एससीओ समिट में पीएम मोदी और इमरान के बीच नहीं होगी मुलाकात: विदेश मंत्रालय
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शंघाई कोऑपरेशन आर्गेनाइजेशन में पीएम नरेंद्र मोदी और पाकिस्तानी पीएम इमरान खान मुलाकात को लेकर चल रही अटकलों पर विदेश मंत्रालय ने विराम लगा दिया है। गुरुवार को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान के बीच बातचीत की खबरों को सिरे से खारिज कर दिया।
रवीश कुमार ने कहा कि मेरी जानकारी में प्रधानमंत्री मोदी और इमरान खान की किसी तरह की मुलाकात तय नहीं है। रवीश कुमार ने कहा कि बिश्केक में होने वाले एससीओ समिट के दौरान दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों के बीच कोई बैठक नहीं होगी।
Raveesh Kumar, MEA: To the best of my knowledge no meeting has been planned between PM Modi and Pakistan PM Imran Khan at the SCO Summit in Bishkek. pic.twitter.com/KJoqE00Uf6
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) June 6, 2019
उन्होंने पाकिस्तान के विदेश सचिव सोहेल महमूद के भारत दौरे पर कहा कि पाकिस्तान के विदेश सचिव की यात्रा निजी थी और उनके साथ किसी तरह ती कोई आधिकारिक बैठक सुनिश्चित नहीं थी।
गौरतलब है कि आगामी 13 और 14 जून को किर्गिस्तान में शंघाई कोआपरेशन आर्गेनाइजेशन की बैठक होनी है, जिसमें भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान दोनों शामिल होंगे। इसी के मद्देनजर कयासों का बाजार गर्म था। अटकलें लगाई जा रही थीं कि दोनों नेताओं के बीच बातचीत हो सकती है।
ईद से पहले पाकिस्तान के विदेश सचिव सोहेल महमूद दिल्ली आए थे। उन्होंने ईद की नमाज भी दिल्ली के जामा मस्जिद में अता की थी। इसके बाद से अटकलें और भी तेज हो गई थीं।
आर्थिक भगोड़ों को वापस लाने में जल्द ही मिलेगी कामयाबी
इसी दौरान विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने देश के तीनों इकोनॉमिक अफेंडर यानी विजय माल्या, नीरव मोदी और मेहुल चोकसी पर कहा कि तीनों आर्थिक अपराध करने वाले भगोड़ों को वापस लाने की हमारी गहरी प्रतिबद्धता है। हम उन्हें वापस लाने के रास्ते पर चल रहे हैं। भारत सरकार को इस मामले में जल्द कामयाबी मिलने का भरोसा है। हम उन्हें वापस लाने में सफल होंगे।
ईरान से तेल आयात और हाफिज सईद पर भी विदेश मंत्रालय ने दिया बयान
इसके अलावा रवीश कुमार ने ईरान से तेल आयात के संबंध में भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भारत ने अपने फैसले में पहले की अपेक्षा किसी तरह का बड़ा बदलाव नहीं किया है। कुल मिला कर बात यही है कि भारत अपनी व्यवसायिक स्ठिति, उर्जा संरक्षण और राष्ट्र हित को ध्यान में रखते हुए ही फैसला लेगा।
आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान के नर्म रवैये पर भी उन्होंने निशाना साधा। पाकिस्तानी मीडिया में छपी खबरों के मुताबिक हाफिज सईद को लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम में ईद की नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं मिली थी। इन खबरों पर रवीश ने कहा कि हमने पहले भी देखा है कि इस तरह की कार्रवाई के बाद भी कुछ नहीं हुआ है। पाकिस्तान को अपनी बात पर कायम रहना चाहिए।
MEA Raveesh Kumar on reports that Hafiz Saeed was not allowed to lead Eid prayers at Gaddafi stadium in Lahore: We have seen earlier as well that no follow up is done to such actions. Pakistan must walk the talk. pic.twitter.com/opuaYUsrwI
— ANI (@ANI) June 6, 2019
मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने नए विदेश मंत्री के पहले आधिकारिक दौरे की भी जानकारी देते हुए बताया कि डॉ जयशंकर आगामी 7-8 जून को भूटान के दौरे पर जाएंगे। यह दौरा भारत और भूटान के द्विपक्षीय संबंध को मजबूती देगा।