Ambedkar Row: 'डॉ. आंबेडकर और उनकी विरासत के अपमान के लिए माफी मांगे कांग्रेस', रविशंकर प्रसाद का पलटवार
आंबेडकर के मुद्दे पर सियासत तेज है। सोमवार को भाजपा ने कांग्रेस पर पलटवार किया। भाजपा नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि कांग्रेस को यह सब ड्रामा बंद करना चाहिए। कांग्रेस ने डॉ. बीआर आंबेडकर और उनकी विरासत का जो अपमान किया, उसके लिए पार्टी को बिना शर्त जनता के सामने माफी मांगनी चाहिए।
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आंबेडकर के मुद्दे पर सियासत तेज है। एक ओर जहां अमित शाह के बयान पर कांग्रेस भाजपा को घेर रही है। वहीं सोमवार को भाजपा ने कांग्रेस पर पलटवार किया। भाजपा नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि कांग्रेस को यह सब ड्रामा बंद करना चाहिए। कांग्रेस ने डॉ. बीआर आंबेडकर और उनकी विरासत का जो अपमान किया, उसके लिए पार्टी को बिना शर्त जनता के सामने माफी मांगनी चाहिए।
#WATCH | Delhi | BJP leader Ravi Shankar Prasad says, "The Congress party must tender an unconditional apology for the insult and humiliation done to Dr BR Ambedkar and his legacy." pic.twitter.com/XiLMUXfcOB
— ANI (@ANI) December 23, 2024
रविशंकर प्रसाद ने कहा कि गृह मंत्री अमित शाह के भाषण के एक टुकड़े को बिना संदर्भ के निकालकर कांग्रेस अपनी राजनीतिक हस्ती बनाने की कोशिश कर रही है। लेकिन देश की जनता सब समझती है। कांग्रेस की दाल नहीं गलने वाली है। कांग्रेस ने डॉ. आंबेडकर को कोई पद्म विभूषण, पद्मश्री नहीं दिया, लेकिन उनको चुनाव में हराने वाले काजरोलकर को 1970 में पद्म भूषण दिया। उन्होंने 15 हजार वोट से आंबेडकर को हराया था। वहां नेहरू जी भी आंबेडकर के खिलाफ प्रचार करने गए थे। कांग्रेस के खिलाफ हमारे पास सारे सबूत हैं। हम भी इसे सबको दिखाएंगे। कांग्रेस और डॉ. आंबेडकर के अपमान का काला चिट्ठा हम देश को दिखाएंगे।
भाजपा नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि आज देशभर में कांग्रेस कुछ नाटक कर रही है। आंबेडकर जी के प्रति उनमें बेहद प्यार उमड़ रहा है। हम कांग्रेस के चेहरे को बेनकाब करने आए हैं। कांग्रेस ने डॉ. आंबेडकर का हमेशा अपमान किया। उनको संविधान सभा का सदस्य नहीं बनने दिया। कांग्रेस ने डॉ. आंबेडकर को 1952 के लोकसभा चुनाव में हरवाया। डॉ. आंबेडकर को पार्टी ने मजबूर किया कि वे कानून मंत्री पद से इस्तीफा दें। उनको कांग्रेस ने भारत रत्न भी नहीं दिया। कांग्रेस ने डॉ. आंबेडकर का एक भी स्मारक नहीं बनने दिया।
भाजपा नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि डॉ. आंबेडकर को इस्तीफा देते समय सदन में बोलने नहीं दिया गया। उन्होंने खुद अपना इस्तीफा जनता के सामने पेश किया। हमारे पास उनके इस्तीफे की प्रति है। इस इस्तीफे में डॉ. आंबेडकर ने नेहरू जी पर तमाम आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा था कि मैं सबसे योग्य था, मगर मुझे एक भी ठीक सा विभाग नहीं दिया गया। उनको एक संसदीय समिति में शामिल नहीं किया गया। उनको कानून मंत्रालय में भी काम नहीं करने दिया गया।
भाजपा नेता ने कहा डॉ. आंबेडकर ने यह भी कहा था कि एससी-एसटी को सही संरक्षण नहीं दिया गया। केवल मुस्लिमों को सारी सुविधाएं दी गईं। कांग्रेस बताए कि डॉ. आंबेडकर का त्याग पत्र जनता के सामने क्यों नहीं आने दिया गया? क्योंकि अगर यह सबके सामने आता तो जवाहर लाल नेहरू की पगड़ी उछलती। डॉ. आंबेडकर देश के बंटवारे के पक्ष में नहीं थे।
रविशंकर प्रसाद ने कहा कि कांग्रेस झूठ का पुलिंदा है। कांग्रेस झूठ बोलना और नाटक करना कब बंद करेगी? कांग्रेस ने डॉ. आंबेडकर की एक स्मृति नही बनने दी। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि भाजपा मानती है कि देश को जिसने बनाने की कोशिश की, सबका सम्मान हो। हम अपने धुर विरोधियों का भी सम्मान करते हैं। कांग्रेस पार्टी किसी की इज्जत नहीं करती है। राहुल गांधी सम्मान का बैज लेकर नहीं चलते, बल्कि अपमान का बैज लेकर चलते हैं। राहुल गांधी विपक्ष के नेता हैं, उनको गंभीर होने की जरूरत है।