{"_id":"66c59a0727fed3f2bd01bc44","slug":"maharashtra-cm-eknath-shinde-said-badlapur-protest-was-politically-motivated-most-protestors-were-outsiders-2024-08-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharashtra: 'सरकार को बदनाम करने की साजिश, बाहरी थे प्रदर्शनकारी', बदलापुर विरोध प्रदर्शन पर बोले सीएम शिंदे","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Maharashtra: 'सरकार को बदनाम करने की साजिश, बाहरी थे प्रदर्शनकारी', बदलापुर विरोध प्रदर्शन पर बोले सीएम शिंदे
Wed, 21 Aug 2024 01:10 PM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: नितिन गौतम
Updated Wed, 21 Aug 2024 01:10 PM IST
सार
मीडिया से बात करते हुए सीएम शिंदे ने विपक्ष पर निशाना साधा और कहा कि राज्य मंत्री गिरीश महाजन ने प्रदर्शनकारियों की सभी मांगों पर सहमति जताई, लेकिन वे फिर भी नरम पड़ने को तैयार नहीं हैं। इसका मतलब है कि वे सरकार को बदनाम करना चाहते थे।'
विज्ञापन
सीएम एकनाथ शिंदे
- फोटो : पीटीआई
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने बुधवार को दावा किया कि ठाणे जिले के बदलापुर में दो बच्चियों के कथित यौन शोषण को लेकर हुआ विरोध प्रदर्शन राजनीति से प्रेरित था और इसका उद्देश्य राज्य सरकार को बदनाम करना था। उन्होंने यह भी कहा कि अधिकांश प्रदर्शनकारी बाहरी थे। मीडिया से बात करते हुए सीएम शिंदे ने विपक्ष पर निशाना साधा और कहा कि इस घटना पर राजनीति करने वालों को शर्म आनी चाहिए।
बदलापुर में मंगलवार को बड़े पैमाने पर हुए थे विरोध प्रदर्शन
बदलापुर शहर में मंगलवार को विशाल पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुआ। दरअसल पिछले सप्ताह एक स्कूल में पुरुष परिचारक द्वारा दो बच्चों का यौन शोषण किया गया था। जैसे ही इसकी जानकारी लगी तो गुस्साए अभिभावकों, स्थानीय निवासियों और अन्य लोगों ने मंगलवार को रेलवे ट्रैक जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने स्कूल में तोड़फोड़ भी की। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना रहा और इसके चलते बदलापुर में अफरा-तफरी के हालात रहे। अब मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा है कि बदलापुर में विरोध प्रदर्शन राजनीति से प्रेरित था, क्योंकि प्रदर्शनकारी स्थानीय निवासी नहीं थे। विरोध प्रदर्शन में शामिल स्थानीय निवासियों की संख्या उंगलियों पर गिनी जा सकती है।'
उन्होंने कहा कि राज्य मंत्री गिरीश महाजन ने प्रदर्शनकारियों की सभी मांगों पर सहमति जताई, लेकिन वे अभी भी नरम पड़ने को तैयार नहीं हैं। इसका मतलब है कि वे सरकार को बदनाम करना चाहते थे।' सीएम ने कहा कि, कुछ प्रदर्शनकारियों ने 'लड़की बहन योजना' का उल्लेख करते हुए तख्तियां ले रखी थीं, जो महिलाओं के लिए उनकी सरकार की प्रमुख वित्तीय सहायता योजना है। तख्तियों पर लिखा था कि उन्हें 1,500 रुपये की मासिक राशि नहीं चाहिए, बल्कि अपनी लड़कियों के लिए सुरक्षा चाहिए।
विज्ञापन
सीएम ने उठाया सवाल- क्या कोई इस तरह विरोध करता है?
प्रदर्शनकारियों ने रेल मार्ग को अवरुद्ध कर दिया, जिसके कारण बदलापुर से अंबरनाथ के बीच रेल सेवाएं 10 घंटे से अधिक समय तक स्थगित रहीं। शिंदे ने कहा, 'क्या कोई इस तरह विरोध करता है? इस योजना के कारण विपक्ष को जो पेट दर्द हो रहा है, वह कल के विरोध प्रदर्शन से स्पष्ट है।' विरोध प्रदर्शन के दौरान बदलापुर रेलवे स्टेशन और शहर के अन्य स्थानों पर पथराव की घटनाओं में रेलवे पुलिस सहित कम से कम 25 पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने हिंसा के सिलसिले में कम से कम 72 लोगों को गिरफ्तार किया है और चार प्राथमिकी दर्ज की हैं।
विज्ञापन
बदलापुर में मंगलवार को बड़े पैमाने पर हुए थे विरोध प्रदर्शन
बदलापुर शहर में मंगलवार को विशाल पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुआ। दरअसल पिछले सप्ताह एक स्कूल में पुरुष परिचारक द्वारा दो बच्चों का यौन शोषण किया गया था। जैसे ही इसकी जानकारी लगी तो गुस्साए अभिभावकों, स्थानीय निवासियों और अन्य लोगों ने मंगलवार को रेलवे ट्रैक जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने स्कूल में तोड़फोड़ भी की। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना रहा और इसके चलते बदलापुर में अफरा-तफरी के हालात रहे। अब मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा है कि बदलापुर में विरोध प्रदर्शन राजनीति से प्रेरित था, क्योंकि प्रदर्शनकारी स्थानीय निवासी नहीं थे। विरोध प्रदर्शन में शामिल स्थानीय निवासियों की संख्या उंगलियों पर गिनी जा सकती है।'
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि राज्य मंत्री गिरीश महाजन ने प्रदर्शनकारियों की सभी मांगों पर सहमति जताई, लेकिन वे अभी भी नरम पड़ने को तैयार नहीं हैं। इसका मतलब है कि वे सरकार को बदनाम करना चाहते थे।' सीएम ने कहा कि, कुछ प्रदर्शनकारियों ने 'लड़की बहन योजना' का उल्लेख करते हुए तख्तियां ले रखी थीं, जो महिलाओं के लिए उनकी सरकार की प्रमुख वित्तीय सहायता योजना है। तख्तियों पर लिखा था कि उन्हें 1,500 रुपये की मासिक राशि नहीं चाहिए, बल्कि अपनी लड़कियों के लिए सुरक्षा चाहिए।
विज्ञापन
सीएम ने उठाया सवाल- क्या कोई इस तरह विरोध करता है?
प्रदर्शनकारियों ने रेल मार्ग को अवरुद्ध कर दिया, जिसके कारण बदलापुर से अंबरनाथ के बीच रेल सेवाएं 10 घंटे से अधिक समय तक स्थगित रहीं। शिंदे ने कहा, 'क्या कोई इस तरह विरोध करता है? इस योजना के कारण विपक्ष को जो पेट दर्द हो रहा है, वह कल के विरोध प्रदर्शन से स्पष्ट है।' विरोध प्रदर्शन के दौरान बदलापुर रेलवे स्टेशन और शहर के अन्य स्थानों पर पथराव की घटनाओं में रेलवे पुलिस सहित कम से कम 25 पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने हिंसा के सिलसिले में कम से कम 72 लोगों को गिरफ्तार किया है और चार प्राथमिकी दर्ज की हैं।