NDA: 17 महिला कैडेटों का पहला बैच एनडीए से स्नातक; 300 से अधिक पुरुष साथियों के साथ इतिहास की ओर बढ़ाए कदम
भारत की रक्षा सेवाओं के इतिहास में आज एक नया अध्याय जुड़ा है। पहली बार नेशनल डिफेंस एकेडमी (एनडीए) से 17 महिला कैडेट्स ने स्नातक की पढ़ाई पूरी कर ली है। ये सभी महिला कैडेट्स अब पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर देश की सेवा के लिए तैयार हैं।
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एक ऐतिहासिक उपलब्धि के तौर पर 17 महिला कैडेटों का पहला बैच शुक्रवार को पुणे स्थित राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) से स्नातक हो गया। बैच में 300 से अधिक पुरुष भी थे। यह पहला सह-शिक्षा बैच (को-एड बैच) है, जिसने यह उपलब्धि हासिल की है। कैडेटों ने खड़कवासला में त्रि-सेवा प्रशिक्षण अकादमी के खेत्रपाल परेड ग्राउंड में 'अंतिम पग' का प्रदर्शन किया। इसे आम तौर पर 'नेतृत्व का पालना' के रूप में जाना जाता है। पूर्व सेना प्रमुख और मिजोरम के वर्तमान राज्यपाल जनरल वीके सिंह पासिंग आउट परेड के समीक्षा अधिकारी थे।
यूपीएससी (संघ लोक सेवा आयोग) की ओर से 2021 में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के तहत महिलाओं को रक्षा अकादमी में आवेदन करने की अनुमति दिए जाने के बाद महिला कैडेटों का पहला बैच 2022 में एनडीए के 148वें कोर्स में शामिल हुआ था। अकादमी के कैडेट कैप्टन उदयवीर नेगी ने 148वें कोर्स की परेड की कमान संभाली।
इस अवसर पर जनरल सिंह ने कहा, 'आज अकादमी के इतिहास में एक अनोखा महत्वपूर्ण दिन है, क्योंकि एनडीए से महिला कैडेटों का पहला बैच पास आउट हुआ है। यह अधिक समावेशिता और सशक्तिकरण की दिशा में हमारी सामूहिक यात्रा में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है।' उन्होंने कहा कि ये युवतियां नारी शक्ति का अपरिहार्य प्रतीक हैं, जो न केवल महिलाओं के विकास, बल्कि महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास का प्रतीक हैं। उन्होंने कहा, 'मैं एक ऐसे भविष्य की कल्पना करता हूं, जो अब से बहुत दूर नहीं है, कि इनमें से कोई एक युवतियां जिस सेवा में जाती हैं, उसमें सर्वोच्च भूमिका निभाएं।'
#WATCH महाराष्ट्र: पुणे में राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (NDA) के 148वें कोर्स की पासिंग आउट परेड चल रही है।
परेड की समीक्षा जनरल वीके सिंह, PVSM, AVSM, YSM (सेवानिवृत्त), मिजोरम के राज्यपाल और पूर्व थल सेनाध्यक्ष (COAS) द्वारा की जा रही है।
(सोर्स: राष्ट्रीय रक्षा अकादमी) pic.twitter.com/ovXCYviRz5
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 30, 2025
कुल 339 कैडेट्स को मिली डिग्री
दिल्ली की जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) से कुल 339 कैडेट्स को स्नातक की डिग्रियां दी गईं। इनमें:
- 84 कैडेट्स को B.Sc डिग्री
- 85 को कंप्यूटर साइंस
- 59 को बी.ए. (Bachelor of Arts)
- 111 को बीटेक (B.Tech) की डिग्री मिली।
मुख्य अतिथि ने महिला कैडेट्स को बताया 'परिवर्तन की मशाल'
दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन मौजूद थीं। उन्होंने कहा, 'एनडीए अब तक 40,000 से ज्यादा अफसर तैयार कर चुका है, जो देश के लिए युद्ध और शांति दोनों में गौरव लाए हैं।' उन्होंने महिला कैडेट्स की उपलब्धि को खास बताते हुए कहा, 'आपने सिर्फ अपनी सफलता नहीं पाई, बल्कि देश की हजारों लड़कियों को सपना देखने की ताकत दी है। आप परिवर्तन, साहस और क्षमता की प्रतीक हैं।'
कई क्षेत्रों में टॉप करने वाले कैडेट्स
- साइंस स्ट्रीम में कैडेट लकी कुमार ने पहला स्थान हासिल किया।
- कंप्यूटर साइंस स्ट्रीम में प्रिंस कुमार सिंह कुशवाह टॉपर रहे।
- आर्ट्स स्ट्रीम में श्रीति दक्ष, जो 17 महिला कैडेट्स में से एक हैं, ने पहला स्थान पाया।
- बीटेक स्ट्रीम में उदयवीर सिंह नेगी टॉपर बने।
महिलाओं के लिए कब खुला एनडीए का रास्ता?
साल 2021 में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) ने महिलाओं को एनडीए में प्रवेश की अनुमति दी थी। इसके बाद महिलाओं का पहला बैच 2022 में एनडीए में शामिल हुआ था। अब, दो साल की कठिन ट्रेनिंग पूरी कर ये 17 महिला कैडेट्स देश के तीनों रक्षा अंगों - थल सेना, नौसेना और वायुसेना - में अधिकारी बनने के लिए तैयार हैं।