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KAPP: 'भारत ने एक और मील का पत्थर हासिल किया', देश के पहले स्वदेशी परमाणु संयंत्र की शुरुआत पर बोले पीएम मोदी
Thu, 31 Aug 2023 10:08 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Thu, 31 Aug 2023 10:08 PM IST
सार
न्यूक्लियर पावर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (एनपीसीआईएल) काकरापार में 700 मेगावाट के दो दबावयुक्त भारी जल रिएक्टर (पीएचडब्ल्यूआर) का निर्माण कर रहा है। यहां 220 मेगावाट के दो बिजली संयंत्र भी हैं।
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परमाणु संयंत्र
- फोटो : Reuters
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विस्तार
गुजरात में काकरापार परमाणु ऊर्जा परियोजना (केएपीपी) में 700 मेगावाट के परमाणु ऊर्जा रिएक्टर की शुरुआत हो गई है। पीएम मोदी ने इस पर खुशी जताई है। बता दें कि 700 मेगावाट वाला यह परमाणु संयंत्र स्वदेशी रूप से विकसित भारत का का पहला परमाणु संयंत्र है।
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सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पीएम मोदी ने इसकी सराहना करते हुए लिखा कि भारत ने एक और मील का पत्थर हासिल किया है। गुजरात में सबसे बड़े स्वदेशी 700 मेगावाट काकरापार परमाणु ऊर्जा संयंत्र यूनिट-3 ने पूरी क्षमता से परिचालन शुरू किया। हमारे वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को बधाई।'
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बता दें कि न्यूक्लियर पावर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (एनपीसीआईएल) काकरापार में 700 मेगावाट के दो दबावयुक्त भारी जल रिएक्टर (पीएचडब्ल्यूआर) का निर्माण कर रहा है। यहां 220 मेगावाट के दो बिजली संयंत्र भी हैं। इसके अलावा, एनपीसीआईएल ने देश भर में सोलह 700 मेगावाट पीएचडब्ल्यूआर बनाने की योजना बनाई है। इसके लिए वित्तीय और प्रशासनिक मंजूरी भी मिल गई है।
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इनमें से राजस्थान के रावतभाटा (आरएपीएस 7 और 8) और हरियाणा के गोरखपुर (जीएचएवीपी 1 और 2) में 700 मेगावाट के परमाणु ऊर्जा संयंत्रों का निर्माण चल रहा है। साथ ही सरकार ने अन्य चार स्थानों हरियाणा में गोरखपुर, मध्य प्रदेश में चुटका, राजस्थान में माही बांसवाड़ा और कर्नाटक में कैगा -में बेड़े मोड में 10 स्वदेशी रूप से विकसित पीएचडब्ल्यूआर के निर्माण को मंजूरी दे दी है।