{"_id":"668ccf3f29beb08f52031293","slug":"flood-situation-in-assam-several-still-affected-death-tolls-state-government-news-in-hindi-2024-07-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Assam: असम में बारिश-बाढ़ से अबतक 85 की मौत, 27 जिलों में अभी भी 18.80 लाख लोग प्रभावित","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Assam: असम में बारिश-बाढ़ से अबतक 85 की मौत, 27 जिलों में अभी भी 18.80 लाख लोग प्रभावित
Tue, 09 Jul 2024 11:30 AM IST
श्वेता महतो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुवाहटी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुवाहटी
Published by: श्वेता महतो
Updated Tue, 09 Jul 2024 11:30 AM IST
सार
प्रशासन ने बाढ़ पीड़ितों के लिए 25 जिलों में 543 राहत शिविरों का आयोजन किया। इन शिविरों में 3,45,500 लोग रह रहे हैं। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और एसडीआरएफ सहित कई एजेंसियों द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
विज्ञापन
असम में बाढ़
- फोटो : एएनआई
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
असम में बाढ़ की स्थिति में थोड़ा सुधार हुआ है। पिछले कुछ दिनों से राज्य में भारी बारिश के कारण 27 जिलों में बाढ़ की स्थिति पैदा हो गई थी। इस साल अबतक बाढ़, भूस्खलन और भारी बारिश के कारण जान गंवाने वालों की संख्या 85 तक पहुंच चुकी है, जिसमें सोमवार को छह लोगों की मौत भी शामिल है। फिलहाल असम की स्थिति में मामूली सुधार हुआ है, लेकिन इसके बावजूद 18.80 लाख लोग बाढ़ के पानी में रहने को मजबूर है। ब्रह्मपुत्र जैसे कुछ मुख्य नदियां अलग-अलग स्थानों पर खतरे के स्तर से ऊपर बह रही है।
असम के मौजूदा हालात पर बात करते हुए एक अधिकारी ने कहा, बाढ़ से प्रभावित 22.75 लोगों की तुलना में रविवार को 27 जिलों में 18.80 लाख प्रभावित थे। बाढ़ के कारण धुबरी बहुत ज्यादा प्रभावित हुआ है। यहां 4.75 लाख लोग बाढ़ के पानी में रहने को मजबूर है। इसके अलावा कछार में 2.01 लाख लोग और बारपेटा में 1.36 लाख लोग प्रभावित हुए हैं।
प्रशासन की तरफ से राहत शिविरों का आयोजन
प्रशासन ने बाढ़ पीड़ितों के लिए 25 जिलों में 543 राहत शिविरों का आयोजन किया। इन शिविरों में 3,45,500 लोग रह रहे हैं। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और एसडीआरएफ सहित कई एजेंसियों द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में बचाव अभियान चलाया जा रहा है। गुवाहटी में क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने कहा कि असम और आसपास के राज्यों में चक्रवात का खतरा बना हुआ है।
विज्ञापन
अगले 24 घंटों में अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर आंधी और बिजली गिरने की संभावना है। निमातीघाट, तेजपुर, गुवाहाटी और धुबरी में ब्रह्मपुत्र नदी अपने खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। खतरे के निशान को पार करने वाली नदियों में बदतीघाट में सुबनसिरी, चेनिमारी में बुरहीदिहिंग, शिवसागर में दिखौ, नंगलामुराघाट में दिसांग, धरमतुल में कोपिली, बीपी घाट पर बराक, गोलोकगंज में संकोश और करीमगंज में कुशियारा शामिल हैं। राज्य के कई इलाकों में सड़कों, पुल और अन्य बुनियादी ढांचों को नुकसान पहुंचा है।
विज्ञापन
असम के मौजूदा हालात पर बात करते हुए एक अधिकारी ने कहा, बाढ़ से प्रभावित 22.75 लोगों की तुलना में रविवार को 27 जिलों में 18.80 लाख प्रभावित थे। बाढ़ के कारण धुबरी बहुत ज्यादा प्रभावित हुआ है। यहां 4.75 लाख लोग बाढ़ के पानी में रहने को मजबूर है। इसके अलावा कछार में 2.01 लाख लोग और बारपेटा में 1.36 लाख लोग प्रभावित हुए हैं।
विज्ञापन
प्रशासन की तरफ से राहत शिविरों का आयोजन
प्रशासन ने बाढ़ पीड़ितों के लिए 25 जिलों में 543 राहत शिविरों का आयोजन किया। इन शिविरों में 3,45,500 लोग रह रहे हैं। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और एसडीआरएफ सहित कई एजेंसियों द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में बचाव अभियान चलाया जा रहा है। गुवाहटी में क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने कहा कि असम और आसपास के राज्यों में चक्रवात का खतरा बना हुआ है।
विज्ञापन
अगले 24 घंटों में अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर आंधी और बिजली गिरने की संभावना है। निमातीघाट, तेजपुर, गुवाहाटी और धुबरी में ब्रह्मपुत्र नदी अपने खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। खतरे के निशान को पार करने वाली नदियों में बदतीघाट में सुबनसिरी, चेनिमारी में बुरहीदिहिंग, शिवसागर में दिखौ, नंगलामुराघाट में दिसांग, धरमतुल में कोपिली, बीपी घाट पर बराक, गोलोकगंज में संकोश और करीमगंज में कुशियारा शामिल हैं। राज्य के कई इलाकों में सड़कों, पुल और अन्य बुनियादी ढांचों को नुकसान पहुंचा है।