IIT Madras: ट्रैफिक जाम से मुक्ति से लेकर गोबर से निर्माण तक, युवा इंजीनियरों के नवाचार जिंदगी बनाएंगे आसान
जिंदगी को आसान बनाने के लिए आईआईटी के युवा इंजीनियरों ने नवाचार किए हैं। आईआईटी मद्रास में चल रही राष्ट्रीय शोध प्रदर्शनी आईइन्वेंटिव में ऐसे 185 नवाचारों को प्रदर्शित किया गया है। शिक्षा मंत्रालय के दो दिवसीय कार्यक्रम आईइन्वेंटिव के तीसरे संस्करण का उद्घाटन शुक्रवार को शिक्षा और पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास राज्य मंत्री डॉ सुकांत मजूमदार ने किया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अब ट्रैफिक जाम से मुक्ति मिल सकेगी और गोबर से निर्माण सामग्री बन सकेगी। पोल्ट्री फार्म में भी मुर्गियों के अंडे इंसान नहीं रोबोट इकट्ठे करेगा। जी हां जिंदगी को आसान बनाने के लिए आईआईटी के युवा इंजीनियरों ने नवाचार किए हैं। आईआईटी मद्रास में चल रही राष्ट्रीय शोध प्रदर्शनी आईइन्वेंटिव में ऐसे 185 नवाचारों को प्रदर्शित किया गया है।
इसमें वायु गुणवत्ता के आधार पर रास्ता बताने वाला एप, बिना सुई के ब्लड शुगर जांचने वाला उपकरण, बांस के पाउडर से बोतलें बनाने की मशीन जैसी नई खोजें शामिल की गईं हैं। शिक्षा मंत्रालय के दो दिवसीय कार्यक्रम आईइन्वेंटिव के तीसरे संस्करण का उद्घाटन शुक्रवार को शिक्षा और पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास राज्य मंत्री डॉ सुकांत मजूमदार ने किया। इस बार इसकी मेजबानी आईआईटी मद्रास कर रहा है।
इसमें आईआईटी, एनआईटी, आईआईएससी बंगलूरू और आईआईएसईआर जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के प्रोजेक्ट शामिल किए गए हैं। आईआईटी मद्रास के निदेशक वी कामकोटि के मुताबिक, इस आयोजन में उन तकनीकों को प्राथमिकता दी गई है जो उद्योगों में इस्तेमाल के लिए तैयार हैं। कंपनियां इन नवाचारों को सीधे अपनाकर अपने व्यवसाय में इस्तेमाल कर सकती हैं।
इस एक्सपो का मुख्य उद्देश्य शोध संस्थानों और उद्योगों के बीच बेहतर सहयोग स्थापित करना है। इस प्रदर्शनी में 180 से अधिक नवाचारों को शामिल किया गया है। इनमें कई स्टार्टअप्स भी शामिल हैं। ये स्टार्टअप्स उन शोध परियोजनाओं पर आधारित हैं जो इन संस्थानों में विकसित की गई थीं।
हेल्दीरूट बताता है वायु प्रदूषण के बगैर सही रास्ता
यहां इस बार आईआईटी हैदराबाद का विकसित हेल्दीरूट एप है। यह वायु गुणवत्ता और ट्रैफिक कंजेशन के आधार पर रास्ता बताता है। जहां आमतौर पर मौजूदा नेविगेशन एप्स सिर्फ समय बचाने और ट्रैफिक से बचने पर ध्यान देते हैं, लेकिन यह एप वायु प्रदूषण से होने वाले स्वास्थ्य जोखिमों को भी ध्यान में रखता है।
अंडे इकट्ठा करने वाला एविबोट रोबोट
एक और रोचक खोज एनआईटी कालीकट विकसित एविबोट है। यह पोल्ट्री फार्मों में स्वचालित रूप से अंडे इकट्ठा करने वाला रोबोट है। यह रोबोट आधुनिक सेंसर और सुरक्षित पकड़ने की तकनीक का उपयोग कर अंडों को बिना नुकसान पहुंचाए इकट्ठा करता है।
गोबर से बना हल्के निर्माण के लिए मुफीद पदार्थ
आईआईटी इंदौर ने गोबर से बना गोबएयर नामक एक विशेष झाग पैदा करने वाला पदार्थ पेश किया है। इसे हल्के वजन वाली निर्माण सामग्री बनाने के लिए एक टिकाऊ विकल्प के रूप में उपयोग किया जा सकता है। एनआईटी सिलचर ने बांस के पाउडर से बोतलें बनाने की एक प्रणाली विकसित की है। बांस की बोतलें एक बेहतर पर्यावरण अनुकूल विकल्प हो सकती हैं।
संबंधित वीडियो
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.