Kulwinder Kaur: CAPF में ADG छेड़े तो ट्रांसफर, सिपाही 'लव यू' कहे तो सस्पेंड, कंगना को थप्पड़ मारे तो निलंबित
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विस्तार
केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में महिलाओं के साथ छेड़छाड़ के मामलों में एक जैसी कार्रवाई नहीं होती है। जिन पर आरोप लगता है, उनके साथ दोहरा बर्ताव होता है। फिल्म अभिनेत्री से लोकसभा सांसद बनीं कंगना रनौत को सीआईएसएफ की महिला सिपाही ने थप्पड़ मारा, तो उसे निलंबित कर दिया गया है। एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू हो गई। विभागीय जांच बैठा दी गई। दूसरी तरफ, सीआरपीएफ में एडीजी स्तर के अधिकारी, एयरपोर्ट पर महिला स्टाफ के साथ छेड़छाड़ करे, उसे जबरन गले लगाए तो बतौर कार्रवाई उसका ट्रांसफर हो जाता है। एडीजी को प्रतिनियुक्ति से उसके मूल कैडर में वापस भेज दिया जाता है। बीएसएफ में एक जवान महिला कर्मी से आई लव यू कहता है, उसका हाथ पकड़ता है, तो उसे सीमा सुरक्षा बल की 'समरी सिक्योरिटी फोर्स कोर्ट' द्वारा नौकरी से निकालने का आदेश जारी हो जाता है।
चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर गुरुवार को भाजपा की नवनिर्वाचित लोकसभा सांसद व अभिनेत्री कंगना रनौत को सीआईएसएफ की महिला कॉन्स्टेबल ने थप्पड़ मार दिया। नतीजा, महिला सिपाही को निलंबित कर दिया गया है। आरोपी महिला जवान के खिलाफ एफआईआर के लिए स्थानीय पुलिस स्टेशन में शिकायत दी गई है। इतना ही नहीं, सीआईएसएफ ने आरोपी महिला सिपाही के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी है। इस मामले में राजनीति भी शुरू हो गई है। किसान नेता सरवन सिंह पंढेर ने सीआईएसएफ की महिला जवान का पक्ष लिया है। पंढेर ने कहा, कंगना के साथ जो घटना हुई है, उसके पीछे किसान आंदोलन के दौरान अभिनेत्री द्वारा की एक अभद्र टिप्पणी जिम्मेदार है। उन्होंने यह चेतावनी भी दे दी है कि सीआईएसएफ की महिला सिपाही के खिलाफ हुई कार्रवाई को वापस नहीं लिया गया, तो किसान मोर्चा अगली रणनीति पर विचार करेगा।
पंजाब के किसान नेता हरेंद्र लक्खोवाल भी इस मामले में कूद गए हैं। उन्होंने कहा, कंगना रनौत को एक सिख लड़की ने थप्पड़ मारा है। वजह, रनौत ने किसानों और उनकी महिलाओं को लेकर निंदनीय शब्द कहे थे। यह उसी का बदला है। लक्खोवाल ने इस मामले में जनरल डायर का उदाहरण दे दिया। उन्होंने कहा, सरदार उधम सिंह ने इंग्लैंड में जाकर डायर से बदला लिया था। सतवंत सिंह और बेअंत सिंह ने प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से दिल्ली में बदला लिया था। भाजपा और पीएम मोदी ने किसानों की मांगें पूरी नहीं की, इसलिए अब उनकी मजबूत सरकार नहीं बन सकी।
कुछ लोग सीआईएसएफ की महिला सिपाही के मामले को खालिस्तान से जोड़ कर देख रहे हैं। इस बार पंजाब में ऐसे दो निर्दलीय उम्मीदवार जीते हैं, जो खालिस्तान के समर्थक बताए जाते हैं। इनमें से एक खालिस्तान समर्थक सरबजीत सिंह है। सरबजीत सिंह के पिता बेअंत सिंह ने प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या की थी। दूसरी जीत दर्ज कराने वाला निर्दलीय उम्मीदवार अमृतपाल सिंह है। वह असम की जेल में बंद है। उस पर यूएपीए जैसी कई धाराएं लगी हैं। कंगना को थप्पड़ मारने के मामले में भी कुछ लोग यह इशारा कर रहे हैं कि देर सवेर, सीआईएसएफ की महिला सिपाही भी राजनीति में हाथ आजमा सकती है। आरोपी महिला जवान का कहना था कि कंगना रनौत ने किसान आंदोलन के दौरान यह टिप्पणी की थी कि 100-100 रुपये में महिलाएं किसान आंदोलन में बैठी हैं। उस वक्त महिला सिपाही की मां ने भी किसान आंदोलन में भाग लिया था।
महिला कुक 'सिपाही' का हाथ पकड़ा
कुछ माह पहले राजस्थान के बाड़मेर में बीएसएफ की 76वीं बटालियन में तैनात सिपाही 'जीडी' श्रीनिवास पर आरोप लगा था कि उसने महिला सिपाही 'कुक' के साथ छेड़छाड़ की है। यह घटना, सात मार्च की शाम को हुई थी। आरोप है कि मैस के भीतर सिपाही श्रीनिवास ने महिला कुक 'सिपाही' का हाथ पकड़ा। उसे आई लव यू कहा। साथ ही यह भी आरोप है कि उसने महिला कर्मी से गले लगने का इशारा किया। बीएसएफ ने इसे यौन शोषण का केस माना। बीएसएफ एक्ट 1968 सेक्शन 46, रीड विद् 354ए (1) आईपीसी के तहत कार्रवाई कर दी गई। सीमा सुरक्षा बल की 'समरी सिक्योरिटी फोर्स कोर्ट' द्वारा आरोपी सिपाही श्रीनिवास को नौकरी से निकाल दिया गया।
एयरपोर्ट पर छेड़छाड़ का मामला
दूसरा मामला, उत्तर प्रदेश कैडर के 1994 बैच के आईपीएस बिनोद कुमार सिंह, जो सीआरपीएफ में नॉर्थ ईस्ट जोन के एडीजी थे, उनसे जुड़ा है। उन पर यौन शोषण जैसा गंभीर आरोप लगा था। आरोप में कहा गया कि गुवाहाटी के एलजीबीआई एयरपोर्ट पर सीआरपीएफ एडीजी ने महिला कर्मी को जबरदस्ती खींचकर आलिंगन किया था। उन्होंने महिला कर्मी की मुस्कान, दांत और होठों को लेकर टिप्पणी की। एलजीबीआई एयरपोर्ट गुवाहाटी ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। प्रारंभिक जांच में मामला सही पाया गया। जब इस मामले की दिल्ली तक पहुंची तो केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आईपीएस को उनके मूल कैडर उत्तर प्रदेश में भेज दिया। दूसरी तरफ, शिकायतकर्ता महिला कर्मी ने कहा, एडीजी ने उनसे क्षमा मांग ली है। अब वे इस मामले को आगे बढ़ाना नहीं चाहती।