फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Delhi Ncr air pollution central and delhi government affidavit in Supreme Court

वायु प्रदूषण: यूपी सरकार ने कहा- पाकिस्तान से आ रही हवाओं से फैला प्रदूषण, सीजेआई बोले- तो क्या वहां के उद्योगों को बंद कर दें

Fri, 03 Dec 2021 11:05 AM IST
प्रशांत कुमार झा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्रशांत कुमार झा Updated Fri, 03 Dec 2021 11:05 AM IST
सार

सुनवाई से पहले वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने शीर्ष कोर्ट में हलफनामा दायर कर कहा है कि उन्होंने वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के अपने निर्देशों के अनुपालन की निगरानी के लिए एक इंफोर्समेंट टास्क फोर्स का गठन किया है। वहीं, दिल्ली सरकार ने अस्पतालों में निर्माण कार्यों के लिए अनुमति मांगी है। 

विज्ञापन
Delhi Ncr air pollution  central and delhi government affidavit in Supreme Court
सुप्रीम कोर्ट - फोटो : ANI

विस्तार

दिल्ली-एनसीआर में खतरनाक वायु प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद केंद्र सरकार ने टास्क फोर्स का गठन कर दिया है। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने शीर्ष कोर्ट में हलफनामा दायर कर कहा है कि उन्होंने वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के अपने निर्देशों के अनुपालन की निगरानी के लिए एक इंफोर्समेंट टास्क फोर्स का गठन किया है।

विज्ञापन


17 सदस्यीय फ्लाइंग टास्क फोर्स बनाई गई हैं। यह टास्क फोर्स हर शाम 6 बजे रिपोर्ट लेगी। केंद्र सरकार की इस पहल पर सुप्रीम कोर्ट ने संतोष जताया है। बता दें कि गुरुवार को वायु प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और दिल्ली सरकार के खिलाफ नाराजगी जताते हुए 24 घंटे के भीतर योजना बताने को कहा था। 
विज्ञापन


दिल्ली सरकार को निर्माण कार्य करने की अनुमित
वहीं, कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को लेकर दिल्ली सरकार द्वारा दायर हलफनामा को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया है। सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली सरकार को अस्पतालों में निर्माण कार्य करने की अनुमति दे दी है। मामले की अगली सुनवाई 10 दिसंबर को होगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दायर कर शहर के अस्पतालों में निर्माण कार्यों की अनुमति मांगी थी। सुप्रीम कोर्ट में दायर हलफनामे में दिल्ली सरकार ने कहा कि कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए कुछ पुराने अस्पतालों में बुनियादी ढांचे तैयार करना शुरू कर दिया था। इसके अलावा सात नए अस्पतालों का भी निर्माण कार्य चल रहा था, लेकिन प्रदूषण बढ़ने के कारण निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी गई थी। इस बीच फिर से कोरोना के नए वैरिएंट ने दहशत का माहौल बना दिया है। ऐसे में दिल्ली के अस्पतालों स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ाना जरूरी हो गया है। शीर्ष अदालत से निर्माण कार्यों की अनुमति देने का आग्रह करते हैं। 



CJI ने यूपी सरकार पर ली चुटकी
वहीं, उत्तर प्रदेश सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि उद्योगों के बंद होने से राज्य में गन्ना और दूध उद्योग प्रभावित होंगे और राज्य पीछे चला जाएगा। राज्य सरकार ने कहा कि प्रदूषित हवा ज्यादातर पाकिस्तान से आ रही है। इस पर सीजेआई एनवी रमण ने चुटकी ली। मुख्य न्यायाधीश रमण ने कहा कि तो आप पाकिस्तान में उद्योगों पर प्रतिबंध लगाना चाहते हैं!


हमें खलनायक बनाया जा रहा- सुप्रीम कोर्ट
सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने स्कूल बंद करने वाले फैसले की रिपोर्टिंग पर भी सवाल उठाए। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हमने अखबारों में देखा है कि मीडिया के कुछ वर्ग यह दिखाने की कोशिश कर रहे हैं कि हम खलनायक हैं और हम स्कूलों को बंद करना चाहते हैं। जबकि खुद दिल्ली सरकार ने कहा था कि स्कूल बंद कर रहे हैं और वर्क फ्रॉम होम शुरू कर रहे हैं, लेकिन आज के अखबार देखें तो उसमें दिखाया गया है कि गुरुवार की अदालत की सुनवाई आक्रामक लड़ाई थी और मानो अदालत प्रशासनिक कर्तव्य संभालने की धमकी दे रही है। कोर्ट ने कहा कि पता नहीं यह जानबूझकर दिखाया जा रहा है या किसी और मकसद से बताया गया है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed