अंतरराष्ट्रीय और घरेलू यात्रा के लिए सरकार ने जारी किए ये अहम दिशा-निर्देश
- घरेलू हवाई यात्री सीधे घर जा सकेंगे, क्वारंटीन का फैसला राज्यों पर छोड़ा
- अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए 14 दिन क्वारंटीन अनिवार्य
- स्वास्थ्य मंत्रालय ने घरेलू और अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्रियों के लिए जारी की अगल-अलग एडवाइजरी
- अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को अपने खर्च पर सात दिन संस्थागत क्वारंटीन होना होगा, सात दिन घर में एकांतवास
- दोनों ही यात्राओं के दौरान आरोग्य सेतु, मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग आदि सुरक्षा मानकों का पालन हर में अनिवार्य
- घरेलू यात्रियों को हवाई अड्डे से बाहर जाने वाले अन्य शहरों के बार में भी पूरी जानकारी देनी होगी
विस्तार
देश में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच परिवार एवं स्वास्थ्य कल्याण मंत्रालय ने रविवार को अंतरराष्ट्रीय यात्रा के लिए दिशा-निर्देश जारी किया है। इसके अलावा घरेलू यात्रा के लिए भी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
घरेलू यात्रा के लिए सरकार ने जारी किए ये अहम दिशा-निर्देश
- सभी यात्रियों को चेहरे पर मास्क लगाना होगा
- घरेलू हवाई यात्री सीधे घर जा सकेंगे, क्वारंटीन का फैसला राज्यों पर छोड़ा
- जिस भी वाहन से आप एयरपोर्ट तक आए हैं उतरने के बाद खुद को सैनिटाइज करना होगा और जरूरी कागजात पास में होने चाहिए
- एयरपोर्ट के एंट्री प्वाइंट पर ही थर्मल स्क्रीनिंग की जाएगी। उसके बाद ही तय किया जाएगा कि आप जा सकते हैं या नहीं
- आप खुद भी आरोग्य सेतु एप से खुद की जांच कर सकते हैं और इंट्री गेट पर आरोग्य सेतु एप का स्टेटस दिखा सकते हैं
- अगर आप आरोग्य सेतु एप डाउनलोड नहीं कर पाए हैं तो वहीं स्टेशन पर ही कोविड हेल्प डेस्क से इसको डाउनलोड करा सकते हैं
- यात्रियों को अपना टिकट, बोर्डिंग पास, पहचान पत्र प्रवेश द्वार पर ही सीआईएसएफ को दिखाना होगा
- चेक इन करते वक्त अपना सामान काउंटर पर ड्रॉप करके अपना पीएनआर स्टेटस वहां के स्टाफ को दिखाना होगा, जितना हो सके सामान कम ही ले जाएं
- आपके मोबाइल पर ई रिसिप्ट मिल जाएगी
- यात्रियों को सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा, एयपोर्ट पर बने सर्कल और बैरियर को ध्यान पर रखना होगा
- आपकी फ्लाइट जितने वक्त की है उससे एक घंटे पहले आपको चेक इन करना होगा
- हवाई अड्डे से बाहर जाने वाले अन्य शहरों के बार में भी पूरी जानकारी देनी होगी
अंतरराष्ट्रीय विमानों के लिए दिशा निर्देश
- विमान में सवार होने से पहले सभी यात्रियों को एक शपथपत्र देना होगा कि वे 14 दिन के लिए अनिवार्य रूप से पृथक रहेंगे।
- सात दिन के लिए किसी पृथक केंद्र में रहने के लिए उन्हें भुगतान करना होगा और उसके बाद अगले सात दिन तक घर पर पृथक-वास करना होगा।
- मानवीय संकट, गर्भावस्था, परिवार में मौत, गंभीर बीमारी और 10 साल के कम उम्र के बच्चों के माता-पिता को ही 14 दिनों तक घर में पृथक-वास की अनुमति दी जाएगी।
- दिशा निर्देशों के अनुसार ऐसे मामलों में आरोग्य सेतु ऐप का इस्तेमाल अनिवार्य होगा।
- सभी यात्रियों को अपने मोबाइल पर आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड करने की सलाह दी जाएगी।
- विमान या जहाज में सवार होने के समय थर्मल स्क्रीनिंग के बाद केवल बिना लक्षण वाले यात्रियों को सफर करने की अनुमति दी जाएगी।
- हवाईअड्डों के साथ-साथ विमानों में साफ-सफाई और संक्रमण मुक्त करने का छिड़काव करने से जैसे उचित एहतियाती कदम उठाए जाएंगे।
- विमान में सवार होते वक्त और हवाईअड्डों पर सामाजिक दूरी बनाए रखने के सभी संभव कदम सुनिश्चित किए जाएंगे।
- विमान या जहाज में चढ़ते वक्त मास्क पहनना, साफ-सफाई बनाए रखना, हाथ धोने जैसे एहतियाती कदमों पर नजर रखी जाएगी। आगमन पर हवाईअड्डे/बंदरगाहों/सीमा चौकियों पर मौजूद स्वास्थ्य अधिकारी सभी यात्रियों की थर्मल स्क्रीनिंग करेंगे।
- जांच के दौरान जिस यात्री में भी लक्षण पाए जाएंगे उसे तत्काल पृथक किया जाएगा और चिकित्सा केंद्र ले जाया जाएगा।
- राज्य पृथक रखने के संबंध में अपने हिसाब से नियम बना सकते हैं।