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Ram Mandir: '22 जनवरी को लोगों के दिलो-दिमाग में विराजमान होंगे भगवान राम', प्राण प्रतिष्ठा पर बोले होसबाले
Sun, 10 Dec 2023 12:26 AM IST
गुलाम अहमद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गुलाम अहमद
Updated Sun, 10 Dec 2023 12:26 AM IST
सार
आरएसएस नेता ने कहा कि श्री राम जन्मभूमि अंदोलन में हर भाषा, वर्ग, समुदाय और संप्रदाय के लोगों ने भाग लिया। 14 वर्ष के वनवास के बाद भगवान श्री राम सबसे पहले अपने राजमहल लौटे थे।
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Dattatreya Hosabale
- फोटो : Social Media
विस्तार
आरएसएस महासचिव दत्तात्रेय होसबाले ने शनिवार को कहा कि भगवान श्री राम अगले साल 22 जनवरी को 500 वर्षों के संघर्ष के बाद अयोध्या में अपने भव्य मंदिर में लौट आएंगे और लोगों के दिलो-दिमाग में विराजमान हो जाएंगे। दिल्ली में एक पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में होसबाले ने कहा कि धर्म की पुनर्स्थापना के लिए हमेशा संघर्ष होता रहा है। सृजन के लिए यह आवश्यक है। श्री राम जन्मभूमि के लिए 72 बार संघर्ष हुआ और हर पीढ़ी ने संघर्ष किया, लेकिन कभी हार नहीं मानी।
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आरएसएस नेता ने कहा, श्री राम जन्मभूमि अंदोलन में हर भाषा, वर्ग, समुदाय और संप्रदाय के लोगों ने भाग लिया। 14 वर्ष के वनवास के बाद भगवान श्री राम सबसे पहले अपने राजमहल लौटे थे। अब 500 साल के संघर्ष के बाद भगवान राम 22 जनवरी को अपने जन्मस्थान पर बने भव्य मंदिर में लौट रहे हैं। राम मंदिर आंदोलन का नेतृत्व वीएचपी और अन्य दक्षिणपंथी संगठनों ने राष्ट्रीय एकता के लिए किया था।
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उन्होंने कहा, राम हमारी प्रेरणा हैं, राम हमारी आस्था हैं। राम मंदिर सिर्फ एक और मंदिर या पर्यटन स्थल नहीं, बल्कि तीर्थस्थलों का एक स्तंभ है। श्री राम की अयोध्या का अर्थ त्याग, लोकतंत्र और सम्मान है।
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राम मंदिर के गर्भगृह की तस्वीर जारी
श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने शनिवार को राम मंदिर के गर्भगृह की तस्वीर जारी की। पीएम नरेंद्र मोदी इसी गर्भगृह में 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा करेंगे। 400 फीट लंबे और 300 फीट चौड़े गर्भगृह की अद्भुत नक्काशी एक झलक में ही मन मोह लेती है। मंदिर की चौखट पर पहुंचते ही भक्तों को सबसे पहले गज दर्शन होंगे। 32 सीढि़यां चढ़कर भक्त गर्भगृह तक पहुंचेंगे। करीब 20 फीट की दूरी से भक्तों को रामलला के दर्शन प्राप्त होंगे। राममंदिर के दरवाजों का निर्माण वैष्णव परंपरा के तहत किए गए हैं। भूतल में कुल 14 दरवाजे लगाए गए हैं। गर्भगृह की फर्श पर संगमरमर के पत्थर बिछाने का काम लगभग पूरा हो चुका है।
22 जनवरी को भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर का उद्धाटन
अयोध्या में 22 जनवरी को भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर का उद्धाटन होगा। श्रीराम मंदिर उद्धाटन से पहले पूरे देश में रामचरण पादुका यात्रा निकाली जाएगी। साथ ही सांस्कृतिक झांकियों का भी आयोजन किया जाएगा। प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए राम जन्मभूमि परिसर को सजाने का काम तेज कर दिया गया है। मंदिर निर्माण की गति बढ़ा दी गई है। 3500 मजदूर तीन शिफ्टों में काम कर रहे हैं। मंदिर के भूतल की फर्श का काम अंतिम चरण में पहुंच चुका है। फर्श पर शुभता के प्रतीकों को भी उकेरा जा रहा है।