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मद्रास हाईकोर्ट: एक सितंबर से बेचे जाने वाले सभी नए वाहनों के लिए बंपर टु बंपर इंश्योरेंस जरूरी
Fri, 27 Aug 2021 05:11 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, चेन्नई।
एजेंसी, चेन्नई।
Published by: Jeet Kumar
Updated Fri, 27 Aug 2021 05:11 AM IST
सार
हाईकोर्ट ने हालांकि ट्रिब्यूनल का आदेश रद्द कर बीमाधारकों को कोई राहत नहीं दी क्योंकि जिस वाहन में वे यात्रा कर रहे थे उसका केवल थर्ड पार्टी बीमा ही किया गया था। फिर भी इस ताजा आदेश को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
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Madras high court
- फोटो : social media
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विस्तार
मद्रास हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण आदेश में कहा कि एक सितंबर से बेचे जाने वाले सभी नए वाहनों के लिए बंपर टु बंपर इंश्योरेंस अनिवार्य होना चाहिए। यह बीमा वाहन चालक, उसमें सवार यात्रियों और वाहन मालिक को कवर करने के बाद अलग से 5 वर्ष के लिए जोड़ा जाना चाहिए।
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इसके बाद की अवधि में वाहन मालिक को वाहन चालक, यात्रियों, थर्ड पार्टी और खुद के लिए भी सावधान रहना चाहिए क्योंकि अभी 5 वर्ष से आगे बंपर टु बंपर बीमा पॉलिसी बढ़ाने का प्रावधान नहीं है।
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जस्टिस एस वैद्यनाथन ने कहा कि ऐसा करने से वाहन के मालिक पर अनावश्यक भार नहीं आएगा। उन्होंने यह निर्णय न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी लिमिटेड अवलपुनदुरई द्वारा दायर एक याचिका में दिया।
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याचिका में मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल की ईरोड स्थित विशेष जिला अदालत द्वारा 7 दिसंबर 2019 को दिए आदेश को चुनौती दी गई थी। इसमें कहा गया कि संबंधित मामले में ली गई बीमा पॉलिसी केवल उन जोखिम को कवर करती है जो तीसरे पक्ष द्वारा होते हैं, न कि वाहन में मौजूद लोगों द्वारा।
वाहन में मौजूद लोगों के लिए कार मालिक द्वारा बीमा कंपनी को अतिरिक्त प्रीमियम का भुगतान कर कवरेज लिया जा सकता है। ट्रिब्यूनल ने मामले से संबंधित चार लोगों को 14.65 लाख रुपए मुआवजे का आदेश दिया था।
हाईकोर्ट ने हालांकि ट्रिब्यूनल का आदेश रद्द कर बीमाधारकों को कोई राहत नहीं दी क्योंकि जिस वाहन में वे यात्रा कर रहे थे उसका केवल थर्ड पार्टी बीमा ही किया गया था। फिर भी इस ताजा आदेश को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
महंगी कार लेते हैं तो इंश्योरेंस पूरा क्यों नहीं?
हाईकोर्ट ने इसे दुखद बताया कि अक्सर कार खरीदार बीमा शर्तों को ठीक से नहीं पढ़ते, न बीमा बेचने वाले उन्हें इस बारे में बताते हैं। लोग अपनी कार के परफॉर्मेंस को लेकर चिंतित रहते हैं, जबकि उन्हें बीमा पॉलिसी को लेकर ज्यादा गंभीर होना चाहिए। कार खरीदार बड़ी राशि चुका कर वाहन तो खरीद लेते हैं, लेकिन यह हैरान करने वाला है कि बीमा के लिए वे ऐसी रुचि नहीं दिखाते जो उन्हें और उनके वाहन को ज्यादा सुरक्षा दे सकता है।