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Tinka-Tinka Foundation: जींद जेल में महिला बंदी निभा रहीं रेडियो जॉकी की भूमिका, जानें इस खास पहल के बारे में

Fri, 14 Apr 2023 07:51 PM IST
शिव शरण शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिव शरण शुक्ला Updated Fri, 14 Apr 2023 07:51 PM IST
सार

हरियाणा के जिला जेल जींद में 1 जनवरी 2023 को  राज्य के महानिदेशक कारागार मोहम्मद अकील के मार्गदर्शन में जींद जेल के अधीक्षक संजीव कुमार और  तिनका तिनका फाउंडेशन की संस्थापक डॉ. वर्तिका नन्दा के सहयोग से जेल के बंदियों के लिए जेल रेडियो की शुरुआत की गई थी। जेल रेडियो का मकसद बंदियों को शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना, रेडियो  स्किल से जोड़ना, उनमें अवसाद की कमी लाना और उनमें सकारात्मक सोच विकसित करना है। 
 

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Female prisoner playing role of radio jockey in Jind jail, know about this special initiative
महिला बंदियों को बनाया गया रेडियो जॉकी। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

डॉ. भीमराव आंबेडकर जयंती पर जींद जेल में एक शानदार पहल की गई है। यहां तिनका तिनका फाउंडेशन द्वारा जेल रेडियो के लिए प्रशिक्षित की गईं महिला बंदियों को रेडियो जॉकी के रूप में शामिल किया गया। इसके साथ ही जेल रेडियो स्टेशन को बंदियों के लिए पूरी तरह से चालू भी कर दिया गया। तिनका तिनका फाउंडेशन की संस्थापक डॉ। वर्तिका नन्दा हैं।   

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जेल रेडियो की शुरुआत
गौरतलब है कि हरियाणा के जिला जेल जींद में 1 जनवरी 2023 को  राज्य के महानिदेशक कारागार मोहम्मद अकील के मार्गदर्शन में जींद जेल के अधीक्षक संजीव कुमार और  तिनका तिनका फाउंडेशन की संस्थापक डॉ. वर्तिका नन्दा के सहयोग से जेल के बंदियों के लिए जेल रेडियो की शुरुआत की गई थी। जेल रेडियो का मकसद बंदियों को शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना, रेडियो  स्किल से जोड़ना, उनमें अवसाद की कमी लाना और उनमें सकारात्मक सोच विकसित करना है। 
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ऑडिशन के बाद दी गई ट्रेनिंग
इस पहल के तहत तिनका तिनका फाउंडेशन की संस्थापक डॉ. वर्तिका नन्दा ने समय-समय पर जेल के बंदियों का ऑडिशन लिया। इसके बाद सात पुरुष बंदियों और चार महिला बंदियों का चयन जॉकी के रूप में किया गया। इसके बाद इन बंदियों को रेडियो जॉकी की ट्रेनिंग दी गई। इस पहल के बारे में बताते हुए जेल अधीक्षक संजीव कुमार ने बताया कि जींद जेल रेडियो अब हर रोज 3 घंटे का प्रसारण करेगा। इसमें 7 अलग-अलग तरह के कार्यक्रम होंगे। इनमें शिक्षा और संगीत से जुड़े कार्यक्रमों को विशेष तवज्जो दी जाएगी। 
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वहीं, डॉ. वर्तिका नन्दा ने कहा कि अब महिला बंदी भी रेडियो जॉकी बनेंगी और अपने अनुभव साझा करेंगी। जेल की अन्य महिला बंदी और उनके बच्चे भी इन कार्यक्रमों में हिस्सा ले सकेंगे। इन कार्यक्रमों में बंदियों को राष्ट्रीय और सामाजिक मुद्दों पर जागरूक करने पर भी जोर दिया जाएगा। इसके साथ ही देश की कला संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए भी नियमित तौर पर कार्यक्रम बनाए जाएंगे। वर्तिका नन्दा ने आगे बताया कि यह देश का इकलौता पॉडकास्ट है जो जेल सुधार के सिए समर्पित हैं।

2019 में तिनका तिनका फाउंडेशन ने आगरा जेल में भी जेल रेडियो शुरू किया था
इस मौके पर जेल रेडियो के स्टूडियो को आज बंदियों के लिए बनाए पोस्टर्स से सजाया गया था। जेल अधीक्षक संजीव कुमार ने इस दौरान डॉ. वर्तिका नन्दा का स्वागत किया। उन्होंने बताया कि हरियाणा जेल रेडियों की संकल्पना तिनका तिनका फाउंडेशन की संस्थापक डॉ. वर्तिका नन्दा ने की है। इससे पहले साल 2019 में तिनका तिनका फाउंडेशन ने जिला जेल, आगरा में जेल रेडियो स्थापित किया था। हरियाणा जेल रेडियो उन्हीं की संकल्पना पर आधारित है, इसके लिए जेल विभाग की तरफ से उन्होंने आभार भी जताया। 

हरियाणा जेल रेडियो की पृष्ठभूमि
हरियाणा में जेल रेडियो को तीन चरणों में शुरू किया गया है। पहले पहले चरण में तीन जेलों को शामिल किया गया था। इसमें जिला जेल पानीपत, जिला जेल फरीदाबाद और केंद्रीय जेल अंबाला थीं। वहीं दूसरे चरण में जिला जेल, करनाल, जिला जेल, रोहतक, जिला जेल, गुरुग्राम और केंद्रीय जेल हिसार (1) शामिल हैं। इसके बाद तीसरे चरण में पांच जेलों का चयन किया गया। इनमें जिला जेल सिरसा, सोनीपत, जींद, झज्जर और यमुनानगर हैं। हरियाणा के कारागार मंत्री रंजीत सिंह ने 16 जनवरी, 2021 को पानीपत में राज्य के पहले जेल रेडियो का उद्घाटन किया था।
 
जानें तिनका तिनका फाउंडेशन और डॉ वर्तिका नन्दा के बारे में 
तिनका तिनका जेल सुधारक और मीडिया शिक्षिका डॉ. वर्तिका नन्दा की मुहिम है, जो दिल्ली विश्वविद्यालय के लेडी श्रीराम कालेज में पत्रकारिता विभाग की प्रमुख हैं। उन्हें 2014 में भारत के राष्ट्रपति से स्त्री शक्ति पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। जेलों पर उनके काम को दो बार लिम्का बुक आफ रिकार्ड्स में जगह मिली है। जेलों पर उनके काम पर 2018 में भारत के सर्वोच्च न्यायालय द्वारा संज्ञान लिया गया था। 


 इससे पहले तिनका तिनका फाउंडेशन ने 2019 में जिला जेल, आगरा में जेल रेडियो शुरू किया था। हरियाणा में जेल रेडियो तिनका मंडल आफ प्रिजन रिफार्म्स पर आधारित है। हर साल तिनका तिनका फाउंडेशन, तिनका तिनका इंडिया अवार्ड प्रदान करके भी कैदियों और जेल कर्मचारियों को प्रोत्साहित करता है। यह भारत के इकलौते अवार्ड हैं जो बंदियों और जेल स्टाफ को उनके विशेष कामों के लिए दिए जाते हैं।

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