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Online Gaming Fraud Case: ढाई किलो सोना, 70 लाख की नकदी जब्त, गोंदिया में नागपुर पुलिस ने की छापेमारी
Fri, 20 Oct 2023 10:05 PM IST
आदर्श शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागपुर
Published by: आदर्श शर्मा
Updated Fri, 20 Oct 2023 10:05 PM IST
सार
नागपुर के कारोबारी विक्रांत अग्रवाल ने जुलाई में पुलिस में ऑनलाइन गेमिंग धोखाधड़ी की शिकायत की थी। शिकायतकर्ता पहले आरोपी का बिजनेस पार्टनर था। आरोपी संतु जैन ने ऑनलाइन गेमिंग ऐप बनाया था।
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महाराष्ट्र पुलिस
- फोटो : फाइल
विस्तार
महाराष्ट्र के नागपुर में 58 करोड़ के ‘ऑनलाइन गेमिंग’ धोखाधड़ी की जांच कर रही पुलिस ने शुक्रवार को गोंदिया जिले में छह जगहों पर छापा मारा और एक डॉक्टर के घर से 2.4 किलो सोना व 70 लाख रुपये नकद बरामद किए। इसी तरह पड़ोसी भंडारा जिले में भी एक बैंक कर्मचारी के आवास पर कार्रवाई की गई, लेकिन वहां से कुछ भी जब्त नहीं किया गया है।
नागपुर पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने बताया कि यह कार्रवाई नागपुर के एक कारोबारी से 58 करोड़ रुपये की ‘ऑनलाइन गेमिंग’ ठगी के आरोपी व गोंदिया निवासी अनंत उर्फ संतु नवरत्न जैन के आत्मसमर्पण के कुछ दिनों बाद की गई गई। जुलाई में शिकायत दर्ज होने के बाद वह करीब तीन महीने से फरार था। संतु जैन ने 16 अक्तूबर को मजिस्ट्रेट कोर्ट में आत्मसमर्पण किया था। पुलिस ने गोंदिया में छह स्थानों पर छापे मारे और डॉ गौरव बग्गा के घर से 2.4 किलो सोना व 70 लाख रुपये नकद बरामद किए। शेष पांच संपत्ति (प्रापर्टी) कुछ अन्य लोगों की है। डॉ. बग्गा और बैंक कर्मचारी अंकेश खंडेलवाल दोनों गोंदिया के निवासी हैं। 27 जुलाई को बग्गा के नाम पर तीन बैंक लॉकर खोले गए और जैन परिवार के लॉकरों की नकदी और सोना इन लॉकरों में स्थानांतरित कर दिया गया। बाद में आरोपी इन लॉकरों से नकदी और सोना निकालकर अज्ञात स्थान पर ले गए। उन्होंने कहा कि शुक्रवार की कार्रवाई के दौरान की गई बरामदगी के बाद नागपुर के गिट्टीखदान पुलिस थाने में एक नया मामला दर्ज किया गया है।
जुलाई में छापों के दौरान हुई थी करोड़ों की जब्ती
इससे पहले जुलाई महीने में पुलिस ने संतु जैन के घर भी छापेमारी की थी। उस समय पुलिस ने जैन के आवास पर छापा मारकर 17 करोड़ रुपये नकद, 14 किलोग्राम सोना और 294 किलोग्राम चांदी जब्त किया था, जिसकी कुल कीमत 27 करोड़ रुपये थी। इसके बाद 2 अगस्त को अधिकारियों को अतिरिक्त 85 रुपये मिले। जैन और उनके परिवार के सदस्यों के बैंक लॉकरों में 4.5 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की नकदी और सोना जमा है।
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बिजनेस पार्टनर ने दर्ज कराई थी 58 करोड़ के धोखाधड़ी की शिकायत
नागपुर के कारोबारी विक्रांत अग्रवाल ने जुलाई में पुलिस में ऑनलाइन गेमिंग धोखाधड़ी की शिकायत की थी। शिकायतकर्ता पहले आरोपी का बिजनेस पार्टनर था। आरोपी संतु जैन ने ऑनलाइन गेमिंग ऐप बनाया था। नवंबर 2021 में उसे ऑनलाइन सट्टेबाजी-गेमिंग एप का यूजरनेम, पासवर्ड तैयार कर उसे करोड़ो रुपये जीतने का लालच दिया। लेकिन अग्रवाल इस गेम में लगातार हारते रहे। जब तक उन्हें ठगी की जानकारी हुई तब तक उससे 58 करोड़ रुपये ठग लिए गए थे। 21 जुलाई को अग्रवाल ने साइबर पुलिस थाना (नागपुर शहर) में गोंदिया निवासी अनंत उर्फ संतू नवरत्न जैन के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस आयुक्त ने बताया कि शिकायतकर्ता ने कुछ रकम ऑनलाइन ट्रांसफर किए हैं लेकिन उसके बाद का रिकॉर्ड नहीं है। वहीं, आरोपी जैन पहले से इस तरह की गैंबलिंग में शामिल रहा है। प्राथमिक रिपोर्ट में कुल 58 करोड़ रुपये ठगी शिकायत की गई है।
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नागपुर पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने बताया कि यह कार्रवाई नागपुर के एक कारोबारी से 58 करोड़ रुपये की ‘ऑनलाइन गेमिंग’ ठगी के आरोपी व गोंदिया निवासी अनंत उर्फ संतु नवरत्न जैन के आत्मसमर्पण के कुछ दिनों बाद की गई गई। जुलाई में शिकायत दर्ज होने के बाद वह करीब तीन महीने से फरार था। संतु जैन ने 16 अक्तूबर को मजिस्ट्रेट कोर्ट में आत्मसमर्पण किया था। पुलिस ने गोंदिया में छह स्थानों पर छापे मारे और डॉ गौरव बग्गा के घर से 2.4 किलो सोना व 70 लाख रुपये नकद बरामद किए। शेष पांच संपत्ति (प्रापर्टी) कुछ अन्य लोगों की है। डॉ. बग्गा और बैंक कर्मचारी अंकेश खंडेलवाल दोनों गोंदिया के निवासी हैं। 27 जुलाई को बग्गा के नाम पर तीन बैंक लॉकर खोले गए और जैन परिवार के लॉकरों की नकदी और सोना इन लॉकरों में स्थानांतरित कर दिया गया। बाद में आरोपी इन लॉकरों से नकदी और सोना निकालकर अज्ञात स्थान पर ले गए। उन्होंने कहा कि शुक्रवार की कार्रवाई के दौरान की गई बरामदगी के बाद नागपुर के गिट्टीखदान पुलिस थाने में एक नया मामला दर्ज किया गया है।
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जुलाई में छापों के दौरान हुई थी करोड़ों की जब्ती
इससे पहले जुलाई महीने में पुलिस ने संतु जैन के घर भी छापेमारी की थी। उस समय पुलिस ने जैन के आवास पर छापा मारकर 17 करोड़ रुपये नकद, 14 किलोग्राम सोना और 294 किलोग्राम चांदी जब्त किया था, जिसकी कुल कीमत 27 करोड़ रुपये थी। इसके बाद 2 अगस्त को अधिकारियों को अतिरिक्त 85 रुपये मिले। जैन और उनके परिवार के सदस्यों के बैंक लॉकरों में 4.5 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की नकदी और सोना जमा है।
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बिजनेस पार्टनर ने दर्ज कराई थी 58 करोड़ के धोखाधड़ी की शिकायत
नागपुर के कारोबारी विक्रांत अग्रवाल ने जुलाई में पुलिस में ऑनलाइन गेमिंग धोखाधड़ी की शिकायत की थी। शिकायतकर्ता पहले आरोपी का बिजनेस पार्टनर था। आरोपी संतु जैन ने ऑनलाइन गेमिंग ऐप बनाया था। नवंबर 2021 में उसे ऑनलाइन सट्टेबाजी-गेमिंग एप का यूजरनेम, पासवर्ड तैयार कर उसे करोड़ो रुपये जीतने का लालच दिया। लेकिन अग्रवाल इस गेम में लगातार हारते रहे। जब तक उन्हें ठगी की जानकारी हुई तब तक उससे 58 करोड़ रुपये ठग लिए गए थे। 21 जुलाई को अग्रवाल ने साइबर पुलिस थाना (नागपुर शहर) में गोंदिया निवासी अनंत उर्फ संतू नवरत्न जैन के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस आयुक्त ने बताया कि शिकायतकर्ता ने कुछ रकम ऑनलाइन ट्रांसफर किए हैं लेकिन उसके बाद का रिकॉर्ड नहीं है। वहीं, आरोपी जैन पहले से इस तरह की गैंबलिंग में शामिल रहा है। प्राथमिक रिपोर्ट में कुल 58 करोड़ रुपये ठगी शिकायत की गई है।