कपिल सिब्बल ने पूछा: सीबीआई, ईडी, कोर्ट कौन करेगा हमारी मौलिक स्वतंत्रता की रक्षा
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कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री कपिल सिब्बल ने पी चिदंबरम को अदालत से मिले दो झटकों पर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर की है। उन्होंने इसे लेकर ट्वीट करते हुए पूछा है कि हमारी मौलिक स्वतंत्रता की रक्षा कौन करेगा। उन्होंने ट्विटर पर लिखा, 'हमारी मौलिक स्वतंत्रता की रक्षा कौन करेगा? सरकार? सीबीआई? ईडी? आयकर विभाग अधिकारी? अदालतें? जिस दिन अदालतें उसे सच मानने लगेंगी जो ईडी और सीबीआई कह रहे हैं तो उस दिन भगवती से वेंकटाचलिया युग में निर्मित स्वतंत्रता के स्तंभ ढह जाएंगे। वह दिन ज्यादा दूर नहीं हैं।'
Who will protect our fundamental freedoms ?
— Kapil Sibal (@KapilSibal) September 6, 2019
Government ?
CBI ?
ED ?
Income Tax Authorities ?
Courts ? ? ? ?
The day courts believe what ED , CBI say is gospel truth the pillars of freedom built in the Bhagwati to Venkatachaliah era will collapse .
That day is not far away
पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम को एक अदालत ने आईएनएक्स मीडिया मामले में गुरुवार को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेज दिया है। पिछले महीने सीबीआई ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता को गिरफ्तार कर उनसे पूछताछ की थी। वहीं कपिल सिब्बल आईएनएक्स मीडिया मामले और एयरसेल मैक्सिस केस में चिदंबरम के वकील हैं। चिदंबरम के वकील उन्हें जेल नहीं भेजने की दलील दे रहे थे, लेकिन अदालत ने इस मांग को खारिज कर दिया।
अदालत के फैसले के बाद चिदंबरम ने जेल में अलग सेल की मांग की। इसके अलावा उन्होंने बेड और अलग बाथरूम की भी मांग की जिन्हें मान लिया गया। उन्हें सात नंबर सेल में रखा गया है। इससे पहले गुरुवार सुबह उच्चतम न्यायालय ने आईएनएक्स मीडिया मनी लांड्रिंग मामले में अग्रिम जमानत नहीं देने के दिल्ली उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती देने वाली चिदंबरम की याचिका को खारिज कर दिया था।
याचिका खारिज होने के बाद चिदंबरम ने सीबीआई द्वारा दर्ज आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में निचली अदालत के गैर जमानती वारंट, हिरासत संबंधी आदेशों के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में दायर अपनी याचिका वापस ले ली। उनके वकील एएम सिंघवी ने न्यायालय को बताया कि हमने बिना शर्त याचिका वापस लेने का निर्णय किया है।