मुंबई के डोंगरी में गिरी इमारत, अब तक 11 लोगों की मौत, 40 से ज्यादा घायल
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दक्षिण मुंबई के डोंगरी इलाके में मंगलवार को चार मंजिला आवासीय इमारत गिर गई जिससे कोहराम मच गया। पीटीआई के मुताबिक, अब तक 11 लोगों की मौत हो गई जबकि करीब 40 लोग घायल हुए हैं। काफी संख्या में स्थानीय लोग भी बचाव के काम में जुटे। मुंबई बिल्डिंग रिपेयर एंड रिकंस्ट्रक्शन बोर्ड का कहना है कि ये इमारत अनधिकृत थी।
Mumbai Building Repair & Reconstruction Board (a unit of Maharashtra Housing and Area Development Authority) on Kesarbhai building collapse: The portion of Kesarbhai building that collapsed is unauthorised. pic.twitter.com/XfnbfpTkD3
— ANI (@ANI) July 16, 2019
बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ के एक अधिकारी ने बताया कि प्रारंभिक सूचना के अनुसार डोंगरी में टंडेल मार्ग पर स्थित भूतल के अतिरिक्त चार मंजिल वाली इस ‘केशरबाई बिल्डिंग’ का एक बड़ा हिस्सा सुबह करीब 11 बजकर 40 मिनट पर गिर गया।
पुलिस ने बताया कि हादसे में अभी तक 12 लोगों की मौत हुई है और पांच अन्य घायल हुए हैं। बेहद घनी आबादी और संकरी सड़कों वाले इलाके में स्थित इस इमारत में काफी लोग रह रहे थे। इसके मलबे में कई लोगों के फंसे होने की आशंका है।
दमकल विभाग, मुंबई पुलिस और निकाय अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं लेकिन संकरी सड़कों के कारण राहत एवं बचाव कार्य में दिक्कतें आ रही हैं। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी बचाव कार्य में जुटे हैं और मलबा हटाने में मदद कर रहे हैं।
एम्बुलेंस मौके पर नहीं पहुंच पा रही है, उसे 50 मीटर की दूरी पर खड़ा करना पड़ा है। इस इमारत का मालिकाना हक महाराष्ट्र आवास एवं विकास प्राधिकरण के पास है। संस्था के अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं। बचाव कार्य में मदद के लिए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल की टीमें भी मौके पर पहुंच गई हैं।
499 इमारतें असुरक्षित
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार बीएमसी ने मुंबई की 499 इमारतों को असुरक्षित घोषित कर दिया है। मानसून के दौरान 500 इमारतें ऐसी हैं जिनपर खतरा मंडरा रहा है। बीएमसी के लिए सिरदर्द बनीं इन इमारतों में रहने वाले कई लोग इन्हें खाली नहीं करना चाहते हैं।इस मामले में मुंबई का अंधेरी-जोगेश्वरी (वेस्ट) सबसे आगे है। जहां की 51 इमारतें असुरक्षित हैं। इसके बाद 38 इमारतों के साथ विरे परेल दूसरे स्थान पर है जिन्हें इस साल सी1 श्रेणी में रखा गया है। बीते साल बीएमसी ने 619 इमारतों को खतरनाक बताया था। हालांकि इस साल ये संख्या 19 फीसदी तक कम हुई है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जताया शोक
वहीं, इस दर्दनाक हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक जताया है। प्रधानमंत्री ने कहा, 'मुंबई के डोंगरी में इमारत गिरना व्यथित कर देने वाली घटना है। मेरी संवेदनाएं मृतकों के परिवारों के साथ हैं। घयलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना करता हूं।' प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से किए गए एक ट्वीट में लिखा है, 'राज्य सरकार और राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और स्थानीय इकाइयां बचाव कार्य में जुटी हुई हैं और जरूरतमंदों की मदद कर रही हैं।'Collapse of a building in Mumbai’s Dongri is anguishing. My condolences to the families of those who lost their lives. I hope the injured recover soon. Maharashtra Government, NDRF and local authorities are working on rescue operations & assisting those in need: PM @narendramodi
— PMO India (@PMOIndia) July 16, 2019
शाह ने भी जताया दुख
दूसरी ओर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी इस घटना पर दुख जताया। शाह ने कहा, 'मेरी संवेदनाएं पीड़ित परिवारों और घायलों के साथ हैं। बचाव कार्य पूरे जोर के साथ चलाया जा रहा है। राज्य सरकार, एनडीआरएफ और स्थानीय संगठन जरूरतमंदों की मदद कर रहे हैं।'Union Home Minister Amit Shah: #MumbaiBuildingCollapse is very tragic. My condolences with the bereaved families&prayers for early recovery of those injured. Rescue operations are in full swing. State govt, NDRF and local authorities are doing their best to assist people in need. pic.twitter.com/gBDa7HGbDh
— ANI (@ANI) July 16, 2019