{"_id":"57cb64a04f1c1bd53f2cb520","slug":"kashi-literature-to-be-written-in-arabic-language-modi-calls-two-literator-from-oman","type":"story","status":"publish","title_hn":"मोदी ने ओमान से बुलाए दो साहित्यकार, अरबी में लिखेंगे काशी की गाथा","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
मोदी ने ओमान से बुलाए दो साहित्यकार, अरबी में लिखेंगे काशी की गाथा
ब्यूरो/ अमर उजाला, वाराणसी
Updated Sun, 04 Sep 2016 06:35 AM IST
विज्ञापन
- फोटो : demo
अब काशी का महात्म्य अरबी साहित्य में भी लिखा जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अनुरोध पर शनिवार को ओमान के दो साहित्यकार वाराणसी स्थित पीएम के संसदीय जनसंपर्क कार्यालय पहुंचे। वे वाराणसी के प्रमुख स्थलों को देखेंगे और उनका विवरण कलमबद्ध करेंगे। साथ ही सफाई अभियान पर 16 भाषाओं में तैयार हो रही डॉक्यूमेंट्री में भी वे नजर आएंगे।
विज्ञापन
ओमान के रहने वाले साहित्यकार सुल्तान अहमद अल महमूदी ने एक कविता लिखी थी जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा की थी। बाद में प्रधानमंत्री उनसे दिल्ली में मिले थे। इस दौरान पीएम ने उनसे वाराणसी जाने का आग्रह भी किया था। बुधवार को सुल्तान अहमद अल महमूदी अपने भाई सईद अहमद अल महमूदी के साथ वाराणसी पहुंचे। उनके साथ पद्मश्री सीके मेनन और डॉक्यूमेंट्री बनाने वाली कंपनी के निदेशक विजेश भी मौजूद थे।
विज्ञापन
दुभाषिए के माध्यम से वार्ता के दौरान दोनों भाइयों ने बताया कि अपनी अगली पुस्तक में वे वाराणसी और यहां चलने वाले स्वच्छता अभियान को फोकस करना चाहते हैं। कहा कि वह बनारस के घाट, गंगा, सारनाथ, रामनगर आदि क्षेत्रों को देखेंगे। यहां का इतिहास समझेंगे और साहित्य में शामिल करेंगे। उन्होंने पर्यटन और संस्कृति मंत्री महेश शर्मा से मुलाकात भी की और उन्हें स्मृति चिह्न प्रदान किया।
विज्ञापन