{"_id":"5b677a8e4f1c1b9b3e8b5683","slug":"ed-first-time-registers-money-laundering-case-on-cyber-criminals","type":"story","status":"publish","title_hn":"ईडी ने पहली बार साइबर अपराधियों पर दर्ज किया मनी लांड्रिंग का मामला ","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
ईडी ने पहली बार साइबर अपराधियों पर दर्ज किया मनी लांड्रिंग का मामला
एजेंसी, नई दिल्ली
Updated Mon, 06 Aug 2018 04:00 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
देश में पहली बार प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने साइबर अपराध मामले में मनी लांड्रिंग की शिकायत दर्ज की है। झारखंड के जामताड़ा जिले में कुल 2.49 करोड़ रुपये के मनी लांड्रिंग मामले में जामताड़ा जिले के प्रदीप मंडल, युगल मंडल और संतोष यादव को नामजद अभियुक्त बनाया गया है।
विज्ञापन
प्राथमिकी में प्रदीप मंडल पर साइबर अपराध के जरिये एक करोड़ रुपये की ठगी करने का आरोप है जबकि युगल मंडल और अन्य पर साइबर अपराध के जरिए 99 लाख रुपये की ठगी का आरोप है। वहीं तीसरी प्राथमिकी में संतोष यादव पर 50 लाख रुपये की ठगी करने का आरोप लगाया गया है।
विज्ञापन
अधिकतर मामलों में साइबर ठगी बैंक अधिकारी बनकर किया जाता है। ये अलग-अलग सिम कार्ड का इस्तेमाल कर लोगों को फोन कर खुद को बैंक और सेबी के अधिकारी बताते हैं। वैसे जामताड़ा देश में साइबर अपराध का अड्डा बन चुका है। यहां स्कूली बच्चे भी इस अपराध में शामिल बताए जाते हैं।
विज्ञापन
देश भर में कई हुए शिकार :
पुलिस का कहना है कि साजिशकर्ता का जाल झारखंड से लेकर मुंबई, पुणे, कानपुर, बंगलूरू और नोएडा तक फैला था। ये बैंक मैनेजर बनकर लोगों को फोन करते थे और उनके एटीएम कार्ड का नंबर और पिन पूछकर पैसे निकाल लेते थे।
पुलिस के मुताबिक इन तीनों व इनके सहयोगियों ने दर्जनों लोगों को चूना लगाने का काम किया है और लाखों रुपये की अवैध कमाई की है। इनके खिलाफ झारखंड के विभिन्न जिलों के अलावा नोएडा में भी मामले दर्ज हैं।