फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Kolkata: TMC workers hold candlelight march over Kathua and Unnao rape cases

कोलकाता: कठुआ-उन्नाव गैंगरेप के विरोध में सड़कों पर उतरे TMC कार्यकर्ता, निकाला कैंडल मार्च

Sat, 14 Apr 2018 05:11 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता Updated Sat, 14 Apr 2018 05:11 PM IST
विज्ञापन
Kolkata: TMC workers hold candlelight march over Kathua and Unnao rape cases
टीएमसी
कठुआ और उन्नाव गैंगरेप के विरोध में कोलकता में तृणमूल कांग्रेस कर्ताओं ने कैंडल मार्च निकाला है। बता दें कि कठुआ और उन्नाव गैंगरेप के विरोध में देशभर में लोग कैंडल मार्च निकाल रहे हैं। लोग कठुआ गैंगरेप की तुलना दिल्ली में हुए निर्भया केस से कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर भी इन दोनों केस की काफी आलोचना हो रही है। लोगों का कहना है कि आरोपियों को सख्त से सख्त सजा मिले। इससे पहले गुरुवार को आधी रात में राहुल गांधी ने इंडिया गेट पर कैंडल मार्च निकाला था। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं सहित हजारों की भीड़ मौजूद रही।   
विज्ञापन


बता दें कि जम्मू-कश्मीर के कठुआ में आठ साल की बच्ची के साथ गैंगरैप- हैवानियत और उन्नाव में नाबालिग से बलात्कार की घटना को लेकर देश में गुस्से का उबाल है। इसी बीच शुक्रवार से दिल्ली महिला आयोग अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने भी समता स्थल पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरु कर दी है। अनशन शुरु करने से पहले वह राजघाट महात्मा गांधी की समाधि पर भी गई। अनशन पर बैठने से पहले उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से सवाल किया कि यदि बच्चियों से बलात्कार होता रहेगा तो लोकतंत्र कैसे बचेगा। अनशन को समर्थन देने के लिए बीजेपी के वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा भी अनशन स्थल पर पहुंचे। उनके साथ बड़ी संख्या में महिलाएं भी अनशन स्थल पर पहुंची।
विज्ञापन

आठ माह की बच्ची के माता-पिता भी पहुंचे 

Kolkata: TMC workers hold candlelight march over Kathua and Unnao rape cases
KATHUA - फोटो : DEMO PHOTO
अनशन शुरू करने से पहले उन्होंने कहा कि छोटी बच्चियों की चीखें क्यों सुनाई नहीं दे रही। कभी दिल्ली, कभी कठुआ और कभी उन्नाव, यह सब क्या हो रहा है। क्या बच्चियां ऐसे ही लुटती रहेंगी। उन्होंने मांग की है कि छोटी बच्चियों के साथ बलात्कार करने वालों को 6 माह के अंदर फांसी की सजा हो। पोक्सो कानून में फांसी की सजा को जोड़ने की बात की जा रही है। लेकिन कानून बनाने से कुछ नहीं होगा।


दो माह पहले दिल्ली में आठ माह की बच्ची के साथ बलात्कार हुआ था। दिल्ली महिला आयोग के इस अनशन को समर्थन देने के लिए आठ माह की बच्ची के माता-पिता भी पहुंचे। वहीं चलती बस में छेड़छाड़ का  शिकार बनी डीयू की छात्रा ने अनशन स्थल पर आपबीती सुनाई।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed