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India-Nepal: सप्त कोसी बांध परियोजना पर आगे बढ़ेंगे भारत-नेपाल, बनी सहमति
Sat, 24 Sep 2022 02:44 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: प्रांजुल श्रीवास्तव
Updated Sat, 24 Sep 2022 02:44 PM IST
सार
दूतावास की ओर से जारी किए गए बयान में कहा गया है कि सप्त कोसी उच्च बांध परियोजना को आगे के अध्ययन के माध्यम से आगे बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की गई है।
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India-Nepal
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विस्तार
भारत और नेपाल के अधिकारियों की मुलाकात के बाद दोनों देश सप्त कोसी बांध परियोजना पर आगे के अध्ययन के लिए राजी हो गए हैं। दरअसल, शुक्रवार को काठमांडू में दोनों देशों के अधिकारियों के बीच जल संसाधन और सिंचाई पर संयुक्त समिति की नौंवी बैठक का आयोजन किया गया।
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इस दौरान महाकाली संधि के कार्यान्वयन और बाढ़ के क्षेत्रों में सहयोग सहित द्विपक्षीय जल-क्षेत्र सहयोग की व्यापक समीक्षा की गई। इससे पहले 21-22 सितंबर को जल संसाधन पर संयुक्त स्थायी तकनीकी समिति की 7वीं बैठक आयोजित की गई थी। भारतीय दूतावास की ओर से जारी किए गए एक बयान में कहा गया कि इन बैठकों के दौरान महाकाली संधि के कार्यान्वयन, सप्त कोसी-सन कोसी परियोजना और बाढ़ को लेकर भारत और नेपाल के बीच द्विपक्षीय जल-क्षेत्र सहयोग की व्यापक समीक्षा की गई।
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दूतावास की ओर से जारी किए गए बयान में कहा गया है कि सप्त कोसी उच्च बांध परियोजना को आगे के अध्ययन के माध्यम से आगे बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की गई है। इसमें नियोजित परियोजनाओं, जलमग्न क्षेत्रों के साथ-साथ अन्य सामाजिक, पर्यावरणीय और तकनीकी पहलुओं को ध्यान में रखा गया है। विशेषज्ञों की संयुक्त टीम के बीच जल्द मुलाकात की उम्मीद है।
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सप्त कोसी हाई डैम नेपाल की सप्तकोशी नदी पर बनने वाली एक बहुउद्देशीय परियोजना है। इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य दक्षिण-पूर्व नेपाल और उत्तरी बिहार में बाढ़ को नियंत्रित करना और जल विद्युत उत्पन्न करना है।
गौरतलब है कि नेपाल में चीन की मदद के तैयार की गई परियोजनाएं अधिक सफल नहीं हुई हैं। ऐसे में नेपाल ने भारत का रुख किया है। पड़ोसी देश की मदद के लिए भी भारत आगे आया है और ऐसी कई परियोजनाओं में उसका सहयोग कर रहा है। इससे दोनों देशों के बीच रिश्तों में मजबूती भी आई है।