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सिब्बल ने की सीएए के खिलाफ याचिकाओं पर तुरंत सुनवाई की मांग, सुप्रीम कोर्ट का इनकार

Thu, 05 Mar 2020 12:22 PM IST
देव कश्यप पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Thu, 05 Mar 2020 12:22 PM IST
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Kapil Sibal mentions petitions for urgent listing challenging CAA CJI says after Holi break
CJI Sharad Arvind Bobde and Kapil Sibal - फोटो : ANI

सुप्रीम कोर्ट नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ अब सबरीमाला मामले में दलीलों के पूरी होने के बाद सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि वह सबरीमला मामले में दलीलें पूरी होने के बाद सीएए को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करेगा।

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मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल के सीएए मामलों पर तत्काल सुनवाई किए जाने का अनुरोध करने के बाद यह टिप्पणी की। न्यायालय ने कहा कि अब तक केंद्र ने मामले में कोई जवाब दाखिल नहीं किया है। इस पर अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने पीठ को बताया कि केंद्र दो दिनों में जवाब दाखिल करेगा। इस पर  मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे ने कपिल सिब्बल से होली की छुट्टी के बाद इस मामले का फिर से उल्लेख करने के लिए कहा।
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पीठ में न्यायमूर्ति बीआर.गवई और न्यायमूर्ति सूर्यकांत भी शामिल रहे। नौ सदस्यीय पीठ सबरीमला मंदिर और मस्जिदों में महिलाओं के प्रवेश तथा दाऊदी बोहरा समुदाय में महिलाओं के खतने की प्रथा समेत विभिन्न धार्मिक मामलों पर विचार कर रही है।
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सुप्रीम कोर्ट होली की छुट्टी के दौरान अवकाशकालीन पीठ गठित करेगा

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि वह होली की सात दिनों की छुट्टी के दौरान अत्यंत महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई के लिए एक अवकाशकालीन पीठ गठित करेगा। मुख्य न्यायाधीश बोबडे ने कहा कि सप्ताह भर चलने वाली होली की छुट्टियों के दौरान एक अवकाश पीठ यहां काम करेगी। सीजेआई ने कहा कि यह पीठ होली के दिन यानि 10 मार्च को छोड़कर पूरे सप्ताह काम करेगी। अब तक अवकाश पीठ केवल गर्मियों की छुट्टी के दौरान अदालत में बैठती थी। मुख्य न्यायाधीश ने यह बयान तब दिया जब एक वकील ने एक मामले का उल्लेख किया और तत्काल सुनवाई का अनुरोध किया।

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