फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   National Rail Scheme -30: Investment of one lakh crore will be done, big lines will be 100% electrified

बजट 2021: राष्ट्रीय रेल योजना-2030: एक लाख करोड़ का होगा निवेश, बड़ी लाइनें सौ फीसदी विद्युतीकृत होंगी

Mon, 01 Feb 2021 03:43 PM IST
सुरेंद्र जोशी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Mon, 01 Feb 2021 03:43 PM IST
विज्ञापन
National Rail Scheme -30: Investment of one lakh crore will be done, big lines will be 100% electrified
रेल बजट 2021 - फोटो : PTI
केंद्रीय वित्त मंत्री  निर्मला सीतारमण ने देश में रेलवे जगत के कायाकल्प के लिए एक लाख करोड़ से ज्यादा के निवेश की राष्ट्रीय रेल योजना-2030 पेश की है। इसके तहत जहां दिसंबर 2023 तक बड़ी लाइनों का शत-प्रतिशत विद्युतीकरण होगा वहीं विभिन्न शहरों के बीच मेट्रो, मेट्रो लाइन परियोजनाएं लागू की जाएंगी। 
विज्ञापन


बजट 2021-22 में रेलवे के लिए 1,10,055 करोड़ की रिकॉर्ड राशि का प्रावधान किया गया है। इसमें से 1,07,100 करोड़ की राशि पूंजीगत व्यय के लिए होगी। वित्त मंत्री ने सीतारमणन ने कहा कि एक राष्ट्रीय रेल योजना 2030 तैयार की गई है। इसमें रेल सुविधाओं को नया रूप दिया जाएगा। 
विज्ञापन


रेल योजना में क्या हैं खास प्रावधान
रेल योजना-2030 का मकसद देश के उद्योगों की परिवहन लागत कम करना है। दिसंबर 2023 तक रेलवे की बड़ी लाइन का 100 फीसदी विद्युतीकरण पूरा कर लिया जाएगा। इसी तरह टीयर-2 श्रेणी के दो शहरों और टीयर-1 श्रेणी के शहरों के बाहरी हिस्सों में मेट्रो रेल सिस्टम तैयार होगा।  वित्त मंत्री के अनुसार पश्चिमी समर्पित माल ढुलाई गलियारा (डीएफसी) और पूर्वी समर्पित माल ढुलाई गलियारा यानी डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर जून 2022 तक शुरू हो जाएंगे। इसके साथ  ही भविष्य में पूर्वी तटीय गलियारा, पूर्वी-पश्चिम गलियारा और उत्तर दक्षिण गलियारा शुरू होंगे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पर्यटन वाले रेल मार्गों पर विस्टा डोम कोच लगेंगे
राष्ट्रीय रेल योजना के जरिए भारतीय रेलवे को 2030 तक भविष्य की जरूरतों को पूरा करने के लिए तैयार किया जाएगा। 'मेक इन इंडिया’ पहल को बढ़ावा देने में हमारे उद्योग जगत की सहायता के लिए माल ढुलाई की लागत में कमी लाई जाएगी। अत्यधिक व्यस्त और अधिक प्रयोग किए जाने वाले रेलमार्गों पर यात्रियों को सुविधा प्रदान करने तथा रेल दुर्घटनाओं में न्यूनतम मानवीय हानि के लिए स्वदेश में विकसित रेल सुरक्षा प्रणाली का प्रयोग किया जाएगा।




ये माल गलियारे होंगे चालू
पूर्वी माल ढुलाई गलियारे के तहत सोनानगर–गोमोह खंड (263.7 किलोमीटर) को सार्वजनिक निजी भागीदारी यानी पीपीपी के तहत 2021-22 तक शुरू किया जाएगा। 274.3 किलोमीटर का गोमोह–दनकुनी खंड भी कुछ समय के बाद प्रारंभ हो जाएगा।

भविष्य के लिए समर्पित कई मालढुलाई गलियारे शुरु होंगे। इनमें से पूर्वी तटीय गलियारा खड़गपुर से विजयवाड़ा तक, पूर्वी-पश्चिमी गलियारा भुसावल से खड़गपुर होते हुए दनकुनी तक जाएगा तथा उत्तरी-दक्षिणी गलियारा इटारसी से विजयवाड़ा तक होगा। विस्तृत परियोजना रिपोर्ट पहले चरण में प्रस्तुत की जाएगी।


दिसंबर, 2023 तक ब्रॉडगेज रेल मार्गों का शत-प्रतिशत विद्युतीकरण कर दिया जाएगा। 2021 के अंत तक 72 प्रतिशत लगभग 46 हजार ब्रॉडगेज रुट किलोमीटर के विद्युतीकरण का काम पूरा कर लिया जाएगा। पहली अक्टूबर, 2020 तक 41,548 ब्रॉडगेज रुट किलोमीटर का विद्युतीकरण पूरा किया जा चुका है।

मेट्रो रेल नेटवर्क के लिए एलान
अभी देश में 702 किलोमीटर परंपरागत मेट्रो रेल नेटवर्क है और 27 शहरों में 1016 किलोमीटर मेट्रो के प्रोजेक्ट निर्माणाधीन हैं। दो नई प्रौद्योगिकी अर्थात मेट्रोलाइट और मेट्रोनियो से कम लागत पर मेट्रो रेल तंत्र तैयार किया जाएगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed