फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Dipsita Dhar interview She takes on the RG tax issue in the West Bengal elections

West Bengal: आरजी कर दुष्कर्म पीड़िता की मां को भाजपा के टिकट से मेरी न्याय की मांग कम नहीं होगी- दीप्सिता धर

Tue, 24 Mar 2026 12:40 PM IST
Sandhya Kumari न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला Published by: Sandhya Kumari Updated Tue, 24 Mar 2026 12:40 PM IST
सार

माकपा नेता दीप्सिता धर ने आरजी कर पीड़िता की मां के भाजपा से चुनाव लड़ने पर निराशा जताई। उन्होंने महिलाओं की सुरक्षा, न्याय, एसआईआर विवाद और बेरोजगारी जैसे मुद्दों को चुनाव का केंद्र बताया।

विज्ञापन
Dipsita Dhar interview She takes on the RG tax issue in the West Bengal elections
दिप्सिता धर ने बंगाल चुनाव पर दी प्रतिक्रिया - फोटो : दिप्सिता धर के फेसबुक से

विस्तार

 माकपा की युवा नेता दीप्सिता धर ने आरजी कर अस्पताल दुष्कर्म-हत्या पीड़िता की मां के भाजपा के टिकट पर पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव लड़ने की इच्छा पर निराशा व्यक्त की है। हालांकि, उन्होंने कहा कि चुनाव से उनका भावनात्मक जुड़ाव प्रताड़ित मेडिकल इंटर्न के लिए न्याय के मुद्दे पर केंद्रित है। कोलकाता के उत्तरी किनारे पर स्थित दमदम उत्तर सीट से 32 वर्षीय वामपंथी उम्मीदवार ने कहा कि उनका चुनावी मुद्दा राज्य की महिलाओं के लिए व्यापक लड़ाई है, जो लिंग आधारित हिंसा का शिकार होती रहती हैं। उनका विधानसभा क्षेत्र उत्तर 24 परगना जिले में पानीहाटी निर्वाचन क्षेत्र से सटा हुआ है, जहां एक साल पहले राज्य को हिला देने वाले जघन्य अपराध की पीड़िता का निवास है।

विज्ञापन

धर ने कहा कि चुनाव उन्हें 'अभया' (निर्भीक) के लिए न्याय मांगने का एक और अवसर प्रदान करता है, यह नाम राज्य के लाखों प्रदर्शनकारियों ने आरजी कर पीड़िता को दिया था। वह तृणमूल कांग्रेस की दिग्गज उम्मीदवार और मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य के खिलाफ चुनाव लड़ रही हैं। भाजपा ने अब तक पीड़िता की मां की उम्मीदवारी की पुष्टि या खंडन नहीं किया है। 

विज्ञापन

दीप्सिता धर ने पीटीआई को दिए एक साक्षात्कार में कहा, "यह मेरे लिए पहले दिन से ही एक भावनात्मक चुनाव था। क्योंकि मेरे निर्वाचन क्षेत्र के ठीक बगल में एक महिला रहती थी, एक डॉक्टर बनने की चाह रखने वाली, जिसके सपने बेरहमी से टूट गए थे। और सड़कों पर आक्रोश के बावजूद, न्याय नहीं मिला। जांच एक दिखावा थी और असली अपराधी अभी भी खुले घूम रहे हैं।" धर ने कहा कि इन चुनावों के प्रति या 'अभया' के लिए न्याय की उनकी मांग के प्रति उनकी भावनाओं में कोई बदलाव नहीं आया है, भले ही पीड़िता की मां ने भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने के अपने इरादे की घोषणा की हो। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय की छात्रा और शोधकर्ता धर ने 2021 के चुनावों में बाली से माकपा उम्मीदवार के रूप में असफल चुनाव लड़ा था।

विज्ञापन
विज्ञापन

एसआईआर और मतदाता पहचान पर सवाल

दीप्सिता धर ने दावा किया कि एसआईआर ( विशेष गहन पुनरीक्षण) ने लोगों के वास्तविक मुद्दों - घटते स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्रों, खराब नागरिक बुनियादी ढांचे, बेरोजगारी आदि  को पीछे धकेल दिया है। उन्होंने कहा, एसआईआर ने तार्किक विसंगति के नाम पर वैध मतदाताओं को हटा दिया है, विशेष रूप से मतुआ, श्रमिक वर्ग, मुसलमानों और महिलाओं जैसे कमजोर वर्गों को लक्षित किया है, जिन्हें मतदाता सूची से हटा दिया गया था। 

तृणमूल सरकार पर निशाना और सीबीआई की भूमिका

उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी ने जो भूमिका निभाने का वादा किया था, जैसे 'मेरी लाश पर एसआईआर', वह केवल खोखली बयानबाजी थी। धर ने दावा किया कि मुख्यमंत्री का सर्वोच्च न्यायालय में वकील का चोला पहनकर, एसआईआर कार्यान्वयन के खिलाफ बहस करने का दिखावा मतदाताओं में विश्वास पैदा नहीं कर पाया है। उन्होंने कहा अगर ममता बनर्जी के वे दिखावे वास्तव में काम करते, तो इतने सारे लोग इस बात को लेकर भ्रमित नहीं होते कि वे वैध नागरिक हैं या नहीं। 

माकपा की चुनावी रणनीति और राजनीतिक छाप

धर ने कहा कि उनकी पार्टी की सबसे बड़ी चुनौती पिछले चुनावों में भाजपा को कथित रूप से खोए हुए वोटों को वापस पाना और राज्य विधानसभा में अपनी राजनीतिक छाप बनाना है, जो अब शून्य हो गई है। उन्होंने कहा कि माकपा का लक्ष्य बंगाल के लोगों के लिए बेहतर भविष्य सुनिश्चित करना है, न कि व्यक्तिगत प्रतिद्वंद्विता में उलझना। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed