फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   defence minister rajnath singh visit arunachal pradesh perform shashtra pooja tawang on dussehra

Rajnath Singh: रक्षा मंत्री ने दशहरे पर तवांग में की शस्त्र पूजा, सीमा से चीन की चौकियों पर भी डाली नजर

Tue, 24 Oct 2023 11:45 AM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तवांग
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तवांग Published by: नितिन गौतम Updated Tue, 24 Oct 2023 11:45 AM IST
सार

रक्षा मंत्री ने अरुणाचल प्रदेश के बम ला बॉर्डर से सीमा के उस पार मौजूद चीन की चौकियों का भी विश्लेषण किया। 

विज्ञापन
defence minister rajnath singh visit arunachal pradesh perform shashtra pooja tawang on dussehra
शस्त्र पूजा करते राजनाथ सिंह - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मंगलवार को अरुणाचल प्रदेश के दौरे पर तवांग पहुंचे। तवांग में रक्षा मंत्री ने दशहरे के पावन अवसर पर शस्त्रों की पूजा की। इस दौरान रक्षा मंत्री ने तवांग के युद्ध स्मारक पर पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। साथ ही रक्षा मंत्री ने अरुणाचल प्रदेश के बम ला बॉर्डर से सीमा के उस पार मौजूद चीन की चौकियों का भी विश्लेषण किया। इस दौरान सैन्य अधिकारियों ने राजनाथ सिंह को सीमा पर मौजूदा हालात की भी जानकारी दी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तवांग में 1962 युद्ध के नायक शहीद  सूबेदार जोगिंदर सिंह के स्मारक पर भी पहुंचकर उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए। 
विज्ञापन

  भारत चीन विवाद के बीच राजनाथ सिंह का दौरा अहम
दशहरे के अवसर पर अरुणाचल प्रदेश के तवांग पहुंचकर रक्षा मंत्री का शस्त्र पूजा करने की काफी अहमियत है। बता दें कि भारत और चीन के बीच बीते काफी समय से सीमा पर विवाद चल रहा है और दोनों देशों की सेनाएं आमने-सामने तैनात हैं। चीन अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है, वहीं भारत द्वारा लगातार चीन के इस दावे को खारिज किया जाता है। खासकर तवांग पर चीन का ज्यादा फोकस है। चीन के विदेश मंत्री ने बीते साल भारत के साथ तवांग को लेकर बातचीत करने की पेशकश की थी लेकिन भारत की तरफ से चीन को दो टूक कह दिया गया था कि भारत तवांग पर किसी तरह का कोई समझौता नहीं करेगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


तवांग पर कब्जा चाहता है चीन
दरअसल तवांग और यांगझी तिब्बती बौद्ध धर्म के लिए बेहद अहम हैं। तवांग तिब्बत के छठे दलाई लामा का जन्मस्थान है। तवांग का बौद्ध मठ भी तिब्बती बौद्ध धर्म के लिए बेहद  पवित्र माना जाता है। यही वजह है कि चीन तवांग को अपने कब्जे में लेकर तिब्बत पर अपने प्रभाव को मजबूत करना चाहता है लेकिन जब तक तवांग भारत का हिस्सा है, तब तक चीन के बाहर तिब्बती बौद्ध धर्म का प्रभाव रहेगा और चीन की तिब्बत पर सांस्कृतिक तौर पर कब्जे की तमन्ना पूरी नहीं हो सकेगी। 


विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed