Jharkhand Congress: मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद कांग्रेस विधायकों में नाराजगी, खरगे से मिलने दिल्ली पहुंचे
Jharkhand Congress: झारखंड कांग्रेस के असंतुष्ट विधायक पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से मिलने के लिए नई दिल्ली पहुंचे। बताया जा रहा है कि राज्य में मंत्रिमंडल के गठन के बाद से ये सभी विधायक नाराज चल रहे हैं।
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झारखंड में मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद नई चंपई सोरेन सरकार मुश्किल में फंस गई है। दरअसल, मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद मंत्री पद न मिलने से कई कांग्रेस विधायक नाराज हैं। सत्रह में से 12 विधायक नाराज बताए जा रहे हैं। इन विधायकों ने शनिवार को नई दिल्ली पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात कर रहे हैं।
कांग्रेस विधेयक राजेश कच्छप ने कहा, हम (पार्टी के) वरिष्ठ नेताओं से मिल रहे हैं और उनके सामने अपने विचार रख रहे हैं। हम इस पर भी चर्चा करेंगे कि हम 2024 के चुनाव में जीत कैसे हासिल करेंगे और हम कैसे भाजपा को हरा सकते हैं।
#WATCH | Ranchi: Rajesh Kachhap, Jharkhand Congress MLA says, "...We are meeting the senior leaders and express our thoughts to him. We will discuss how we will win the 2024 elections, and how we can defeat the BJP?..." pic.twitter.com/6r0Jxpf3In
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) February 17, 2024
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश ठाकुर भी नई दिल्ली पहुंचे हैं। उन्होंने कहा, मंत्रिमंडल के गठन के बाद हर किसी को दिल्ली आना पड़ा है और हम यहां कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से मिलने आए हैं।
वहीं, राज्य सरकार में मंत्री बसंत सोरेन ने दावा किया कि कोई भी (विधायक) परेशान नहीं है। उन्हें कुछ शंकाएं थीं, लेकिन उन सभी शंकाओं को दूर कर दिया गया है। हमारा परिवार एकजुड है। अब हर कोई संतुष्ट है। मैं दिल्ली जा रहा हूं।
इन नेताओं ने भी जताई नाराजगी
कांग्रेस विधायकों में भारी नाराजगी के बीच, 12 असंतुष्ट विधायकों में से आठ शनिवार शाम दिल्ली पहुंच गए। कांग्रेस विधायक कुमार जयमंगल उर्फ अनूप सिंह ने बताया, 'हम दिल्ली पहुंच गए हैं। बाकी लोग कल पहुंचेंगे। हम यहां कांग्रेस नेतृत्व के साथ चर्चा करेंगे। हम चारों का प्रतिस्थापन चाहते हैं। चार मंत्रियों और विधायक प्रदीप यादव को छोड़कर 12 विधायक एक साथ हैं।
वहीं, वरिष्ठ कांग्रेस नेता और महगामा विधायक दीपिका पांडे सिंह ने कहा, 'हम चाहते हैं कि पार्टी मंत्रियों को बदले और नए चेहरों को मौका दे। अधिक महिला चेहरों को जोड़ने के बजाय, उन्होंने केवल एक महिला मंत्री को बरकरार रखा है। आप इसे कैसे उचित ठहराएंगे' ? बता दें कि पिछली हेमंत सोरेन सरकार में उत्पाद शुल्क मंत्री बेबी देवी को महिला एवं बाल विकास और समाज कल्याण विभाग दिया गया था।
इधर, मंदार से कांग्रेस विधायक नेहा थिरके ने भी असंतोष व्यक्त करते हुए कहा, 'प्रारंभ में, शपथ ग्रहण समारोह 8 फरवरी को निर्धारित किया गया था। जब इसे स्थगित कर दिया गया, तो हमें आश्वासन दिया गया कि फेरबदल होगा। लेकिन यह बहुत निराशाजनक था जब हमने देखा कि कोई बदलाव नहीं हुआ और जो लोग खुले तौर पर भाजपा की प्रशंसा कर रहे थे उन्हें बरकरार रखा गया'।