फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Gujarat: Migrants Labourers eager to leave, developers say resumed projects will get stalled

गुजरात: प्रवासी मजदूरों ने घर लौटने की मांग की, डेवलपर्स बोले- शुरू हुई परियोजनाएं हो जाएंगी ठप

Sat, 02 May 2020 11:55 AM IST
अनवर अंसारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद 
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद  Published by: अनवर अंसारी Updated Sat, 02 May 2020 11:55 AM IST
विज्ञापन
Gujarat: Migrants Labourers eager to leave, developers say resumed projects will get stalled
प्रवासी मजदूर - फोटो : पीटीआई

देश में कोरोना वायरस का प्रसार रोकने के लिए सरकार ने लॉकडाउन को बढ़ाकर 17 मई तक कर दिया है। इस कारण विभिन्न राज्यों में प्रवासी मजदूर फंस गए हैं। वहीं, अहमदाबाद के प्रमुख रियल एस्टेट डेवलपर्स में से एक, आरोही ग्रुप के निर्माण स्थलों पर काम करने वाले मजदूरों ने पिछले दो दिनों से काम करने से इनकार कर दिया है। 

विज्ञापन


समूह के प्रबंधक निदेशक, दीपक पटेल ने कहा कि उनके लेबर कॉलोनी में रखे गए 100 से अधिक मजदूर घर लौटने की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा नए दिशानिर्देश जारी करने के बाद से ही इन मजदूरों ने मांग की है कि उन्हें उनके गृह राज्य भेजा जाए। 
विज्ञापन



पटेल ने कहा कि हमें 20 अप्रैल को काम फिर से शुरू करने की अनुमति मिल गई थी और इस दौरान मजदूर दक्षिण बोपाल स्थित निर्माणस्थल पर कार्य के लिए भी आए थे। हालांकि, पिछले दो दिनों से एक भी मजदूर काम पर नहीं आया है। उन्होंने कहा कि मेरे ठेकेदार ने मुझे बताया कि इन मजदूरों में से कुछ अपने घर जाने के लिए उत्सुक है।
विज्ञापन
विज्ञापन


निदेशक लॉकडाउन के समय मजदूरों को खाना और छत मुहैया करा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हम उन्हें वापस रहने के लिए मजबूर नहीं कर सकते क्योंकि उनमें से कई अपने परिवार की सुरक्षा के बारे में चिंतित हैं। साथ ही वह इसलिए भी काम नहीं कर रहे हैं क्योंकि उन्हें डर है कि कहीं वह खुद भी संक्रमित न हो जाए। 

केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा 29 अप्रैल को राज्य सरकारों को उनके यहां फंसे प्रवासी मजदूरों, श्रद्धालुओं, पर्यटकों और छात्रों को उनके गृह राज्य पहुंचाने के लिए सुविधा मुहैया कराने का आदेश देने के बाद से ही इस तरह के हालात विभिन्न क्षेत्रों में उत्पन्न हो गए है।

मजदूरों द्वारा इस तरह की मांग के बाद से गुजरात के रियल एस्टेट कारोबारियों के बीच डर का माहौल है कि कहीं उनका काम फिर से ठप न पड़ जाए, जिसे सरकार ने 20 अप्रैल को फिर से चालू करने को कहा था।  

गुजरात चैप्टर ऑफ सीआरईडीएआई (कंफेडरेशन ऑफ रियल एस्टेट डेवलपर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया) के प्रमुख आशीष पटेल ने कहा कि अहमदाबाद में लगभग 100 निर्माण स्थलों ने 20 अप्रैल के बाद काम फिर से शुरू कर दिया है। हालांकि, हमें उम्मीद है कि इस अधिसूचना के बाद काम ठप हो जाएगा क्योंकि इन साइटों पर 15,000 श्रमिकों में से 70 फीसदी घर वापस जाना चाहते हैं।


उन्होंने कहा कि सूरत और राजकोट में 50-60 रियल एस्टेट परियोजनाएं हैं जिन्होंने इस सप्ताह के शुरुआत में काम शुरू कर दिया था। अब अगर बचे हुए प्रवासी कामगार चले जाए, तो ये परियोजनाएं भी ठप हो सकती हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed