{"_id":"63ca29ed43982115c446eec7","slug":"nia-announce-five-lakh-rupees-reward-on-pfi-members-accused-in-bjp-leader-praveen-nettaru-2023-01-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"PFI: भाजपा नेता की हत्या का आरोप, पीएफआई सदस्यों पर एनआईए ने रखा पांच लाख का इनाम","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
PFI: भाजपा नेता की हत्या का आरोप, पीएफआई सदस्यों पर एनआईए ने रखा पांच लाख का इनाम
Fri, 20 Jan 2023 11:15 AM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: नितिन गौतम
Updated Fri, 20 Jan 2023 11:15 AM IST
सार
PFI: बीते साल 29 जून को प्रवीण ने भी कन्हैयालाल के समर्थन में फेसबुक पोस्ट की थी। ऐसे में माना गया कि इसी के चलते प्रवीण की हत्या की गई।
विज्ञापन
पीएफआई के भगोड़े सदस्य
- फोटो : ANI
विस्तार
राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के दो सदस्यों पर 5-5 लाख रुपए का इनाम घोषित किया है। बता दें कि दोनों पर भाजपा नेता प्रवीण नेतारू की बेरहमी से हत्या करने का आरोप है। आरोपियों की पहचान कोडाजे मोहम्मद शरीफ (53 वर्ष) और मसूद केए (40 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों आरोपी कर्नाटक के दक्षिण कन्नड़ जिले के रहने वाले हैं। एनआईए ने कहा है कि आरोपियों का पता बताने वाले को 5 लाख रुपए का इनाम दिया जाएगा। साथ ही उसकी पहचान भी गुप्त रखी जाएगी।
विज्ञापन
बता दें कि 26 जुलाई 2022 को कर्नाटक के बेल्लारी निवासी प्रवीण नेतारू की धारदार हथियारों से काटकर बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। प्रवीण कर्नाटक बीजेपी युवा मोर्चा का जिला सचिव था। राजस्थान के उदयपुर में कन्हैयालाल नामक एक व्यक्ति को कट्टरपंथियों ने नुपूर शर्मा के समर्थन में सोशल मीडिया पोस्ट करने के चलते गला काटकर हत्या कर दी थी। बीते साल 29 जून को प्रवीण ने भी कन्हैयालाल के समर्थन में फेसबुक पोस्ट की थी। ऐसे में माना गया कि इसी के चलते प्रवीण की हत्या की गई।
विज्ञापन
प्रवीण की हत्या उस वक्त की गई, जब वह रात में अपनी दुकान बंद कर घर जा रहा था। उसी समय मोटरसाइकिल पर सवार बदमाशों ने तलवार, हंसिया और कुल्हाड़ी से हमला कर प्रवीण की हत्या कर दी थी। इस हत्याकांड के बाद पूरे कर्नाटक में बवाल हो गया था। बड़ी संख्या में हिंदू संगठनों के लोग सड़कों पर उतरे। हत्या का आरोप पीएफआई पर लगा। कर्नाटक के सीएम बोम्मई ने भी इस हत्याकांड की निंदा की थी और आरोपियों को जल्द पकड़कर कड़ी से कड़ी सजा देने की बात कही थी। बाद में एनआईए ने इस मामले की जांच अपने हाथ में ले ली थी।
विज्ञापन