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Sonali Ghosh: काजीरंगा को मिलेगी पहली महिला क्षेत्र निदेशक, सोनाली घोष एक सितंबर से संभालेंगी पदभार

Sun, 27 Aug 2023 07:34 PM IST
रोहित राज न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागांव (असम)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागांव (असम) Published by: रोहित राज Updated Sun, 27 Aug 2023 07:34 PM IST
सार

भारतीय वन सेवा (आईएफएस) अधिकारी मौजूदा क्षेत्र निदेशक जतिंद्र शर्मा से पार्क का प्रभार ग्रहण करेंगी। जतिंद्र शर्मा 31 अगस्त को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।

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Kaziranga to get first woman field director Sonali Ghosh to take charge from Sep 1 Latest News Update
सोनाली घोष (बीच में) - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान (केएनपी) की पहली महिला क्षेत्र निदेशक (फील्ड डायरेक्टर) मिलने जा रही है। बतायास जा रहा है कि मुख्य वन संरक्षक डॉ. सोनाली घोष की तैनाती अगले महीने तय है। असम सरकार ने सोनाली घोष को वन प्रमुख के पद पर तैनात करने का आदेश पहले ही जारी कर दिया है। वह एक सितंबर से कार्यभार ग्रहण करेंगी। 
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भारतीय वन सेवा (आईएफएस) अधिकारी मौजूदा क्षेत्र निदेशक जतिंद्र शर्मा से पार्क का प्रभार ग्रहण करेंगी। जतिंद्र शर्मा 31 अगस्त को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। सोनाली घोष वर्तमान में गुवाहाटी में प्रधान मुख्य वन संरक्षक और वन बल के प्रमुख के कार्यालय में अनुसंधान शिक्षा और कार्य योजना प्रभाग के मुख्य वन संरक्षक के रूप में कार्यरत हैं।
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वन विभाग के एक अधिकारी के मुताबिक, वह 118 साल पुराने केएनपी के निदेशक के रूप में कार्यभार संभालने वाली पहली महिला अधिकारी होंगी। एक सैन्यकर्मी के परिवार में जन्मीं सोनाली ने आईएफएस 2000-2003 बैच में टॉप किया था। 
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काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के बारे में जानिए:
  • एक सींग वाले गैंडों के लिए मशहूर अभयारण्य नागांव, गोलाघाट, कार्बी आंगलोंग, सोनितपुर और बिश्वनाथ जिलों में फैला है। 
  • केएनपी को पहली बार 1905 में प्रस्तावित संरक्षित वन घोषित किया गया था।
  • 1908 में इसे संरक्षित वन घोषित किया गया।
  • 1916 में खेल अभयारण्य घोषित किया गया।
  • 1938 में आगंतुकों के लिए खोल दिया गया।
  • 1950 में एक वन्यजीव अभयारण्य घोषित किया गया। 
  • फरवरी 1974 में इसे राष्ट्रीय उद्यान घोषित किया गया।
  • यूनेस्को ने 1985 में विश्व विरासत स्थल घोषित किया।
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