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गोवा के आर्चबिशप ने केंद्र सरकार से सीएए वापस लेने की अपील की
Sun, 09 Feb 2020 12:36 PM IST
देव कश्यप
पीटीआई, पणजी
पीटीआई, पणजी
Published by: देव कश्यप
Updated Sun, 09 Feb 2020 12:36 PM IST
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गोवा के आर्चबिशप फादर फिलिप नेरी फेराओ
- फोटो : ANI
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गोवा और दमन के आर्चबिशप फादर फिलिप नेरी फेराओ ने केन्द्र सरकार से तत्काल एवं बिना किसी शर्त नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) वापस लेने और असहमति जताने के अधिकार को दबाना बंद करने की अपील की है। आर्चबिशप ने सरकार से राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) को देशभर में लागू ना करने की अपील भी की है।
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फादर फिलिप ने कहा कि सबसे बड़ा तथ्य यह है कि सीएए धर्म पर आधारित है और यह तथ्य देश के धर्मनिरपेक्ष ताने-बाने के खिलाफ है। यह हमारी देश की आत्मा और विरासत के खिलाफ जाता है, जो कि प्राचीन काल से सभी का स्वागत करने वाला देश रहा है। इस विश्वास पर स्थापित किया गया था कि पूरी दुनिया एक बड़ा परिवार है।
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गोवा गिरजाघर की एक शाखा सोसाइटी फॉर सोशल कम्युनिकेशंस मीडिया ने शनिवार को एक बयान में कहा कि आर्चबिशप और गोवा का कैथोलिक समुदाय सरकार से भारत के लाखों लोगों की आवाज सुनने, असहमति जाहिर करने के अधिकार को ना दबाने और इन सबसे अधिक नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को वापस लेने और एनआरसी एवं एनपीआर को लागू ना करने की अपील करता है।
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गिरजाघर ने कहा कि सीएए, एनआरसी और एनपीआर विभाजनकारी और भेदभावपूर्ण है और यह निश्चित तौर पर हमारे जैसे बहु-सांस्कृतिक लोकतंत्र पर नकारात्मक और हानिकारक प्रभाव डालेगा।