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Covid 19 India: कोविड को लेकर सभी पक्ष अलर्ट रहें, भीड़ वाली जगह मास्क की सलाह, तीसरी खुराक अनिवार्य

Wed, 21 Dec 2022 02:15 PM IST
सुरेंद्र जोशी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Wed, 21 Dec 2022 02:15 PM IST
सार

Covid 19 Situation in India: कोरोना के पॉजिटिव मामलों की जीनोम सीक्वेंसिंग फिर से शुरू की गई है। केंद्र सरकार के आदेश के बाद दिल्ली सरकार के लोकनायक और आईएलबीएस अस्पताल में जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए पाजिटिव सैंपलों को जुटाया जा रहा है।  

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Covid 19 India: Mandaviya alerted about Covid, Dr. Pal called precautionary dose mandatory, know all updates
Health Minister Mandaviya chairs meeting over COVID19 situation - फोटो : ANI

विस्तार

चीन समेत कुछ देशों में एक बार फिर सिर उठा रहे कोरोना को लेकर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया की अध्यक्षता में आज उच्च स्तरीय बैठक हुई। इसके बाद मंडाविया ने कहा कि कोरोना अभी गया नहीं है। सभी संबंधित पक्षों को इसे लेकर सतर्क व सावधान रहना है। उधर, नीति आयोग के सदस्य डॉ. वीके पॉल ने कहा कि कोरोना टीकों की तीसरी या ऐहतियाती खुराक अनिवार्य है। इसे सभी को लेना चाहिए। भीड़भाड़ वाली जगह मास्क पहने की सलाह भी दी गई है।

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बैठक के बाद मंडाविया ने ट्वीट कर कहा, 'कुछ देशों में बढ़ते कोरोना मामलों को देखते हुए हमने विशेषज्ञों व अधिकारियों के साथ देश में हालात की समीक्षा की। कोविड अभी गया नहीं है। सभी संबंधित पक्षों को निर्देश दिया गया है कि वे सतर्क रहें और निगरानी को मजबूत करें। हम किसी भी हालात से निपटने के लिए तैयार हैं।' 

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सिर्फ 27-28 फीसदी लोगों ने लगवाई तीसरी खुराक : डॉ. पॉल
बैठक में शामिल नीति आयोग के सदस्य डॉ. वीके पॉल ने बताया कि देश के सिर्फ 27-28 फीसदी लोगों ने अभी कोरोना टीकों की ऐहतियाती या तीसरी खुराक लगवाई है। हम अन्य सभी से, खासकर बुजुर्गों से अपील करते हैं कि वे यह डोल लें। यह खुराक अनिवार्य है और सभी के लिए निदेर्शित है। 
 
दिल्ली में जीनोम सीक्वेंसिंग शुरू
इस बीच, कोरोना के पॉजिटिव मामलों की जीनोम सीक्वेंसिंग फिर से शुरू की गई है। केंद्र सरकार के आदेश के बाद दिल्ली सरकार के लोकनायक और आईएलबीएस अस्पताल में जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए पाजिटिव सैंपलों को जुटाया जा रहा है। लोकनायक अस्पताल के निदेशक डॉ सुरेश कुमार ने बताया कि पॉजिटिव सैंपलों की जीनोम सीक्वेंसिंग की दैनिक आधार पर जीनोम सीक्वेंसिंग की जाएगी। इससे पता चल पाएगा की कोरोना का कोई नया वैरिएंट तो नहीं पनप रहा है। गौरतलब है कि जापान, दक्षिण कोरिया, ब्राजील, चीन और अमेरिका में कोरोना के नए मामले चिंताजनक तरीके से बढ़ रहे हैं।

इससे पूर्व केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री डॉ. भारती पवार ने बताया कि मंगलवार को जीनोम सीक्वेंसिंग को लेकर गाइड लाइन जारी की गई थी। आज बैठक आयोजित कर देश में हालात की समीक्षा की। बैठक में नीति आयोग के सदस्य डॉ. वी के पॉल, कोविड-19 वर्किंग ग्रुप एनटीएजीआई के प्रमुख डॉ. एन.के. अरोड़ा, डीजी-आईसीएमआर डॉ. राजीव बहल, जैव प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव डॉ. राजेश गोखले और डीजीएचएस स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय डॉ. अतुल गोयल शामिल हुए। 

आईजीआई एयरपोर्ट पर होगी रेंडम जांच
इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक बार फिर से रेंडम जांच की जाएगी। सूत्रों की माने तो कोरोना प्रभावित देशों से आ रहे लोगों की अनिवार्य रूप से जांच की जाएगी। इसमें देखा जाएगा कि किसी भी यात्री में कोई लक्षण तो नहीं। यदि किसी में लक्षण पाए जाते हैं तो उसे क्वारंटाइन कर दिया जाएगा।

देश में हालात अभी नियंत्रण में 
पिछले कुछ दिनों के कोरोना आंकड़ों पर नजर डाली जाए तो पिछले हफ्ते संक्रमण के चलते भारत में 12 मौतें दर्ज की गई हैं। पिछले तीन दिनों से एक भी मौत का मामला सामने नहीं आया है। मार्च 2020 के बाद दैनिक मृत्यु के मामले में यह सबसे कम है। कोरोना के मामलों की बात करें तो पिछले सप्ताह कोरोना के 1103 नए मामले दर्ज किए गए है।

चीन में ओमिक्रॉन के बीएफ.7 का कहर
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बताया कि चीन में फिलहाल बढ़े मामलों के लिए ओमिक्रॉन BF.7 सब-वैरिएंट जिम्मेदार है। वहां अगले तीन माह में तीन कोरोना लहरें आने का खतरा है। इससे 80 करोड़ लोग संक्रमित हो सकते हैं और 10 लाख से ज्यादा मौतों की आशंका जताई गई है। 

गुजरात में मिला था पहला केस
इस वैरिएंट का खतरा भारत में भी हो सकता है। अक्तूबर में गुजरात बायोटेक्नोलॉजी रिसर्च सेंटर ने देश में इस वैरिएंट के कारण संक्रमण के पहले मामले की पुष्टि की थी। भारत के अलावा कई यूरोपीय देशों में भी इस वैरिएंट के कारण संक्रमण की पुष्टि की जा चुकी है।
INSACOG डेटा से पता चलता है कि दुनियाभर में पाए गए ओमिक्रॉन के लगभग सभी सब-वेरिएंट भारत देखे जा चुके हैं। फिलहाल हम स्थिति पर कड़ी निगरानी रख रहे हैं, लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि भारत में स्थिति नियंत्रण में है।



भारत में जोखिम कम : डॉ. अरोड़ा
भारत में कोरोना के जोखिम के बारे में टीकाकरण पर राष्ट्रीय तकनीकी सलाहकार समूह (एनटीएजीआई) के चेयरमैन डॉ एन के अरोड़ा कहते हैं, चीन में व्यापक रूप से कोविड संक्रमण की खबरें हैं। जहां तक भारत में इसके खतरे की बात है तो यहां बड़े पैमाने पर लोगों का टीकाकरण हो चुका है, जिससे संक्रमण का जोखिम काफी कम है।

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