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कर्नाटक हाईकोर्ट: कारोबारी सिद्धांत के विरुद्ध आचरण पर अमेजन-फ्लिपकार्ट की याचिका खारिज
Sat, 12 Jun 2021 02:40 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Sat, 12 Jun 2021 02:40 AM IST
सार
- प्रतिस्पर्धा आयोग को जांच शुरू करने की अनुमति
- अमेजन कोर्ट के आदेश का अध्ययन कर रही है और उसके बाद अगले कदम पर फैसला करेगी।
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- फोटो : amar ujala
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विस्तार
कर्नाटक हाईकोर्ट ने अमेरिकी ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन और फ्लिपकार्ट ने कारोबारी सिद्धांत के विरुद्ध आचरण करने पर उनके खिलाफ जांच बंद करने की याचिका खारिज कर दी। इन कंपनियों पर आरोप है कि कंपनियों ने चहेते विक्रेताओं को बढ़ावा दिया और छोटे विक्रेताओं के हितों को नुकसान पहुंचाया।
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कंपनियों के वकील ने अदालत को बताया था कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। इस पर कोर्ट ने पिछले साल इनके खिलाफ जांच पर रोक लगा दी थी। जस्टिस पीएस दिनेश कुमार की पीठ ने शुक्रवार को इन कंपनियों की याचिकाएं खारिज कर दी और उन्हें कोई राहत देने से इनकार कर दिया।
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इस बीच अमेजन ने कहा है कि वह कोर्ट के आदेश का अध्ययन कर रही है और उसके बाद अगले कदम पर फैसला करेगी। फ्लिपकार्ट ने हालांकि अभी इस पर कोई जवाब नहीं दिया है। गौरतलब है कि भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग ने एक व्यापार संघ की शिकायत पर 2020 में इन कंपनियों के खिलाफ जांच शुरू की थी।
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कर्नाटक हाईकोर्ट के फैसले को सीएआईटी ने सराहा
अखिल भारतीय व्यापार संघ ने कर्नाटक हाईकोर्ट के उस फैसले की सराहना की है, जिसमें उसने प्रतिस्पर्धा आयोग को अमेजन और फ्लिपकार्ट के खिलाफ जांच करने की मंजूरी दी है। दरअसल इन ई-कॉमर्स कंपनियों पर प्रतिस्पर्धा को खत्म करने वाला आचरण करने के आरोप हैं। महासंघ के महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने ट्वीट कर कहा, हम भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग से इनके खिलाफ जारी जारी रखने की अपील करते हैं।