{"_id":"66ffb10d99da17f5d209c5ff","slug":"maharashtra-polls-aimim-seeking-tie-up-with-mva-for-muslim-dominated-seats-says-imtiaz-jaleel-2024-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharashtra: विधानसभा चुनाव के लिए AIMIM ने किया एमवीए से संपर्क, 28 मुस्लिम बहुल्य सीटों पर दावा ठोका","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Maharashtra: विधानसभा चुनाव के लिए AIMIM ने किया एमवीए से संपर्क, 28 मुस्लिम बहुल्य सीटों पर दावा ठोका
Fri, 04 Oct 2024 02:42 PM IST
श्वेता महतो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: श्वेता महतो
Updated Fri, 04 Oct 2024 02:42 PM IST
सार
इम्तियाज जलील ने सवाल किया कि जब कांग्रेस और राकांपा-एसपी उस पार्टी से हाथ मिला सकती है जो हाल ही में धर्मनिरपेक्ष बनी है तो एआईएमआईएम महाविकास अघाड़ी के साथ गठबंधन क्यों नहीं बना सकती?
विज्ञापन
इम्तियाज जलील
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
महाराष्ट्र में इस साल के अंत तक विधानसभा चुनाव होने की संभावना है। इस चुनाव को देखते हुए एआईएमआईएम ने 28 मुस्लिम बहुल निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव लड़ने के लिए महाविकास अघाड़ी (एमवीए) के साथ गठबंधन की मांग करते हुए कांग्रेस और राकांपा-एसपी से संपर्क किया। पूर्व सांसद और पार्टी नेता इम्तियाज जलील ने शुक्रवार को बताया कि एआईएमआईएम ने कांग्रेस और राकांपा-एसपी के अध्यक्षों को 28 सीटों का प्रस्ताव भेजा।
मराठी न्यूज चैनल को साक्षात्कार देते हुए इम्तियाज जलील ने कहा, "एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी से सलाह लेने के बाद हमने एक पत्र तैयार किया। इसे कांग्रेस और राकांपा-एसपी को भेजा गया। शिवसेना (यूबीटी) धर्मनिरपेक्ष बनी है और विभिन्न मुद्दों पर हम उनका रुख जानते हैं।" उन्होंने सवाल किया कि जब कांग्रेस और राकांपा-एसपी उस पार्टी से हाथ मिला सकती है जो हाल ही में धर्मनिरपेक्ष बनी है तो एआईएमआईएम महाविकास अघाड़ी के साथ गठबंधन क्यों नहीं बना सकती?
जलील ने कहा, "हमने उन्हें 28 मुस्लिम बहुल क्षेत्रों का प्रस्ताव दिया है। हम इन क्षेत्रों में मजबूती से टक्कर दे सकते हैं। हमने उनसे (कांग्रेस और राकांपा-एसपी) कहा कि अगर बहुत सारे उम्मीदवार मैदान में हैं तो इससे भाजपा को लाभ होगा।" उन्होंने कहा कि एआईएमआईएम ने केवल निर्वाचन क्षेत्रों को सूचीबद्ध किया है, और वह कम सीटों पर भी चुनाव लड़ सकती है।
विज्ञापन
बता दें कि इस साल नवंबर में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है। वर्तमान समय में विधानसभा में 103 विधायकों के साथ भाजपा सबसे बड़ी पार्टी है। इसके अलावा शिवसेना की 40, राकांपा की 41, कांग्रेस की 40 शिवसेना (यूबीटी) की 15, राकांपा-एसपी की 13 और निर्दलीय की 29 विधायक हैं। कुछ सीटें खाली भी हैं।
विज्ञापन
मराठी न्यूज चैनल को साक्षात्कार देते हुए इम्तियाज जलील ने कहा, "एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी से सलाह लेने के बाद हमने एक पत्र तैयार किया। इसे कांग्रेस और राकांपा-एसपी को भेजा गया। शिवसेना (यूबीटी) धर्मनिरपेक्ष बनी है और विभिन्न मुद्दों पर हम उनका रुख जानते हैं।" उन्होंने सवाल किया कि जब कांग्रेस और राकांपा-एसपी उस पार्टी से हाथ मिला सकती है जो हाल ही में धर्मनिरपेक्ष बनी है तो एआईएमआईएम महाविकास अघाड़ी के साथ गठबंधन क्यों नहीं बना सकती?
विज्ञापन
जलील ने कहा, "हमने उन्हें 28 मुस्लिम बहुल क्षेत्रों का प्रस्ताव दिया है। हम इन क्षेत्रों में मजबूती से टक्कर दे सकते हैं। हमने उनसे (कांग्रेस और राकांपा-एसपी) कहा कि अगर बहुत सारे उम्मीदवार मैदान में हैं तो इससे भाजपा को लाभ होगा।" उन्होंने कहा कि एआईएमआईएम ने केवल निर्वाचन क्षेत्रों को सूचीबद्ध किया है, और वह कम सीटों पर भी चुनाव लड़ सकती है।
विज्ञापन
बता दें कि इस साल नवंबर में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है। वर्तमान समय में विधानसभा में 103 विधायकों के साथ भाजपा सबसे बड़ी पार्टी है। इसके अलावा शिवसेना की 40, राकांपा की 41, कांग्रेस की 40 शिवसेना (यूबीटी) की 15, राकांपा-एसपी की 13 और निर्दलीय की 29 विधायक हैं। कुछ सीटें खाली भी हैं।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन