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Kerala CBI Probe: सीएम विजयन के पूर्व मुख्य प्रधान सचिव के खिलाफ होगी CBI जांच, आय से अधिक संपत्ति का मामला
Fri, 11 Apr 2025 10:59 PM IST
ज्योति भास्कर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
Published by: ज्योति भास्कर
Updated Fri, 11 Apr 2025 10:59 PM IST
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पिनरई विजयन
- फोटो : ANI
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केरल हाईकोर्ट ने केरल के मुख्यमंत्री पी. विजयन के पूर्व मुख्य प्रधान सचिव केएम अब्राहम के खिलाफ सीबीआई को एफआईआर दर्ज कर जांच करने का आदेश दिया है। यह आदेश सेवानिवृत्त अधिकारी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में दिया गया। जस्टिस के बाबू ने शिकायतकर्ता कोट्टायम निवासी जोमन पुथेनपुरकल की याचिका पर भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के सेवानिवृत्त अधिकारी केएम अब्राहम के खिलाफ केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को जांच का आदेश दिया।
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आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक चल एवं अचल संपत्ति
अब्राहम पूर्व में अतिरिक्त मुख्य सचिव (वित्त) पद पर भी रह चुके हैं। हाईकोर्ट ने कहा कि प्रारंभिक जांच रिपोर्ट, उसके समक्ष पेश अन्य सामग्री तथा जांच के दौरान अब्राहम की ओर से बचाव में पेश दलीलों का सावधानीपूर्वक विश्लेषण के आधार पर प्रथमदृष्टया यह स्थापित होता है कि अब्राहम के पास आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक चल एवं अचल संपत्ति है।
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74 पेज के आदेश में राज्य सतर्कता विभाग पर गंभीर टिप्पणी
वीएसीबी की जांच की विश्वसनीयता संदिग्ध जस्टिस ने कहा कि मामले में सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (वीएसीबी) की जांच जनता में विश्वास पैदा नहीं करेगी तथा इसकी जांच की विश्वसनीयता ‘संदिग्ध’ है। एकल पीठ ने कहा कि प्रारंभिक जांच करते समय वीएसीबी ने अब्राहम को बचाने के इरादे से उनके की ओर से अर्जित कुछ संपत्ति को जानबूझकर बाहर रखा। पीठ ने 74 पेज के आदेश में कहा कि विचित्र बात यह है कि जांच रिपोर्ट की जांच और सत्यापन वीएसीबी के निदेशक ने किया। राज्य सतर्कता विभाग की ओर से अब्राहम को बचाने का जानबूझकर प्रयास किया गया। आदेश में कहा गया कि राज्य एजेंसियों की निष्पक्ष कार्यप्रणाली में जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए निष्पक्ष, ईमानदार और पूर्ण जांच के लिए वर्तमान मामले की जांच सीबीआई की ओर से की जानी चाहिए।
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हाईकोर्ट ने जांच आयुक्त के आदेश को निरस्त किया
एकल पीठ ने कहा, विशेष न्यायाधीश का आदेश त्रुटिपूर्ण सीबीआई जांच का आदेश देते हुए हाईकोर्ट ने जांच आयुक्त-सह-विशेष न्यायाधीश, तिरुवनंतपुरम के 2017 के आदेश को भी रद्द कर दिया, जिन्होंने अब्राहम के खिलाफ याचिकाकर्ता की शिकायत को खारिज कर दिया था।
कडप्पाक्कडा में तीन मंजिला शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण
हाईकोर्ट ने कहा कि विशेष न्यायाधीश का आदेश त्रृटिपूर्ण और पूर्णतः अनुचित था। याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया था कि अब्राहम ने सेवा में रहते हुए मुंबई में तीन करोड़ रुपये का एक अपार्टमेंट, तिरुवनंतपुरम में एक करोड़ रुपये का एक अन्य अपार्टमेंट खरीदा था और कोल्लम जिले के कडप्पाक्कडा में तीन मंजिला शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण कराया था, जिसकी कीमत आठ करोड़ रुपये है। हालांकि अब्राहम ने इन आरोपों का खंडन किया था।