Tamil Nadu Rain: तमिलनाडु में बारिश से 10 की मौत; स्टालिन का पीएम मोदी से राष्ट्रीय आपदा घोषित करने का अनुरोध
भारतीय सेना ने बाढ़ प्रभावित थुटुकुडी जिले में 57 महिलाओं, 39 पुरुषों और 15 बच्चों का रेस्क्यू किया। बाढ़ जैसे हालात के चलते कई इलाकों में लोग फंसे हुए हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, भारतीय सेना और वायुसेना लोगों के रेस्क्यू में जुटी हैं। जलमग्न इलाकों में भारतीय कोस्ट गार्ड के जवान फंसे हुए लोगों को निकालने और लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाने में जुटे हैं।
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तमिलनाडु अब तक चक्रवाती तूफान मिचौंग के प्रभाव से उबर भी नहीं पाया है। इस बीच राज्य में एक बार फिर भीषण बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। तमिलनाडु के दक्षिणी जिलों में लगातार हो रही बारिश के कारण यहां बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। आलम यह है कि भारी बारिश से 10 लोगों की मौत हो गई। तमिलनाडु के मुख्य सचिव शिव दास मीना ने मंगलवार को इसकी पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि भारत मौसम विज्ञान विभाग का भारी बारिश का पूर्वानुमान भी 'गलत' था, क्योंकि दो दिनों के भीतर प्रभावित जिलों में 1150 मिमी बारिश हुई।
उन्होंने कहा कि दो दिनों से लगाताक हो रही बारिश के कारण तिरुनेलवेली और तूतीकोरिन जिलों में कुछ की जान दीवार गिरने से तो कुछ की मौत बिजली का करंट लगने से हुई। 30 घंटों के भीतर कयालपट्टिनम में 1,186 मिमी बारिश हुई, जबकि तिरुचेंदूर में 921 मिमी बारिश हुई। तूतीकोरिन में कई जगहें और थमीराभरानी नदी के किनारे स्थित गांव बाढ़ के कारण प्रभावित हुए। इससे जुड़े कई वीडियो वायरल हुए हैं, जिनमें घरों में पानी भरा देखा जा सकता है। इस बीच जिलाधिकारियों को बांधों से पानी छोड़ने और जनजीवन का ध्यान रखने को लेकर अलर्ट किया गया है।
Tamil Nadu Chief Minister MK Stalin met Prime Minister Narendra Modi and gave a request petition to declare the damage caused by the Michaung storm and the heavy rainfall in the southern districts as a national calamity and to provide a disaster relief fund.
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TN CM has said that… pic.twitter.com/IwUJe5pU8a— ANI (@ANI) December 19, 2023
सीएम स्टालिन ने प्रधानमंत्री मोदी से की मुलाकात
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने मंगलवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की और मिचौंग तूफान और दक्षिणी जिलों में भारी बारिश से हुए नुकसान को राष्ट्रीय आपदा घोषित करने और आपदा राहत कोष प्रदान करने का अनुरोध किया। सीएम स्टालिन ने कहा कि 100 साल के इतिहास में दक्षिणी जिलों में भारी बारिश से काफी नुकसान हुआ है। इसलिए तिरुनेलवेली, थूथुकुडी, कन्याकुमारी और तेनकासी जिलों के लोगों को जरूरी सहायता पहुंचाने के लिए आपदा राहत कोष से 2000 करोड़ रुपये जारी करने की जरूरत है।
राहत अभियान जारी
भारतीय सेना ने बाढ़ प्रभावित थुटुकुडी जिले में 57 महिलाओं, 39 पुरुषों और 15 बच्चों का रेस्क्यू किया। बाढ़ जैसे हालात के चलते कई इलाकों में लोग फंसे हुए हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, भारतीय सेना और वायुसेना लोगों के रेस्क्यू में जुटी हैं। जलमग्न इलाकों में भारतीय कोस्ट गार्ड के जवान फंसे हुए लोगों को निकालने और लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाने में जुटे हैं। वायुसेना ने बाढ़ प्रभावित इलाकों से लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए ऑपरेशन चल रही है। लोगों को एयर लिफ्ट किया जा रहा है। एक गर्भवती महिला और डेढ़ साल की बच्ची समेत चार यात्रियों को वायुसेना ने सुरक्षित बचाया। राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल सहित केंद्र और राज्य सरकार की एजेंसियों के लगभग 1,343 कर्मी बचाव और राहत अभियान कार्य में शामिल हैं।
राहत शिविरों में रह रहे लोग
तमिलनाडु के मुख्य सचिव शिव दास मीना ने आगे कहा कि अब तक हमने 160 राहत शिविर स्थापित किए हैं और इन राहत शिविरों में लगभग 17,000 लोगों को रखा गया है। लोगों को लगभग 34,000 भोजन के पैकेट वितरित किए गए हैं और अब भी हम कुछ गांवों तक नहीं पहुंच सकते क्योंकि जल स्तर अभी भी कम नहीं हुआ है।
बाढ़ प्रभावित दक्षिणी तमिलनाडु में फंसे सभी रेल यात्रियों को बचाया गया
इसी बीच, दक्षिणी तमिलनाडु में थूथुकुडी के पास बाढ़ वाले इलाके श्रीवैकुंटम में फंसे सभी 809 ट्रेन यात्रियों को मंगलवार को बचा लिया गया। दक्षिणी रेलवे ने अपनी विज्ञप्ति में कहा, मंगलवार शाम तक 809 यात्रियों में से 509 लोगों को श्रीवैकुंटम रेलवे स्टेशन से निकाल लिया गया है। उन्हें बसों द्वारा वांची मनियाची रेलवे स्टेशन ले जाया गया, जहां से उन्हें चेन्नई ले जाने के लिए एक विशेष ट्रेन निर्धारित की गई है। श्रीवैकुंटम के एक स्कूल में ठहराए गए 300 अन्य रेल यात्रियों में से 270 यात्री स्वयं ही बाहर चले गए क्योंकि उनमें से अधिकांश आसपास के स्थानों के थे। शेष 30 यात्रियों को भी आरपीएफ की मदद से निकाला जा रहा है और उन्हें सड़क मार्ग से मनियाची स्टेशन ले जाया जाएगा।