांच की गई।