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भाजपा के पूर्व विधायक बीके गुप्ता का निधन, आज अंतिम संस्कार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पीलीभीत
Updated Mon, 02 Jul 2018 04:57 AM IST
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भाजपा से तीन बार शहर विधायक रहे बीके गुप्ता का रविवार दोपहर निधन हो गया। वह 67 वर्ष के थे। अंतिम संस्कार सोमवार को सुबह सात बजे मुक्ति धाम पर होगा। पीलीभीत नगर निवासी बालकृष्ण गुप्ता भाजपा के जिला संयोजक रहे। वह रामलहर में 1991, 1993 के अलावा 2000 में शहर विधानसभा से विधायक चुने गए। राम जन्मभूमि आंदोलन में वह बदायूं जिला जेल में बंद रहे। जेल में अव्यवस्थाओं के खिलाफ अनशन करने पर बीके गुप्ता सहित सभी नेताओं को केंद्रीय कारागार बरेली भेज दिया गया था।
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उपचुनाव में वीके गुप्ता के प्रचार के लिए राजनाथ सिंह, उमा भारती सहित प्रदेश सरकार के कई मंत्री चुनाव प्रचार में आए थे। उनके दो विवाहित पुत्र अंकुर गुप्ता और अनुराग गुप्ता हैं। अनुराग हांगकांग में इंजीनियर हैं, शनिवार को ही वह पीलीभीत पहुंच गए। उनकी विवाहित पुत्री सोनी भी पीलीभीत पहुंच गई हैं। गुप्ता पिछले काफी समय से कैंसर से पीड़ित चल रहे थे। शुक्रवार रात उन्हें शहर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां रविवार दोपहर उन्होंने अंतिम सांस ली।
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उनके पुत्र अंकुर गुप्ता ने बताया कि अंतिम संस्कार सोमवार सुबह मुक्तिधाम पर होगा। निधन की खबर मिलते ही विधायक रामसरन वर्मा, डीजीसी अमित पाठक, मुक्तिधाम के सचिव दिलीप अग्रवाल, पालिकाध्यक्ष विमला जायसवाल, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष बुद्धसेन वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष सुरेश गंगवार, धीरेंद्र मिश्र, मनोज पटेल समेत तमाम लोगों ने उनके घर पहुंचकर शोक व्यक्त किया है। केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी, पूर्व मंत्री हेमराज वर्मा, शहर विधायक संजय सिंह गंगवार ने भी शोक व्यक्त किया है।
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1988 से की थी राजनीति की शुरुआत
वीके गुप्ता शहर से तीन बार विधायक रहे। वहीं आठ बार विधानसभा चुनाव में अपनी किस्मत आजमाई। राजनीति की शुरुआत उन्होंने 1988 में नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद का चुनाव लड़कर की लेकिन वह हार गए। इसके बाद 1989, 1991,1993, 1998, 2002, 2007 शहर विधानसभा सीट से भाजपा टिकट पर अपनी किस्मत आजमाई। 1996 में निर्दलीय व 2012 में कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में भी वह शहर विधानसभा सीट से चुनाव लड़े। 2014 में उन्होंने फिर भाजपा में वापसी की।