वित्त मंत्री का बड़ा एलान: नौकरी खोने वालों का पीएफ 2022 तक भरेगी सरकार, ‘उभरते सितारे फंड’ लॉन्च
कोरोना के चलते रोजगार पर संकट को देखते हुए इस वर्ष का मनरेगा का बजट 60 हजार करोड़ रुपये से बढ़ाकर एक लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है। जिन लोगों की नौकरियां महामारी के चलते चली गई हैं, उनका पीएफ 2022 तक सरकार भरेगी।
विस्तार
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को बड़ा एलान किया। उन्होंने कहा कि कोरोना के चलते रोजगार पर संकट को देखते हुए इस वर्ष मनरेगा का बजट 60 हजार करोड़ रुपये से बढ़ाकर एक लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है। इसी तरह जिन लोगों की नौकरियां महामारी के चलते चली गई हैं, उनका पीएफ 2022 तक सरकार भरेगी। शनिवार को लखनऊ में ‘उभरते सितारे फंड’ लॉन्च करने के मौके पर वित्त मंत्री ने यह एलान किया।
If in a district, more than 25,000 migrant workers working in the informal sector return to their native place will get benefits from 16 Central schemes for employment. In 2020, we increased the MGNREGA budget from Rs 60,000 cr to around Rs 1 lakh cr due to COVID:Finance Minister pic.twitter.com/9azlNN24D4
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— ANI (@ANI) August 21, 2021
वित्त मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार उन लोगों के लिए 2022 तक नियोक्ता के साथ-साथ कर्मचारी के पीएफ हिस्से का भुगतान करेगी, जिन्होंने अपनी नौकरी खो दीं, लेकिन उन्हें औपचारिक क्षेत्र में छोटे पैमाने की नौकरियों में काम करने के लिए फिर से बुलाया गया है। इन इकाइयों का ईपीएफओ में पंजीकरण होने पर ही यह सुविधा दी जाएगी।
केंद्र की 16 योजनाओं में मिलेगा रोजगार
सीतारमण ने कहा कि यदि किसी जिले में औपचारिक क्षेत्र में काम करने वाले 25 हजार से ज्यादा प्रवासी श्रमिक अपने मूल शहर लौटे हैं तो उन्हें केंद्र सरकार की 16 योजनाओं में रोजगार दिया जाएगा। इसके साथ ही मनरेगा का बजट भी बढ़ाकर एक लाख करोड़ रुपये कर दिया है, जो कि 2020 में 60 हजार करोड़ रुपये था।
यह है उभरते सितारे फंड का मकसद
उत्तर प्रदेश चुनाव 2022 से पहले शुरू किए गए इस खास फंड का मकसद देश के निर्यात को बढ़ावा देना और निर्यातकों की मदद करना है। देश में छोटे और मध्यम उद्यमों (MSME) को सहारा देने के लिए और उद्यमियों और स्टार्टअप की मदद के एक फंड बनाया है, जिसे 'उभरते सितारे' नाम दिया गया है। ये फंड यह फंड एक्जिम बैंक और सिडबी द्वारा संयुक्त रूप से प्रायोजित है। यह फंड 250 करोड़ रुपये का होगा और जरूरत पड़ने पर इसे 500 करोड़ रुपये का बनाया जाएगा। सीतारमण ने 2020 में अपने बजट भाषण में कहा था कि सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (MSME) अर्थव्यवस्था के पहियों को गतिमान रखने के लिए महत्वपूर्ण हैं। ये रोजगार पैदा करते हैं, इनोवेशन करते हैं और साथ ही जोखिम भी उठाते हैं।
सालाना 500 करोड़ रुपये से कम होना चाहिए टर्नओवर
यह इंडिया एक्जिम बैंक और सिडबी द्वारा 40-40 करोड़ रुपये के अंशदान से संयुक्त रूप से प्रायोजित है। इसके लिए उन्होंने फार्मा, ऑटो पुर्जे, इंजीनियरिंग सॉल्यूशन, कृषि और सॉफ्टवेयर आदि से लगभग 100 संभावित कंपनियों की पहचान की है। यदि आप भी उभरते सितारे प्रोग्राम के तहत फंड पाना चाहते हैं, तो ध्यान रहे कि आपकी कंपनी का सालाना टर्नओवर 500 करोड़ रुपये से कम होना चाहिए।