महाराष्ट्र: भिवंडी में एक अपार्टमेंट की पार्किंग में लगी भीषण आग, 14 दोपहिया वाहन जलकर खाक
गणेशोत्सव की धूम के बीच मुंबई में मंगलवार रात 9 बजे तक 25,231 गणेश और हरतालिका प्रतिमाएं विसर्जित की गईं। यह 12 दिवसीय गणेश उत्सव का पहला विसर्जन दिवस था। कुल 24,631 गणेश प्रतिमाएं विसर्जित हुईं। इनमें 110 सार्वजनिक मंडल और 24,521 घरेलू प्रतिमाएं थीं। 600 हरतालिका प्रतिमाएं भी विसर्जित हुईं। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) अधिकारियों के अनुसार, कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। बीएमसी ने विसर्जन स्थलों पर पर्याप्त व्यवस्था की थी, जिसमें कृत्रिम तालाब भी शामिल थे। गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन डेढ़, पांच, सात और अंतिम दिन होता है। यह उत्सव इस साल 25 सितंबर को अनंत चतुर्दशी पर समाप्त होगा। उस दिन रंगारंग शोभायात्राओं के साथ प्रतिमाएं विसर्जित की जाएंगी।
पालघर में सोशल मीडिया टिप्पणी, शिवसेना पार्षद के खिलाफ मामला दर्ज
महाराष्ट्र के पालघर जिले के नालासोपारा में पुलिस ने मंगलवार को एक शिवसेना पार्षद के खिलाफ मामला दर्ज किया। उन पर सोशल मीडिया टिप्पणी को लेकर एक व्यक्ति पर हमला करने का आरोप है। वसई विरार शहर महानगरपालिका की पार्षद हेमलता सिंह के खिलाफ तुलिंज पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज हुआ। पुलिस ने उनके दो सहयोगियों को गिरफ्तार किया है। पीड़ित धर्मेंद्र विश्वकर्मा ने फेसबुक पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। विश्वकर्मा ने शिकायत में बताया कि उन्हें अर्जुन दुबे नामक व्यक्ति ने एक होटल में बुलाया था। वहां पार्षद हेमलता सिंह और उनके सहयोगी अमरीश ने उन्हें बांस की छड़ियों से पीटा। हमले के दौरान पीड़ित की सोने की चेन छीनी गई और करीब 20,000 रुपये का स्मार्टफोन भी चोरी हो गया। पुलिस ने क्रॉस-एफआईआर भी दर्ज की और विश्वकर्मा तथा पार्षद के सहयोगी मनीष सिंह को गिरफ्तार किया। हेमलता सिंह और अन्य मुख्य आरोपी फरार हैं।
भिवंडी में एक अपार्टमेंट की पार्किंग में लगी भीषण आग, 14 दोपहिया वाहन जलकर खाक
इस घटना में पार्किंग में खड़े 14 दोपहिया वाहन जलकर राख हो गए। धुएं की वजह से कुछ बुजुर्गों और बच्चों को सांस लेने में परेशानी और उल्टियां होने की शिकायत भी सामने आई है। उन्हें उपचार के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हालांकि, किसी के घायल होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। खांडूपाड़ा इलाके के उमर अपार्टमेंट में तेज लपटें आग की तीव्रता बयां कर रही थीं। इमारत का एक हिस्सा पूरी तरह काला पड़ गया, जबकि दूसरे हिस्से पर लगा पुराना रंग अभी भी दिखाई दे रहा है।
स्थानीय निवासी अब्दुल शेख ने बताया, 'मैं सुबह करीब 4 बजे जागा और मुझे कुछ हलचल सुनाई दी। जब मैंने दरवाजा खोला, तो हर तरफ धुआं ही धुआं था। बाद में, मैंने खिड़की से बाहर देखा और मुझे ऊपर छत पर जाने के लिए कहा गया। मैं अपने बच्चों को छत पर ले गया क्योंकि नीचे आने का कोई रास्ता नहीं था। नीचे का पूरा इलाका आग की चपेट में था।'
स्थानीय लोगों के मुताबिक, आग लगने की जानकारी मिलने के बाद भिवंडी दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का काम शुरू किया। आग लगने की सूचना मिलते ही शांतिनगर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। शुरुआती तौर पर शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, लेकिन आग का सही कारण अभी स्पष्ट नहीं है।