{"_id":"579b6b0e4f1c1ba61521e1b4","slug":"govt-to-present-gst-bill-in-rajya-sabha-tomorrow","type":"story","status":"publish","title_hn":"राज्यसभा में अगले हफ्ते पेश होगा बहुप्रतीक्षित जीएसटी बिल","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
राज्यसभा में अगले हफ्ते पेश होगा बहुप्रतीक्षित जीएसटी बिल
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
Updated Fri, 29 Jul 2016 08:11 PM IST
विज्ञापन
gst
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संसद के मानसून सत्र में ही जीएसटी विधेयक की नैया पार कराने की सरकार की कोशिशें रंग लाती दिख रही है। सभी विपक्षी दलों से सकारात्मक संकेत मिलने के बाद सरकार अगले हफ्ते बहुप्रतीक्षित जीएसटी विधेयक राज्यसभा में पेश करेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री अरुण जेटली राज्यसभा में कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दलों के समर्थन के लिए लंबे समय से मशक्कत कर रहे थे। इसी मुहीम के तहत बीते बुधवार को कैबिनेट ने विधेयक में जरुरी संशोधन को मंजूरी भी दे दी थी। संसदीय कार्य राज्यमंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने सदन को जानकारी दी कि इस 122वें संविधान संशोधन विधेयक को अगले हफ्ते चर्चा और पास कराने के लिए पेश किया जाएगा। सरकार ने इसे सदन की कार्यवाही की सूची में शामिल किया है।
उम्मीद की जा रही है कि 2 अगस्त को इसपर चर्चा की जाएगी। गौरतलब है कि पिछले साल मई में यह विधेयक लोक सभा में पास हो चुका है। राज्यसभा में बहुमत की कमी की वजह से यह विधेयक लंबे समय से अंटका हुआ है। लेकिन विधेयक में हुए बदलाव की वजह से राज्यसभा की हरी झंडी के बाद इसे एक बार फिर लोकसभा से पास कराना होगा।
विज्ञापन
कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों की मांग पर सरकार ने विधेयक में जरुरी बदलाव किया है। इसकेतहत निर्माण करने वाले राज्यों को एक फीसदी अतिरिक्त कर की सुविधा वापस लेने की मांग मान ली गई है। इसके अलावा जीएसटी लागू होने के बाद कर वसूली में जो भी घाटा होगा उसकी पांच साल तक शत प्रतिशत भरपाई केंद्र सरकार करेगी। इन शर्तों को मानने के बाद विपक्षी दलों ने सरकार को मदद का भरोसा दिया है।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री अरुण जेटली राज्यसभा में कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दलों के समर्थन के लिए लंबे समय से मशक्कत कर रहे थे। इसी मुहीम के तहत बीते बुधवार को कैबिनेट ने विधेयक में जरुरी संशोधन को मंजूरी भी दे दी थी। संसदीय कार्य राज्यमंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने सदन को जानकारी दी कि इस 122वें संविधान संशोधन विधेयक को अगले हफ्ते चर्चा और पास कराने के लिए पेश किया जाएगा। सरकार ने इसे सदन की कार्यवाही की सूची में शामिल किया है।
विज्ञापन
उम्मीद की जा रही है कि 2 अगस्त को इसपर चर्चा की जाएगी। गौरतलब है कि पिछले साल मई में यह विधेयक लोक सभा में पास हो चुका है। राज्यसभा में बहुमत की कमी की वजह से यह विधेयक लंबे समय से अंटका हुआ है। लेकिन विधेयक में हुए बदलाव की वजह से राज्यसभा की हरी झंडी के बाद इसे एक बार फिर लोकसभा से पास कराना होगा।
विज्ञापन
कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों की मांग पर सरकार ने विधेयक में जरुरी बदलाव किया है। इसकेतहत निर्माण करने वाले राज्यों को एक फीसदी अतिरिक्त कर की सुविधा वापस लेने की मांग मान ली गई है। इसके अलावा जीएसटी लागू होने के बाद कर वसूली में जो भी घाटा होगा उसकी पांच साल तक शत प्रतिशत भरपाई केंद्र सरकार करेगी। इन शर्तों को मानने के बाद विपक्षी दलों ने सरकार को मदद का भरोसा दिया है।