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Survey: गृह मंत्रालय ने 576 भाषाओं का मातृभाषा सर्वेक्षण पूरा किया, क्षेत्रीय वीडियोग्राफी की ली गई मदद
Tue, 08 Nov 2022 02:47 PM IST
संजीव कुमार झा
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Tue, 08 Nov 2022 02:47 PM IST
सार
गृह मंत्रालय ने देशभर में 576 भाषाओं और बोलियों का मातृभाषा सर्वेक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है।
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गृह मंत्रालय
- फोटो : ANI
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विस्तार
देश के कोने-कोने में बोली जा रहीं 576 भाषाओं और बोलियों के सर्वेक्षण का काम गृह मंत्रालय ने पूरा कर लिया है। मातृभाषा सर्वे ऑफ इंडिया (एमटीएसआई) के तहत इस काम के लिए वीडियोग्राफी की मदद ली गई है। अब इस भाषायी डाटा को नेशनल इंर्फोमेटिक्स सेंटर द्वारा वेब आर्काइव के रूप में सहेज कर रखा जाएगा। वेब आर्काइव सभी स्थानीय मातृभाषाओं के मूल स्वरूप और मिठास को बचाए रखने में मदद करेगा। एजेंसी
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गृह मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, समस्त वीडियोग्राफी के सही संपादन के लिए भाषा विशेषज्ञों की सहायता ली जा रही है। देश में भाषायी सर्वे 1980 में छठी पंचवर्षीय योजना के साथ शुरू हुआ। उत्तर प्रदेश और तमिलनाडु में अभी जमीनी स्तर पर कार्य चल रहा है।
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जियोस्पेशियल तकनीक से जनगणना
मंत्रालय ने बताया कि जनगणना 2021 कोविड महामारी की वजह से रुकी है। इसे प्रभावी ढंग से पूरा करने के लिए कई नई पहल हो रही हैं, जिनमें जियोस्पेशियल तकनीक का उपयोग शामिल है। जनगणना के परिणाम वेब आधारित इंटरैक्टिव नक्शे साझा किए जा रहे हैं। गणना में शामिल सभी सदस्यों को इस्तेमाल हो रहे सॉफ्टवेयर उपयोग करने का प्रशिक्षण मिला है।
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छह लाख नक्शे बनाए
जून 2022 तक हुए क्षेत्राधिकार संबंधी बदलाव भी जनगणना में शामिल हैं। इनके तहत जिले, उपनगर, गांव आदि स्तर के छह लाख नक्शे बनाए गए हैं, स्टाफ इनकी मदद ले रहा है। पहली बार हाउस लिस्टिंग ब्लॉक (एचएलबी) मोबाइल मैपिंग एप का उपयोग हो रहा है।